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  • 10 months ago
200 Million Ship! How 10,000 Workers Build This - Your source for the latest movie trailers, sports highlights, and trending entertainment videos. Watch, enjoy, and stay updated with new uploads daily!

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00:00ये six story building कोई factory या workshop नहीं बलके ये है दुनिया की सबसे बड़ी LNG बेस्ट container ship का engine
00:08ये अंदर से इतना बड़ा है कि इसके अंदर workers आसानी से घूम भी सकते हैं
00:14ये engine drive देता है एक ऐसे propeller को जिसकी उन्चाई एक double story घर जितनी है
00:20और जाहिर है जब ये रहा ही container ship का engine तो इसमें fuel भी बहुत ज्यादा पड़ता होगा
00:26पर आखिर कितना एक दो लाक लिटर्स तो ये सिर्फ starting में ही पी जाता है
00:31हैरत अंगेस तोर पे इसके fuel tank के अंदर छे olympic size के swimming pools फिट आ सकते हैं
00:38और इसमें fuel डलता है दो करूर लिटर liquefied natural gas
00:43आज आप एक ऐसे mega project की construction के बारे में जानेंगे
00:47जिसने literally इंसानी engineering की हदों को बाकाइदा जिंजोरा है
00:51Zen TV की वीडियोज में एक बार फिर से खुशाम दीद
00:55नाजरीन 21 सदी चल रही है लेकिन international trade का 90% समान आज भी समंदर के जरीए ही transport होता है
01:03फिर चाहे वो सुई जैसी चोटी सी चोटी चीज हो या फिर बड़ी से बड़ी गाड़ी
01:08इस बात का अंदाजा आप इस बात से लगाएं कि फलाइट रड़ार के मताबक हर वक्त आसमान में 15 से 20 हजार हवाई जहाज होते हैं
01:17और अगर मेरीन ट्रैफिक का जाइजा लिया जाए तो इस वक्त जब ये वीडियो बन रही है
01:21पूरी दुनिया में हैरतंगे स्टॉर पर 3,8,000 कारगो शिप्स सफर कर रही है
01:27इन कारगो शिप्स की साइज की बात की जाए तो हम इनसान औरेड़ी बड़ी से बड़ी शिप्स भी बना चुके हैं
01:34इनसे भी बड़ी शिप्स बनाई तो जा सकती हैं लेकिन फिर वो मेजर केनाल्ज जैसा के सुईज और पेनामा केनाल्ज से गुजर नहीं सकेंगी
01:42लहाजा अब कॉम्पटिशन बड़ी शिप्स बनाने का नहीं बलके ज्यादा से ज्यादा फ्यूल एफिशन्ट शिप्स बनाने का है
01:49और ऐसा ही कुछ किया फ्रेंच शिपिंग कमपनी CMA CGM ने
01:54वो दुनिया की सबसे बड़ी एको फ्रेंडली शिप बनाना चाहते थे जो डीजल या HSFO जैसे फ्यूल पर नहीं बलके LNG पर चलेगी
02:03यानि नेचरल गैस का लिक्विड फॉर्म
02:06400 मीटर्स लंबी इस शिप की लंबाई इतनी ही है अगर चार फुटबॉल फील्ड को लाइन में लगा लिया जाए
02:13इसकी चौड़ाई 61 मीटर्स और उन्चाई कुत्ब मिनार से भी उन्ची
02:18इस शिप का टोटल वजन 7 आईफल टावर्स या 11,500 अफरीकन हाथियों के बरावर है
02:24यानि 70,000 टन और वो भी बिना किसी कंटेनर्स के
02:29इस शिप में टोटल 23,112 कंटेनर्स फिट आ सकते हैं
02:34इनकी वुसरत का तसवर इस बात से लगा ले
02:37कि अगर इन कंटेनर्स को एक लाइन में रखा जाए
02:40तो ये 1,500 किलो मिटर की लंबी कतार बन जाएगी
02:43लेकिन असल चैलेंज इस भारी भरकम शिप को सिर्फ बनाने का ही नहीं था
02:48बलके CMA CGM को ऐसी 9 शिप्स बनानी थी
02:52वो भी सिर्फ 2 सालों की कम मुद्द में
02:55इस काम के लिए हॉंग कॉंग के एक शिप याड को चुना गया
02:58जो 4 किलो मिटर्स लंबा है
03:00और एक छोटे शहर का मनजर पेश करता है
03:03यहां दुनिया भर से आए 6,000 वरकर्स दिन रात काम करते हैं
03:08और हर किसी को अपना अलग-अलग टास्क दिया जाता है
03:11पर सवाल यह है कि जहां नॉर्मली 18 महीनों में एक शिप तयार होती है
03:16वहीं दो सालों में 9 शिप कैसे बनाई जाएंगी
03:20इसका सीधा सादा जवाब है कि शिप को टुकडों टुकडों में बनाया जाएगा
03:25जिन्हें ब्लॉक्स कहते हैं
03:27शिप की फाउंडेशन स्टील की शीट्स होती है ताके इन पर जंग ना लग सके
03:31एक शिप के लिए 12,660 स्टील शीट्स की जरूरत थी
03:36इन शीट्स को एक खास लेजर भीम से काटा गया जिसकी गरमाईश 18,000 डिगरी सेलसियस थी
03:42यानि सूरज के सर्फिस टेंपरेचर से 3 टाइम्स ज्यादा
03:46ये लेजर भीम स्टील को ऐसे काटती है जैसे चुरी को मक्षन
03:50एक शिप के लिए कुल 880 किलो मिटर्स लंबी स्टील की पटियां काटी गई
03:55फिर इन शीट्स को जोड़ कर ब्लॉक बनाए गए
03:58ये ब्लॉक्स एक कमरे की साइज से लेकर कई मनजिला बिल्डिंग्स जितने भी उंचे हो सकते हैं
04:04और कमाल तो इस बात में है कि इन ब्लॉक्स में पाइप, वाइरिंग और दीगर फिटिंग्स पहले से स्टॉल की गई है
04:11ये बहरी जहाज का पिछला हिस्सा है जो पाँच ब्लॉक्स को मिला कर बनाया गया है
04:16इसका वजन 790 टन यानि दो ट्रेन एंजिन्स के बराबर है
04:21इस हिसे को सिर्फ लिफ्ट करने के लिए ही दो जाइंट क्रेंस का इस्तमाल किया गया
04:26इसे इंतहाई बारीक बीनी से जहाज के पहले से मौझूद धांचे पर रखा गया
04:32और याद रहे एक मिली मीटर की भी गलती कई महीनों की महनत पर पानी फेर सकती है
04:37एक बार जब ब्लॉक्स अपनी जगा पर आ गए तो अब बारी आती है वेल्डिंग के एक ना खतम होने वाले सिल्चले की
04:44हैरतंगेस तोर पर एक बहरी जहाज पर टोटल बारा सो पचास किलो मिटर्स लंबी वेल्डिंग की गई
04:51यानि इस वेल्डिंग को अगर एक लाइन में बिचाया जाए तो ये कराची से शुरू होकर लाहोर पर खतम होगी
04:58वेल्डिंग के बाद हर एक टांके को बारीक बीनी से चक किया गया क्योंके समंदर की बेरहम लहरें जरा सी भी कमजोरी माफ नहीं करती
05:07यहां तक तो सिर्फ हल और ब्लॉक्स बनाने की कहानी थी
05:11असल कमाल इसके एंजिन में है
05:13यह जहाज ट्रेडिशनल ओयल्ज और डीजल फ्यूल पर नहीं चलेगा
05:17यह LNG यानि लिक्विफाइड नेचरल कैस पर चलने के लिए डिजाइन किया गया है
05:22यह एक बहुत बड़ी महुलियाती जीद है
05:25क्योंके LNG तेल के मुकाबले में 99% कम सलफर डायॉकसाइड
05:3091% कम एर पॉल्यूशन और 20% कम कार्बन डायॉकसाइड रिलीज करती है
05:37यह समंदरी सफर को साफ सुतरा बनाने की तरफ एक बहुत बड़ा कदम है
05:42लेकिन अगर CMA CGM को शिपिंग इंडस्ट्री में ये इनकलाब लाना है
05:47तो उन्हें कीमत भी भारी चुकानी पड़ेगी
05:49यहां सबसे बड़ा मसला था LNG को लिक्विड फॉर्म में स्टोर करने का
05:55यानि एक ऐसा फ्यूल टैंक जिसमें LNG माइनस 161 डिगरी सेलसियस तक ठंडी ही रहे
06:01अगर ये गरम हुई या फ्यूल टैंक की इंसुलेशन अच्छी नहीं हुई
06:05तो LNG गैस बनकर फैल जाएगी और फिर खेल खतम
06:10इस बहरी जहाज को एशिया से यॉरप तक का लंबा सफर बगएर री फ्यूलिंग के तैय करना है
06:16इसके लिए जरूरी है कि इसमें LNG फ्यूल टैंक भी बहुत बड़ा बनाया जाए
06:21पर आखिर कितना बड़ा
06:23हैरानकुन तोर पे ये तारीख का सबसे बड़ा LNG फ्यूल टैंक है
06:28जिसका वॉल्यूम 18,000 क्यूबिक मीटर्स है
06:31ये अंदर से इतना बड़ा है कि इसमें 6 ओलंपिक स्विमिंग पूल्स भी फिट आ सकते है
06:36कुल मिला कर इसमें करीब 2 करोड लिटर्स LNG भरी जा सकती है
06:41लेकिन असल चैलेंज शिप के अंदर इतना बड़ा फ्यूल टैंक बनाना नहीं
06:46बलके इस फ्यूल टैंक को गर्मी से बचाना है
06:49ये ऐसे ही है जैसे शिप के अंदर 6 स्विमिंग पूल्स जतना बड़ा एक जाएंट थर्मोस बनाया जाए
06:55कमपनी को ये फ्यूल टैंक बनाने में करीब 9 महीने लगे
06:59टैंक की दिवारों पर इंसुलेटिंग माटीरियल्स की कई लेर्स चड़ाई गएं जो टैंक को बाहर की गर्मी से बचाती है
07:06इसके बाद आता है सबसे एहम मरहला लीक टेस्टिंग
07:10क्योंके इस टैंक का एर टाइड होना बहुत जरूरी है इसके लिए वरकर्ज ने एक सिंपल तरीका इस्तमाल किया
07:17जॉइंट्स पर साबन का पानी लगाया गया और फिर एक ग्लास कंटेनर रख कर कंप्रेसर की मदद से उसके अंदर की सारी हवा को निकाल दिया गया
07:26अगर जोड वीक होगा तो वेक्यूम की वज़ा से बाहर की हवा उसमे से पास होगी और बबल्स बनते दिख जाएंगे इस तरहां जो जॉइंट्स लीक थे उनको आइडन्टिफाय करके दुबारा रिपेर किया गया
07:39लीक टेस्ट के बाद इसके उपर इंसूलेशन की आखरी लेर चड़ाई गई ये महज 1.2 मिली मिटर पतली स्टील की एक खास मेंबरेन होती है जब माइनस 161 डिगरीज की ठंडी एलेंजी इस से टकराती है तो स्टील शिरिंक होता है
07:56ये एक वेवी डिजाइन स्टील को टूटे बगएर सुकडने और फैलने की इजासत देता है और आपको ये बात जानकर हैरत होगी कि ये टेकनोलोजी स्पेस स्टेशन में भी इस्तमाल होती है आखरकार आठ महीनों की महनत के बाद ये टेकनोलोजी का शाहकार दुनिया का
08:26यानि छे स्टोरी बिल्डिंग्स जतना बड़ा है दो हजार टन से भी ज्यादा वजनी ये एंजिन 85,000 होर्स पार प्रोड्यूस करता है ये इतना बड़ा है कि मिंटेनेंस स्टाफ इसके अंदर घूम भी सकता है इस एंजिन को शिप यार्ड तक लाना भी अपने आप में
08:56इस अकेली क्रैंक शाफ्ट का वजन ही 220 टन है जिसको ट्रांसपोर्ट करने के लिए 140 पैयों वाले एक खास रिमोट कंट्रोल प्लेटफॉर्म का इस्तमाल किया गया और फिर मिली मीटर की एकुरिसी से इसे इस्टॉल किया गया इस एंजिन में एक मीटर डाया मीटर के 12 प
09:26किया गया प्रोपेलर 92 टन वजनी है और इसकी उंचाई 10 मीटर या 33 फीट तक है एंजिन की पावर इस प्रोपेलर तक एक प्रोपेलर शाफ्ट के जरिये ट्रांसफर होगी इस प्रोपेलर शाफ्ट का बिलकुल सीधा होना बहुत जरूरी है क्योंकि अगर इसमें थोड़
09:56निकालने पर पता चलता है कि शाफ्ट का कौन सा हिसा प्रोपेलर की इनर सर्फेस से टच हुआ है ये टेस्ट इंजिनियरिंग टीम्स को वो जगा दिखाता है जहां कॉंटेक्ट नहीं हुआ और जहां ज्यादा प्रेशर पड़ा है और फिर उस हिसाब से इसमें रदो ब�
10:26उखा जाता है और रफ सर्फेस की वज़ा से फ्यूल कंजमशन बढ़ जाती है इसलिए इस पर एक स्पेशल पेंट किया गया एक शिप पर करीब 10 लाक लिटर्स पेंट इस्तमाल हुआ है और टोटल एरिया था 9 लाक 50 हजार स्कॉयर मिटर्स यानि असान अलफाज में वे�
10:56मिलकर इसे कंट्रोल करते हैं 400 मीटर्स लंबे इस बहरी जहाज में चारों तरफ स्मार्ट आइज नामी सिस्टम लगाया गया है जो कैप्टन को ब्रिज पर बैठे बैठे 360 व्यू दिखाता है आखरकार डेड़ साल की अन्थक मेहनत के बाद पहला जहाज जैक सादे तयार
11:26इस्टम्स को भी टेस्ट किया गया साथ साथ इस दोरान पूरे स्ट्रक्चर की लीकेजिस भी चेक की गई और सबसे एहम चीज इसका एंकर भी डिपलॉय करके चेक किया गया इस जायंट बीस्ट का एंकर तो एंकर उसकी जंजीर का सिर्फ एक लिंक ही 300 केजी वजनी है और
11:56आखिर कार हकीकत बन बैठा शिप यार्ड ने वक्त के खिलाफ दोर जीत ली एक के बाद एक ऐसी 9 कंटेनर शिप्स रिकॉर्ड मुदत में तयार कर दी गई ये कहानी स्टील के इस पहार को बनाने की नहीं बलके ये हजारों वरकर्स की जहानत और दिन रात मेहनत की कहानी ह
12:26हैं कि अगर इनसान कुछ करने की ठान ले तो वो स्टील के पहाडों को भी बेरहम समंदरों में भी हरकत दे सकता है उमीद है जैम टीवी की ये वीडियो भी आप लोग भरपूर लाइक और शेयर करेंगे आप लोगों के प्यार भरे कॉमेंट्स का बेहद शुक्रिया मिलत

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