00:00नमस्कार आप देख रहे हैं आज तक मैं हूँ आपके साथ सो में चौधरी और बात करते हैं उस आस्मानी आफ़त की जो पूरी देश में चिंता का विश्य बनी हुई है
00:09पाड़ों पर लगातार बारिश हो रही है जिसकी वज़े से कहीं फ्लैश फ्लरड तो कहीं लैंड स्राइड आ रहे हैं लेकिन यही नहीं पानी जब मैदानों तक पहुच रहा है तो वो भी वहाँ पर तबाही मचा रहा है
00:19उत्राखन यूपी बिहार बंगाल तक बाड़ के कहर बज हुआ हुआ है प्रियागराज वारनसी भागलपूर बकसर छप्रा बाड़ की चपेट में है वहीं बारिश को लेकर मौसम में भाग लगातार अलर्ड जारी कर रहा है
00:31बात पहले दिल्ली की कर लेते हैं यमना उफान पर है और दिल्ली में धीरे धीरे यमना का जलस्तर खत्रे के निशान के करीब पहुच रहा है
00:39पिशले दो से तीन दिनों से दिली में तो बारिश नहीं हुई है लेकिन यमुना जहां जहां बहती है और दिली तक पहुशती है वहां जम कर बरसात हो रही है
00:49साथ ही यमना में क्लेशर मेल्ट का पानी भी तेजी से आ रहा है
00:53और तो और यमना की साहक नदी भी लगातार उफान पर है
00:58दिल्ली में यमना नदी का पानी लगातार अपनी लिवर पे बढ़ता जा रहा है
01:03हत्री कुण बैरास से लाखों क्यूसेक पानी छोड़े जाने के बाद अगले 72 घंटे दिल्ली पर भारी है
01:10तबी दोगों को सुचित किया जाता है यमना का जलिस्तर तेजी से बढ़ने पर है
01:18अपना वे अपने बच्चों का वे मवेशियों का ख्याल रखे और यमना से दूर रहे और सुरचित दिस्तान बर चले जाए
01:40क्या फिर सहलाब के संकट से घिरेगी दिल्ली
01:43क्या फिर दिल्ली में यमना के उफान से आएगी बाठ
01:49क्या यमना का बढ़ता जलस्तर फिर से दिल्ली को डुपोई का
01:58क्योंकि राजधानी में यमना नदी का जलस्तर तीजी से बढ़ता जा रहा है
02:02हर एक घंटे के साथ बढ़ता सैलाव नदी किनारे बसे लोगों को डरा रहा है
02:07दरसल हर्याणा के हतनी कुंड बहराज से लगतार पानी छोड़ने के बाद यमना का जलस्तर चेतावनी लेवल को पार कर गया है
02:17और अब खत्रे के निशान के करीब है
02:19गुरुवार शाम चार बजे पुरानी रेलवे पुल पर यमना नदी का जलस्तर खत्रे के निशान से 33 सेंटीमीटर कम था
02:28जबकि चेतावनी लेवल से 50 सेंटीमीटर ज़्यादा था
02:31दिल्ली में यमुना का वारिंग लेवल दो सो चार दश्मलो पांच शुन्ने मिटर है जबके खत्रे का स्तर दो सो पांच दश्मलो तीन तीन मिटर है
02:40विश्रशक्यों की माने तो अगले 72 घंटों में हत्री कुंड से छोड़ा गया पानी दिल्ली पहुँचेगा
02:50ऐसे में प्रशासन ने निचले इलाके यमना बाजार, कश्मेरी गेट, वजिराबाद में रहने वालों को सतरक रहने और उचे स्थानों पर जाने की अपील की है
02:59तबी दोगों को सुचित किया जाता है यमना का जलिश्तर तेजी से बढ़ने पर है
03:05सबसे ज़्यादा असर कालिंदी कुझ घाट पर दिखा जा रहा है
03:21यह यमना इस साल के अपने सबसे उचे स्थर पर बहती नज़र आई
03:26घाट पर मौजूद मेट्रोपिलर का चबुतरा जो कुछ दिन पहले तक सूखा था
03:30अब पूरी तरह पानी में डूप चुका है जब उना किनारे रखी नावों तक भी पानी पहुच गया है
03:37हम आपको कालिंदी कुझ घाट पर यमना की तस्वीरे आप देख सकते हैं
03:42तस्वीरों में किस कदर यहां पर पानी जो बढ़ा है उसका असर जो है यहां पर होता हुआ आपको नजर आएगा
03:48दो दिन पहले भी हम आपको यहां के तस्वीरे दिखाये थे आप देख सकते हैं जो नाव जहां रखा हुआ है
03:53वो सूखा जगा था और लेकिन आज यहां पर पानी पहुचा हुआ और देख सकते हैं लहरे किस तेजी में आकर के किनारों से टकरा रहे हैं
04:01यह काफी तेज बहाव यमना में आपको नजर आएगा
04:04यमना के जलस्तर में बढ़ोतरी को देखते हुए प्रशासन निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित जगह पर जाने को काहा है
04:15साथी राहत और बचाव के लिए रस्क्यू टीमों को भी अलर्ट पर रखा किया है
04:20आज तक पिरो
04:21उत्तर परदेश में कई राकों में बाड का कहर जारी है
04:27इसमें सबसे ज़्यादा परवावेत राका प्रियागराज है
04:30इसके बाद वारनसी में भी हालाद बत्तर होते दिख रहे हैं
04:34बाड के पानी ने वारनसी की तंग गलियों से लेकर चोड़े घाटों तक को अपनी चपेट में ले लिया है
04:41वारनसी में गंगा और वर्णा के बड़े जलस्तर से बाड के हालाद पैदा हो गए
04:45लोग परिशान हैं ऐसे में बाड से परिशान लोगों से हमारे सहयोगी ने ग्राउंड पर बात की और जाना की उनकी मुश्किले कैसी है
05:04इन दिनों धर्म और आस्था की नगरी वारनसी गंगा की लहरों के उफान से जूज रही है
05:10पीते कई दिनों से गंगा तो खत्रे के निशान के उपर बैह ही रही है साथ ही गंगा की सहायक नदी वरुना भी उफान पर है
05:17जिसके कारण दरजन और बस्तियों में बाड का पानी हाहा कार मचा रहा है
05:22इस बीच वारनसी से बाड पीडितों के लिए राहत भरी खवर सामने आई है
05:30कि गंगा के जलस्तर में मामुली गिरावट दर्ज की गई है
05:33तिरसल दाजा जानकारी के अनुसार वारनसी में गंगा का जलस्तर अब कम होने लगा है
05:38लेकिन खत्रा अभी टला नहीं है
05:40ऐसा इसलिए क्योंकि गंगा अभी भी खत्रे के निशान से लगभग 90 सेंटीमीटर उपर ही है
05:46और घटाओ केवल 2 सेंटीमीटर प्रती घंटे का ही दर्ज हो रहा है
05:50जन जीवन अभी अस्त व्यस्त है
05:52लोगों की मुश्किने कम होने का नाम नहीं ले रही
05:55शहर में अभी गंगा का पानी सडको पर है
05:58जिससे घाट किनारे रहने वाले उपर इसकी सीधी मार पड़ी है
06:02शिवनगरी वारानसी में जब भी गंगा का जलस्तर बढ़ता है
06:13तो उसका सीधा असर वारा नसी में उसकी सहायक नदी वरुना पर भी पड़ता है
06:17जिससे वरुना किनारे की दरजनों गरीब बस्तियों में बाड आ जाती है
06:21और सैंक्डों मकान को अपने आगउश में ले लेती है
06:24जिससे वहां रहने वाले हजारों लोग बाड पर भावित हो जाते हैं
06:28ऐसा ही कुछाल फिलाल वरुना किनारे की गरीब बस्ती शैल पुत्री अमरपूर मढिया का देखने को मिला
06:34जहां कोई महिला माथे पर हाथ रखकर चिंता कर रही है
06:37तो कोई बुजर्ग दमपती टक-टकी लगाय हुए है कि जब कभी पानी कम हो तो वे वापस अपने आशियाने में लोटे
06:45वरुना किनारे की गरीब बाड प्रभावित वस्ती शैल पुत्री अमरपूर मढिया में जब जमीनी हकीकत का जायजा लिया गया
06:54तो हैरान करने वाली तस्वीरे सामने आई कहीं बाड के पानी में से कमर तक डूप कर शव्यातरी शव्यात्रा निकाल रहे थे तो वहीं कोई रोजी-रोची कमाने के लिए बाड के पानी से होकर गोलगप्पे की सगड़ी लेकर निकलते हुए दिखाई दिया
07:09वारांसी में बाड का सितम कम होने का नाम नहीं ले रहा है भले ही गंगा का जलिस्तर इस्तिर होने के बाद घटाओ की ओर है इसको लेकर जो तमाम बाड रहा सिविर बनाए गहे हैं उनकी इस्तिती काफी दैनी नजर आ रही है इस समय वारांसी के धिलवरिया इलाका के ठीक क
07:39जो बाल राहात सिविर में लोग इस समय मौजूद हैं, बाल प्रभावित लोग मौजूद हैं कि इनके खुद के द्वारा ये लगाए गए टेंट हैं और यहां पर दूर वबस्थाओं का अमबार है, न बिजली है, न पानी है और नहीं खाना जो इनको दिया जा रहा है, ऐ
08:09चेतर के डूब इलाके के ये लोग रहने वाल हैं, क्या नाम है आपका? बविता के स्री क्या भी समस्या आप लोगो आ रही है, घर में कहां तक पानी है? अभी हमारे पूरा डूबान है, पूरी डूबान है अभी तक, वेवस्था कोई धंका नहीं है यहां पर, देखी हम �
08:39तो उसी तरह बैठे रहेंगे मोंबती जला करके अने उसी तरह अपना रहेंगे, हम लोग क्या करेंगे? पीने के लिए पानी बगरा मिला? पीने के आएगा नहीं आएगा, कोई ठीक है, लाइट है तो पानी मिलेगा, नहीं तो नहीं मिलेगा, वो इससे भी वहां से बंद
09:09खाना की साथ पानी नहीं आ रहा है, वो तर में भरकर, उससे बाज इसके घर छोड़ बच्चे वो दूद और कहां स्पीएंगे, दस वारे दूस से बच्चे को पिला खिला देंगे, छोड़ श्वा बच्चा जिंके बच्चा लाओ से कोई पना उससे कोई हो जाएगा, ए
09:39संगम नगरी प्यागराज में आम जन जीवन प्रहावित हो रहा है, बाड के कारण जहां भी हालात भयानक हो गए है, लोगों के घरों में पानी भर चुका है, आपको ये रिपोर्ट दिखाते हैं
10:09प्रयागराज में गंगा और यमुना का कहर दिख रहा है, पिछले 24 घंटे में जलस्तर थोड़ा रुका जरूर है, लेकिन मुसीबत बिलकुल भी कम नहीं हुई है, शेहर में गंगा और यमुना है, लेकिन प्रयागराज के ग्रामीन इलाके में छोटी नदियों ने भी कह
10:39है, हलाकि जो राहत की बात है कि अब पानी घटने लगा है, लेकिन अभी भी जो संपर्क मार के बर है, पानी जमा हुआ है, और लोग परिशान है, टेम्स में बार की वजए से कर्चना में सबसे जादा प्रभावित गाओं में हदसरा, पनाशा, देहली भागेसर, बसही औ
11:09से राहत समग्री पहुचाई जा रही है, स्थानिय स्तर पर राहत पहुचाने का भी काम हो रहा है
11:39बार पेड़ोतों को राहत पहुचाने के लिए सीम योगी ने मंतरियों और प्रतिनियों की टीम को मैदान में उतार दिया है
12:02प्रशासन की टीम भी लगातार नाव से गाओं में जाकर सहाईता पहुचाने की कोशिश कर रही है
12:07गंगा यमुना का पानी शहर के निचले इलाकों को डुबा चुका है
12:13मेला छेतर से लेकर घाट, शमशान, मंदर, आश्रम सभी जलमगन हो चुके है
12:18लेकिन इस संकट की घड़ी में भी एक मठ ऐसा है जो डूब कर भी दिकाने
12:23संगम छेतर के पास देवरहा बाबा का आश्रम पानी में डूबा हुआ है
12:28लेकिन देवरहा बाबा अखंड दीप आज भी प्रजोलेत है
12:32उनके भक्त इस वीपरीत परिस्थितियों में भी टावर पर चड़कर दीपदान करते थे
12:37शद्धालों की माने तो पिछले 15 साल से यहां अखंड जोती प्रजोलित है
12:41आज तक दियरो
12:43अब बाद बिहार की भी कर लेते हैं
12:47बिहार में भी गंगा नदी ने एक बार फिर से रौद रूप दिखाना अपना शुरू कर दिया है
12:51भागलपूर और मुंगेर में जिरे बाड और कटाव की दोरी मार जेल रही है
12:56गंगा के बढ़ते जलस्तर से दरजनों गाओं में पानी भर गया है
12:59कई लागों का संपर भी तूट चुका है
13:01बिहार से आपको रिपोर्ट दिखाते है
13:21यह बिहार का चुपरा है
13:26यहां सर्यू नदी उफान पर है
13:28पहाड़ों पर हो रही मसलाधार बारिश का असर
13:31नदीों में सहलाब बनकर दिख रहा है
13:33चुपरा में अचानक सर्यू नदी में इतना पानी आ गया है
13:39कि कई महले बस्तियां डूबने लगी है
13:41गाउं के गाउं सर्यू नदी के चपेट में है
13:44यह चुपरा शहर का रोजा महला है
13:47जो सर्यू नदी के चपेट में आ गया है
13:49शहर का यह स्कूल पूरी तरह से पानी में डूब गया है
14:11स्कूल का ग्राउंड फ्लो डूब गया है
14:14क्लास्रूम के अंदर चार से पाँच फीट तक पानी भरा है
14:18एहतियातन स्कूल को बंद करना पड़ा
14:20यह बिहार का बकसर है
14:22और सामने जो इमारत दिख रही है वो पुलिस स्ट्रेशन है
14:26गंगा की चपेट में बकसर का ओपी थाना भी आ गया
14:29थाने के चारू तरफ गंगा का पानी आ गया है
14:31जिसके वज़े से पुलिस कर्मियों को थाने में काम करने में परिशानी हो रही है
14:35बकसर के इस थाने के बाहर बाजारू में भी इसी तरह के हाला दिखे
14:39सड़क पर खड़ी गाड़ियां पानी में डूब गई
14:42और ये मुंगेर की तस्वीरे हैं
14:55यहां भी गंगा कहर बरपा रही है
14:57मुंगेर के सदर, जमालपूर, बर्यारपूर समेत कई प्रखंड बाढ़ की चपेट में है
15:02गंगा का पानी ग्रामनी राकों के साथ-साथ शहरे खित्रों में भी प्रवीश करने लगा है
15:08मुंगेर से बेगु सराय और खड़िया को जोडने वाली लिंक रोड भी पानी में डूब गई है
15:13इस लिंक रोड पर कुछ जगों पर दो से तीन फिट तक पानी आ गया है
15:17आज तक जोड़ी और अब बात उत्रा खंड की भी कर लेते हैं जहां पर धराली में तबाही के बाद अब रेस्क्यू आपरेशन जा रही है
15:29लेकिन तबाही की तस्वीरे जो सामने आई है वो देखकर कोई भी काप उठेगा
15:47चार अगस्त की रात इस गाउमें शद्धा भक्ति का उत्सव था भक्ति पूजन था
15:53पांच अगस्त के दो पहर में ये धराली गाउम मंदिर में लगे मेले में जुटा था
15:57और उधर पहाड़ी से महाविनाश ने ऐसी दस्तक दी कि पूरा गाउम मलवे के नीचे समा गया
16:03अब उसी मलवे में से एक-एक जिंदगी खोजने की जद्धो जहद चल रही है
16:07पांच अगस्त क आवाद धराली में अब बस मलवे नज़र आते हैं
16:22धराली में अब यही नज़र आता है
16:28कहीं टूटे मकान, मलवे में दवी बहुमंजिला इमारत
16:32उन इमारतों में से ढूंढूट कर बुज़र्ग महिलाओं को पीट पर लेकर सुरक्षि जगों पर ले जाते जवान
16:37कहीं सेना, ITBP और NDRF, SDRF के जवान रास्ता बनाने की कोशिश कर रहे हैं
16:45कहीं संचार के सुईधा बाहल करने की जद्दो जहर में जुटे हैं
16:48हम सबसे पहले यहां धराली पहुंचे हैं जहां पर पांच अगस की भीशन आपदा के बाद सब कुछ तहश नहस हो गया
17:01यहां पर करीब देर सो मकान दुकाने और रिजॉर्ट थे जो अब इस कई फीट गहरे मलवे के नीचे दब चुके हैं
17:10कुछ भी आपर बचा नहीं है और यह जो सहरा आप देखने हैं धराली बजार है पूरा गाउं खतम हो गया है और चाट से साथ लोग अन्मानित टैजॉल्टी हम मान रहे हैं ज्यादा भी बढ़ सकती है मैं यहीं पर हूँ और यह जहां पर आप खड़े हैं यह हमारा होट
17:40जो गाड आती है यह कई बार पहले भी आ चुकी है तो हमें एक सिंग्नल रहता कि यह जो सीटी मारते हैं तो हमें आबास हो जाता कि कुछ में कुछ खत्रा हो गया है फिर जब हम दोनों भाई ने इसके उपर देखा कि खत्रा है कुछ बाढ़ का तो हम दोनों गाई ने ज�
18:10बार थे वो भी खत्म हो गए बहुत सारे लोग उताकी लोग ऐसे हैं जो जिनका रहने की व्यास्तानी है यह घराली गाओं अबादना का ही गाओं है जो गंगोत्री जाने वाले तियात्रों के लिए एक बड़ा केंद्र है बड़ी संक्या हालां कि अगस्त के महने में बरस
18:40क्या संका जताई जा रही है नौ अस्थानिय लोग यहां पर मिसिंग है उसके अलावा अभी तक एक डेड़ बोडी जहां पर मिली है
18:49एक तरफ महाविनाश की वो यादे हैं जो यहां के लोग दुनिया को बताना चाहते हैं दूसरी तरफ वो खामोश कोशिशे हैं जो इस महाविनाश में आज की दीपक जलाती है
19:00हम आपको यहां की एक्स्कूसिब तस्वीरें दिखा रहे हैं यहां पर जो रहात पर बचाओं का गान जिए जस्तर पर सेना चला रही है बाकि अजिंशियों के साथ चाहें एंडिया रपो एसडिया रपो लोकल कुश्रेशन और इस बड़ रहात पर बचाओं का गान चल �
19:30करता करें दो कि और अजिया रहा है हमने तकरीवन सौ लोगों को यहां से इवैकवेट किया है कुछ उसमें इंजर थे जिनको अमने फॉर्स्टेट प्रॉइड किया है अपने माई रूम में और उनको यहां थे जिनका घर और आश्रेट हैं था उनको हमने हर्शिल में हमार
20:00आपदा के बाद ध्राली में पहली प्रात्मिक्ता आवाजाही का रास्ता बनाने की है
20:06सेना और राहत बचाव टीम के जवान भागी रती पर आवाजाही के लिए जगह जगह वो उपाई कर रहे हैं
20:12क्या प्यारी इसे हम लोगों को रेस्क्यू करने में बहुत ज़्यादा दिक्कत आती इसलिए हमारे जवान है
20:29जो कि हमारी एक उपर पोश्ट निलोंग वहां से ये लोहे के आईरन एंगल लेकर आए हैं
20:33जिससे हम एक मजबूद बृज बना सकें जिससे यहां के आम पब्लिक आम सिबिलिन को धराली से मुखवा के तरब निकाल के हर्शिव के तरब इनको ले जाए जाए हैं
20:40धराली आपदा के कारण उपर गंगोत्री से लेकर धराली तक तीर्थ यात्री भी फसे हैं
20:46वो भी धराली पैदल पहुंच रहे हैं ताकि वहां से आगे भेजे जा सकें
21:16तरकाशी पहुंचेंगे तो बड़ी संख्या में ये गुजरात और दूसरे लाकों की यात्री हैं जो अपनी यात्रा चार धाम की यात्रा पर निकले थे लेकिन इस आपदा के वजह से इन्हें परिशानी जेलनी पड़ी लेकिन अब ये वापस अपने घरों की तरफ जा रह
21:46मंजीत नेगी धराली आज तक