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  • 13 years ago
तहलका के संपादक तरुण तेजपाल पर जबसे उन्ही के संस्थान की एक महिला पत्रकार ने यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया है तभी से हर ज़ुबान पर यही सवाल है की वर्क प्लेस को महिलाओं के लिए ज़्यादा से ज़्यादा महफूज़ कैसे बनाए?

लेकिन समाजवादी पार्टी के नेता नरेश अग्रवाल ने एक ऐसा बयान दिया है जिससे महिला आयोग ने स्ख्त आक्रोश जताया है उनका कहना है की तमाम बड़े अधिकारी महिलाओं को अस्सिटेंट बनाने से बचना चाह रहे है. आज का हमारा सवाल भी इसी से मिलता जुलता है की आख़िर ऐसे मुद्दे पर नेता संवेदनशील क्यों नही है? इसी मुद्दे पर देखिए हमारी ये खास पेशकश "आज का मुद्दा"

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