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00:08प्रिशा को अच्छी तरह जानती हो फिर भी ऐसी बातें करती हो
00:12जब तक वरिशा की अपनी मर्दी ना हो ना आप उससे कोई बात मनवा नहीं सकते
00:21तुम मेरा दर्द क्यों नहीं समझते में हूँ
00:24मैं उसकी सगी मा हूँ
00:26और वो मुझे अपने साथ मुखलिस नहीं समझती
00:31उसे लगता है कि मैं उसका बला ही नहीं चाहती
00:36और तुम्हारे बारे में उसके ख्यालात बिलकुल मुख्तलिफ है
00:42हुदर कहते हैं कि बेटी जब जवान हो जाए ना
00:45तो मा को बेटी की दोस बन जाना चाहिए
00:49तुम उसकी दोस बन जाओ
00:51उसकी दो बाते मानो
00:53वो तुम्हारी चार बाते मानेगी
00:57फैर ये बाते छोड़ो
01:00तुम मुझे ये बताओ
01:01कि वरीशा के दिमाग से
01:04हमजा को निकाल कर वहाज को कैसे बसाया जाए
01:07वो जिस तरह महां से आई है
01:09शिफा ने तो बहुत ड्रामा खड़ा किया होगा
01:13और वहाज तो बच्पन से ही
01:15शिफा की कीची हुई लकीर के पीचे चलता है
01:19कैसे होगा सब
01:20तुम्हारे सवाल में ही तुम्हारा जवाब छुपाऊ है
01:25अब देखना
01:28वरिशा कैसे शिफा पर अपनी जान चिड़कती हुई
01:33अब मैं वरिशा के दिल में वहाज को नहीं बसाओंगा
01:36बलके शिफा खुद वहाज के दिल में वरिशा को जगा दे
01:44महक
01:46मुझे तो तुम जानती हो
01:49है ना
01:56है
02:05और कि देम्हार खुद का फ्लिफ
02:12जानती है
02:16करे घ्ली जानती है
02:19म гру olhos, औरी जानती है
02:20का नानती है
02:22सब्सक्राइब दुख नो है?
02:33तरह नहीं क्यों बार बार मेरे कॉल कट कर लिये है यह लडगी?
02:45हलो?
02:46हलो?
02:47Marisha?
02:47एमन क्या प्रॉब्लम है इत्मी सुभा सुभा तुम कॉल्स किये जा रहे हो एक बंदा नहीं उठारा तो सो रहोगा
02:53ना
02:55वरीशा हम्जा मुझे सुभा सुभा सुभा सुभा के पारे में कोई बात नहीं करनी मेरे लिए वो मर चुका है
02:59बस कर दो
03:01पुसिफ तुमारे ले नहीं, वह हम सब के ले हम अज़ चुका है।
03:04गुड़, वेई गुड़ बहुत अच्छी बात है तो
03:07हम्जा की कार कब बुरा इकसिदेंट वाया और वह वह उन दस्पोर इक्सपार हो किया।
03:13वाट?
03:21आर यू सिरियस? अन दस्पोर?
03:24यू सिरियस, हम्जा और सारा कल स्लामबाद जा रहे थे बाइरोट, हम्जा का एकसिदेंट हो गया, और सारा को भी
03:36बहुत चोटे आई हैं, अभी वो हॉस्परेल में आखरी सासे गिन रहे हैं, एमिन, ये ये भी तो हो सकता
03:42ना, कि तुम्हें कोई गलत फहमी हो गई हो, वो ठ
03:45ठीक हो हो, सारा और हम्जा की शादी कभी नहीं हो, हम्जा अगर तुम्हारा नहीं हो सका ना, किसी का
03:56भी नहीं होगा, किसी का भी नहीं होगा, किसी का भी नहीं होगा, किसी का भी नहीं होगा, किसी का
04:02भी नहीं होगा, किसी का भी नहीं होगा, किसी का भी नहीं होगा, किसी
04:15हाँ एमन, मैं ठीक हूँ लेकिन जाओ
04:19लेकिन तुम्हें गलत फेहमी भी तो हो
04:21हो सकती है ना एमन, एक दफ़ा पता कर लो
04:24नहीं, मुझे कोई गलत फेहमी नहीं हुई
04:26उसके मामा ने, उसकी बहनों ने
04:28फेस्बुक पे स्टेटस लगाया
04:30इस नो मॉर
04:31हो सके तो तो तुम आखरी बार उसे
04:33खुदाफिस कहने आ जाओ
04:35इतना तो मैं भी जानती हूँ कि तुमने उसे
04:37पूरे दिल से चाहा था
04:38उसने जो भी तुम्हारे साथ किया लेकिन
04:41वो अब इस दुनिया में नहीं है
04:43प्लीज, सिर्फ मेरे कहने तो
05:13एमर, are you sure your data reliable है?
05:16मेरे गयने का मतलब है
05:18इसकी अथेंटिकेशन चालेंज तो नहीं हो सकती
05:21Good
05:22I just need one last favor from you
05:25Please, अगर तुम मेरे एकाम कर दोगे
05:27तो I'll be grateful to you
05:30यार मुझे
05:32मुझे इस नंबर की कुछ डीटेल्स चाहिए
05:34मतलब ये कहां से operate हो रहा है
05:36इसकी base क्या है
05:38ये sim किसके नाम पर है
05:40क्या है ना कि
05:42मामला कुछ ऐसा है कि मैं तो जल्दी sort out करें
05:45तो प्लीज अगर इसको as soon as possible कर सेको
05:49Thank you, यार
05:50Thank you so much
05:51I'll be waiting
05:52Bye
06:06सिर महमूल के नाम पर है
06:10इसका मतलब एक है
06:13पहले वो इस्वामबाद में सेक्ल हो और उसके बाद अब कराची आके
06:32इसके तस्वीरे देख कर तो ऐसा कहीं से नहीं लग रहा है
06:37कि यह अपने बाब के जल्म की सथाई ही हुई है
06:43सिरोड़ दाल में कुछ काला है
06:47कुछ तो है जो यह लोग छुपा रहे हैं अबसे
06:49तो है आपके आपके अपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके
07:17आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके आपके
07:20सी हिख एक अजय हों, लग कि यहाँ सब क्या जवाब तुम की, इंख बार में जए सब मैं किसी
07:29कोई जवाब दे रहा हूंजगे लग जवाब देखा थे शी पूल नहीं हूं
07:52कि कि वहाज रही कॉन्फरेंज के अजय गए आप एज जल रही है जी ठीक चल रही है जी ठीक
07:58चल रही है फाइड कप कि ए नेक्स वीक कर ने अच्छे सुनिम यहाज कि आप लोग इस वीक फ्री
08:06है
08:08मैं एक दिनर प्लान कर जही हूँ
08:11किस अजले में?
08:12पिर मैं सोच रही थी कि हम सब बड़े बैठ कर
08:16वहाज की शादी की तारीक ताह कर जेते हैं
08:18वैसे भी नेका में देन नहीं करने जाड़ी
08:21अज़े पीज़े
08:23असलाम लेकूम
08:24जी तिरो
08:28मेरी तबियत क्या खराब होई
08:30कि सारे फैसले तुमने खुदी करना शुरू कर दिये?
08:38नहीं बीजान
08:39मैं तो बस इन से बूच रही थी
08:42आपका भी तो यही ख्याल था ना?
08:44बीजान इस घर के तमाम फैसले आपके मश्वरे के बगार कभी हुए हैं
08:48जो आप हूँगे? कैसी बाते कर रही हैं?
08:50अर वैसे भी दादो इसमें बुरा मनाने वाली क्या बात है?
08:53आप नहीं चाहती हैं कि शिफा जल्दस जल्दस धर में आजाए?
08:56मैं ऐसा क्यों नहीं चाहूंगी बिटा?
08:59मुझे तो हर रोज ऐसा लगता है कि मेरी आने वाली सांस हाखरी है
09:02क्या होगे आपको दादो? कैसी बाते कह रही हैं?
09:06अभी बहुत कुछ करना है आपको
09:08अभी अपने पोता पोती को खिलाना नहीं है आपको
09:12सुनले अभी जान
09:13अभी शादी की तारीख तया नहीं हुई है
09:15और प्लानिंगे चेक करते हैं
09:18बेटा मेरी तो सबसे बड़ी खौईश है कि मैं अपने बच्चे के सर पर सेरा देखू
09:22और उसके बच्चों को अपनी गोद में किलाओं
09:25मुक्तार मैदू चाहती हूँ के शिफा और वाज के साथ साथ हम वरीशा को भी उसके घर का करते हैं
09:31बड़े बाबा बड़े बाबा
09:34क्या हुआ वरीशा सब खेरियत तो है
09:37मुझे मुझे मेरे घर जाना है प्लीज
09:39क्या बाध है बड़े इसी ने कुछ कहा है वो परिशानी है
09:41मुझे बटाओ क्या बात क्या हुए
09:44वो मामा की तवियत ठीक नहीं है मेरे जाना जरूरी है
09:46उनको मेरे जब रूष उसकती है
09:48क्या हुआ मेच को
09:49तुम इतनी घबराई भी क्यो हूँ
09:51पता नहीं वो बिमार है मुझे जाना होगा प्लीज
09:53चुलो मैं साच वाइन नहीं आप नहीं
09:57वो मेरा मतलब है कि मुझे नहीं पता कि वहां क्या हुआ या क्या होगा
10:01मैंने चाहते कि मामा की बच्ची कुछ रिज़त आपके सामने डैट के विज़ो से
10:09ठीक है बेटा आप जाओ लेकिन ज़रा दिहान से जा ला और अगर कोई मसला आओ तो मुझे फॉन कर
10:14लेना कोई मसला नहीं है ठीक है मैं चलती हूँ
10:21बिटा वरीशा के लिए कुछ करो कोई अच्छा घर कोई अच्छा रिष्टा देखो उसके लिए वरना तो मेरी बच्ची रुल
10:28जाएगी महमूद रोज ये ड्रामे करके उसको यहाँ चैन से रहने नहीं देगा अब टीक कहरी है बेजान मुझे भी
10:35इस बात की बहुत पकर है
10:37परिशा का रोज रोज वहाँ जाना मुझे भी ठीक नहीं लगता है और महमूद जैसे बदकरदार इंसान से कोई अच्छी
10:45उमीद है भी नहीं करते हैं कुछ ना कुछ इंच्छा में
11:06यिर रिर्म aquela कुछ भी को बात मुठ है
11:10क्रिक देव टूब से जाऊना प्रिक के लотоाइक है
11:16क्रिक है
11:35यह क्या कहां जाने की त्यारी हो रही है सुबह-सुबह
11:43सुबह-सुबह बार जान कर देखें
11:47सफेद दिन निकला है
11:49मगर तुमने तो कहा था कि तुम कई दिनों के लिए आयो
11:54मगर एक ही दिन में जैसे बोर से हो गया मुझसे
11:57सूरज निकलते ही चलनी की त्यारिया
12:00अरे परीजी आपसे बोर कौन हो सकता है
12:04वो क्याने सुबह से वरीशा की कॉल आ रही है
12:07मुझे लग रहा है कि उसे हमजा की खबर मिल गई होगी इसलिए वो डिस्टरब है
12:12तो वरीशा यही चाहती थी ना
12:15वो चाहती तो यही थी लेकिन वो हमजा को भी तो चाहती थी
12:18इसलिए परिशान होगी उसकी मौत की खबर सुन कर
12:21मैंने तुमें कहा था लड़किय की जान लेने की जरुवत नहीं
12:26मैं किसी से भी कहकर उसे इदर उदर करवा देती
12:29और हर थाने में उसके मिसिंग लोगों में तस्वीर लग जाती
12:34तुमारा मुस्ला तो ऐसे भी हलुआ जाए
12:35क्या कर रही है आप क्या कर रही है ऐसी बाते नहीं करते हैं तीवारों के भी कान होते हैं
12:42यह हमजा वाली बात या तो आपको पता है या मुझे और किसी को नहीं पता है और वडिशा उसे
12:49तो तुम अच्छी तर अजांगती हूं कितनी मासूम पेरी हर बात मान लेती है मालूम
12:55तुम नहीं, वो मासूम है या तुम चला को तुम चला को तुम कर रही है अब मुझ पर नहीं,
13:02कॉंप्लिमेंट दे रही हूँ, क्यूंकि तुम्हें एक अजीब सी मतनाती सी कशिश है, कोई चाह कर भी तुम्हें इंकार नहीं
13:11कर सकता है
13:18मुझे देखो, महक की कॉल आ गई, मुझे लग रहा है वरीशा घर आ गई, उसने कोई तमाशक क्रियेट कर
13:23दिया, जो महक से हंडल नहीं हो रहा है, मुझे चलना चाहिए
13:29ये तो बस महक के पुराने अंदाज है, तुम्हें अपने पास पुनाना जी
13:35एक बात तो बताएए बरीजी, आपके लिए क्या ज्यादा है, रास्ता या मुझेल?
13:44कमपनी
13:50बरीजी मैं सब से जीज सकता हूँ, लेकिन आपसे नहीं
13:54लेकिन क्या करें, आपको तो सरफ हमारी कमपनी पसंगी
13:58मैं तो चाहता था कि आप मेरे साथ एक लंबे रास्ते पर चलकर किसी मन्जिल तक पहुंचें
14:05तुम्हारी मन्जिल तो महक है, जिसे तुम पात चुए
14:09महक मेरे लिए सिर्फ एक रास्ता है
14:13मेरी मन्जिल आप थी, आप है, और आप ही रहीं
14:42तुम होश में तो हो, तुम सोच भी कैसे सकती हो कि महमूद किसी का खून करेगा
14:48और खुदा के वास्ते अब ये बात अपने मूँ से न निकालना
14:52किसी ने सुन लिया तो मुसीबत हो जाएगी
14:57माना के वो तुम्हारी हर जित पूरी करता है, लेकिन अब तुम्हारे लिए किसी का खून थोड़े ही करेगा
15:03खून करना बहुत मुश्किल है, आसान नहीं है, समझी?
15:09और वैसे भी, रोने की बजाए न, तुम्हें तो खुश होना चाहिए
15:14कि तुम्हें जो बात मूँ से निकाली, जो सोची, वो रातो रात पूरी हो गई
15:21और क्या चाहिए तुम्हें?
15:23जानती हूं मामा, अगर बुरा लग रहे हैं मुझे मेरे दिल दुख रहे
15:28आ रहे हैं मुझे रोना में क्या करूँ?
15:31वही मुझे तो अल्ली सन
15:33तुम्हारा भी जवाब नहीं, ये रहम दिली का दौरा भी तुम्हें अभी पढ़ना था
15:39कहा तो सारा के साथ सिर्फ चाय पीने पर तुम्हें उसका सर फार दिया था
15:44और अब तुम्हें तुम्हें रहम आ रहा है, तुम्हारे दिल में दर्द हो रहा है
15:50तुम भी अजीब लड़की हो वरिशा, मुझे तुम्हारी समझ नहीं आती
16:00वरिशा, मेरी जान, तुम्हारे आने वाली जिन्दगी ठेरो फुशिया लिए तुम्हारे सामने खड़ी है
16:11प्रीज, तुम पीछे मुड़कर देखना छोड़ दो
16:14और अपने बाप की छोड़ी हुई दौलत को हासिल करो
16:19वहाँ जो कुछ है तुम्हारा है, याद रखना
16:24तुम रजा एहमद की बेटी हो
16:27और तुम मुखतार एहमद की बहु बनकर
16:33यानि वहाच की बीवी बनकर उस घर पर राच कर सकती हो राच
16:46और उन लोगों को अपने इशारों पर नचा सकती हो
16:54समझ सा तुम गई होगी
17:14प्रोम्हा की बेटी हो
17:21कर दो
17:21कर दो
17:22कर दो
17:22कर दो
17:23कर दो
17:36कर दो
17:48कमाल है यार
17:50मैं तुम्हें लिए बाबा से लड़ बैटा हूँ
17:51और तुम हो के मेरी कॉल रिसीव नहीं कर रही
17:53मुझसे ही नराज हो गई हूँ
18:12बिटा तब ये तु ठीक है तुम्हारी
18:17तो अभी तक सो रही हो
18:19तो पैर का एक बज़रा है
18:23वाट
18:27नो वे
18:29एक बज़रा
18:31अम्मी आपने मुझे उठाया क्यों नहीं
18:33मुझे क्या पता था कि आज मैंने तुम्हे उठाना है
18:36मैं तो समझी अभी तक तुम
18:38अपनी वॉक्शॉप पे होगी
18:39वो तो इशल आई तुम्हारा पूछने के लिए
18:42तो मैं तुम्हे ढूंटी ढूंटी यहां आगई
18:44अम्मी आप
18:45अच्छी सी कॉफे बनवातेंगे
18:47प्लीस मैं अभी आई
18:48ठीक है मैं तुम्हारी लिए कॉफे बनवारी हूँ
18:50तुम इशल से बात कर लो शाहिद उसे कोई बहुत अर्जन काम है
18:53ठीक है
18:54ओके
19:12शुकरा तुमने कॉल बैक कर लिया
19:13वर्णा बहुत अर्जन नेवाला अर्जन कर लेकर अब तक तुम्हारी कॉई पच्छीस कॉल झुकियं है
19:24जी और तुमने एक भी कॉल रिसीव नहीं कि और इसा भी क्या कहती है तर मैंने कि तुम इतनी
19:28नाराज हो गई कि एक कॉल भी रिसीव नहीं की कॉल बैक तक नहीं किया
19:32लांच में मेले एक मीटिंग है मेरी शामने मिलते हैं
19:38अचा लिसन मैं तुमसे नराज हो यह नहीं सकती है बस पता नहीं कैसे मैं सोती रह गई आज अम्मी
19:46अचानक रूम में आई तो उन्होंने मुझे जगाया इसलिए मैंने तुम्हारी में स्कॉल्स पे नहीं देखी
19:53तो आई देख तो ठीक है नहीं है यह रिली बड़ आज इना कैसे सो लिया यह यह यह आज
19:59इंदा नहीं मुझे खुद पी समझ नहीं है अज़ जलो मैं ज़रा वर्क्शॉप के भी हलात देख लू शाम को
20:08में वते हैं अग्या तुम्हारी बहुत प्यार करता हूं तुम्हा
20:16वह यह यह मी तुब बाई
20:58वरिशा कहा है अपने कमरे में है
21:05सजाद से मेरी बात हुई थी
21:09वो तो कह रहा था के तुम उसकी तरफ गई ही
21:17कहां थे तुम सारी रात
21:22मेरी जासूसी करने के बजाए अगर
21:24तुम अपना ये दिमाग अपनी बेटी की तरवियत पर लगाओ ना
21:28तो उसकी जिन्दगी भी समझे और तुम्हारी भी
21:34लेकिन नहीं
21:35तुम से तो बात करना ही फुजूल है
21:39अराम से जाना जरा
21:43वो तुम्हे हमजा का कातल समझ रही है
21:53तुमने वरीशा से कुछ कहा है क्या
22:06तुमने मेरा खेल खराब करने की कोशिश की ना
22:12तो अच्छा नहीं होगा तुम्हारे साथ
22:14अराम से
22:16मैं तुम्हारा खेल की खराब करूँगी
22:19मुझे क्या जरूरत है
22:22और वैसे भी
22:23तुम्हारी लाड़ी तुम्हारे इलावा किसकी सुनती है
22:27एक तुम और वो
22:31हर वक्त अपनी मनमानी करते हैं
22:33और हां जाकर देखो
22:37क्या कोई बेवा सोग मना रही होगी
22:40जो वो अपने बॉइफरेंड के मरने का मना रही है
23:08परिशा परिशा बिटा ये सब क्या है
23:11डैट प्लीज इस वक्त नहीं
23:15बिटा ये दुख मलाल रंज किस बात ना
23:18जो किसमत में लिखा था वो ही तो तुम चाहती थी
23:21फिर क्यूं ये हाल बनाया हुआ है
23:24यही बात तो मुझे समझ में नहीं आ रही
23:27यही तो चाहती थी में डैट अगर
23:31दिल नहीं मान रहूँ
23:34कि बात बिलकुल ठीक है
23:36कि अगर हमजा मेरा नहीं हो सकता
23:39सारा का क्या बल्के किसी और का ना हो सके
23:42लेकिन अब जब ये होच चुका है तो
23:45इसे परताश नहीं हो रहा
23:48इसे नहीं सहा जा रहा
23:49तो देख लो
23:51हमजा किसी का भी नहीं है
23:53बलके हमजा कहीं भी नहीं है
24:01देटा ये आसू बहुत कीमती है
24:04इन्हें यूँ मुफ्त में मत बहाओ
24:07इन्हें वहाँ बहाना
24:09जाह इनकी मूमांगी कीमत मिलेगी
24:11हमजा अब इस दुनिया में नहीं है
24:14तो फिर वो तुम्हारे दिल और दिमाग में क्यों है।
24:18हमजा का चैप्टर,
24:21क्लोज हो चुका है।
24:34ये क्या केरी हैं भापी आप।
24:36ऐसे कैसे मुम्किन है।
24:40अगर मुझे ये बात कोई और बताता।
24:44तो शायद मुझे भी इतना ये ताज़ब होता है जितना तुम्हें हो रहा है।
24:49तिकिन ये खीन जानो,
24:50ये सारी बाते मैंने अपनी कानों से सुनी है।
24:54वरेशा जो कुछ बीजान से कह ली थी और जिस अंदाज में कह ली थी,
24:58मेरे तो खूश ही उड़के।
25:09अधानी, मुझे तो समझ भी नहीं हारा मैं क्या करूँगी।
25:12मुझे तो अजीम घबराहट हो रही है।
25:18लेकिन इतनी सफवाकी से जूट बोलना, ये तो कोई अच्छी आदत नहीं है महाँ भी।
25:25ये मैं और तुम कह रहे हैं।
25:28लेकिन, हैंग जैसी औरने से हम क्या तवक्कुर रख सकते हैं।
25:31तो क्या सिकाएगी अपनी बीटे को।
25:34तो आप मुख्तार भाई से बात करें न, उन्हें बताएं न सारी बातें।
25:39ये तो आग में हाट डालने वाली बात है।
25:43तुम अच्छी तरह जानते हैं अपने भाई को।
25:45और शीनी जब से वरीशा हमारे घर में आई है न, मुख्तार भीजान का रवईया ही बदल गया है।
25:53पैसे में अगर मैं उन से ये सब कुछ कहूँगी तो पता नहीं क्या समझेंगे, मुझे ही घलत समझेंगे वो
25:59तो।
25:59हा लेकिन आप कब तक परदा रखेंगी उसका। इस तरह तो वरीशा को और शेय बिल चाहेगी ना।
26:06आज एक जूट बोलाए, कल दूसरा बड़ा जूट बोलेगी।
26:10तुम ठीक है रही है।
26:12मुझे ता वहाज की बात सच लग रही है।
26:15वो ठीक कह रहा है कि हमसे कोई ना कोई बात चुपाई ज़ती है।
26:19और महक ने हमें जो कहाने सुनाई है,
26:21हम कैसे अंदाज न लगा सकते हैं कि उसमें क्या सच है और क्या गलत।
26:26तुम खुद ही देख लो,
26:28अचानक से महक आ गई और वरीशा का हमारे हमाले कर गई।
26:34और अब जब उसका दिल चाता है किसी ना किसी बहाने से उसे गर बुला लेती है।
26:39हाँ, आप जो भी कहें, है तो वरीशा की मा ना।
26:46बाबी ये भी तो हो सकता है कि उसने किसी बहुत बड़ी मजबूरी के तहट वरीशा को बीजान के पास
26:52छोड़ा हो।
26:53लेकिन मा है, इसलिए सारा वक्त उसका दिल तो अपनी वीठी में ही लगा रहे है।
27:00मैंने भी फील किया था जब वरीशा आई थी नहीं आपे।
27:04बिलकुल अलग था लग थी थी, ऐसलिए रहता जिसे वो अजेस्ट नहीं कर पारी, सब के साथ नल जूर के
27:11नहीं रह पारी।
27:14ठीक कह रही है था, एक दो दिन से मेरा दिल बहुत खबरा रहा है।
27:19अल्ला हमारे घर की खुश्यों किसी की नज़र नहीं लगे।
27:22आमीन, I'm pretty sure, आप खामुखा में ओवर तिंकिंग कर रही हैं।
27:28इंशाला सब कुछ ठीक होगा।
27:31और हाँ, मैं तो आपसे नराज हूँ।
27:34ये क्या, आपने नई रसम निकाल लिये।
27:38ये क्या बाते करें तुम।
27:40घर की बात है न।
27:41और घर में इसलिए मैंने दावत रख ली कि घर का महौल जर अच्छा हो जाए।
27:46और मेरी शिफा खुश हो।
27:48है कहां ये।
27:49इशल के साथ गई है, अपने ओडिस के सिसले में।
27:53फिर कह रही थी कि वहाज के साथ उसका प्लैन है।
27:57बहुत अच्छी बात है।
27:59मैं तो चाहती हूँ कि शिफा और वहाज एक दूसरे के साथ भग कुसा रहे।
28:04अल्ना मेरे पच्छों को हर बुरी नजर से उचाए।
28:08आमीन।
28:30अल्ना मेरे में और भी बहुत पूछे हैं, कभी आप वोगी ट्राय करके देगी।
28:34यार मैंने तुमसे पूछा नहीं है।
28:37जो ओडर दिया है वो लेकर आओ।
28:39मेरी चॉइस को क्षिण बग करो।
28:42जाओ यहांसेब।
28:44तुम किसाब।
28:46तुम भी ना वहांच।
28:48उस बचारे ने नहायती मासुमान अंदाज में नुकरी करने के कोशिश किये।
28:53और तुमने अपनी फिलोसिफी जाना शुरू करी।
28:56यह फिलोसिफी नहीं है।
28:58मेरा परसनालिटी ट्रेट है जो शाइब तुम्हें मालूम नहीं।
29:02मुझे नहीं अच्छा लगता कोई भी मेरी चॉइस को क्वेश्चन करे।
29:05जी जी परकर।
29:06आप और आपकी पसंद आपको मेला कोई क्या कह सकता है।
29:11यह बहुत ज्यादा जबाद नहीं चल रही है तुम्हें।
29:15मजाजी खुदा हूँ मैं तुम्हारा समझी।
29:17आज के बाद तमीज से बात करना। ऐसे बात मत करना।
29:22हम।
29:24मजाजी खुदा।
29:26और यह ओकी?
29:29लिसन, आ इन चीज़ों पर बलीव नहीं करते हूं।
29:32आप राइट्स पर बलीव करते हूं।
29:34इकल राइट्स?
29:38कौन जे इकल राइट्स?
29:41मेरे लाइट में किसी कोई इकल राइट्स नहीं।
29:44अब आपके बाद भी इसादी के बाद भी सिर्फ भोई होगा जो मैं काओग तुम वही करोगी ज़सा मैं चाहूँगा
29:50वैसे ही कपड़े पहनोगी
29:52मेरी अजाज़त के बगार गर से बार कदम नी निकालोगी और मेरी मर्जी के बगार घर वापस नहीं आसे ती
29:57है
29:59कि अब आपधार आप से तुम्हार के बाताना आपसका अगर तुम्हारी किसी एसे इक अगुरूस से इंसान से शादी हो
30:14जगा एक नाना करेवाज किसी बाते करें हो यार और कभी ऐसा हुआ तो मैं तुम्हारी शादी
30:24मैं तुम्हारी शादी वरीशा से करवात हूँ गया पूरी जिंदगी तुम अपना सर दिवारों में मारते पिरोगे लेकिर वो तुम्हारी
30:32समयज में नहीं आएगी
30:33या नहीं तुम्हारी जिए प्लीज आज के बाद ये बात अपने मुझा दुबारा मत ने काल प्लीज आज के बाद
30:40ये बात अपने मुझा थे बात मुझे बिलकुल अच्छे ही लगी ये बात
30:46शाना, I'm sorry
30:49वेसे ये वरीशा की शादी का भूट आजकल सब किसर पर क्यों समा रहा है
30:53दादों भी यह कह रही थी कि उसकी शादी करा देनी चाहिए
30:57इंपाक्ट बाबा से बात कर रही थी कि कोई अच्छी सी पैमिली ढूंड़े है उसकी शादी के लिए
31:04नानों का ख्याल में से बहुत अच्छा है अधर वरीशा की लाइशा की अच्छाए की उसका सारा बच्पना जिस तरह
31:14भी गुषिनारत अच्छा अच्छा डिजर्व करिकते है वाहाच्छ पैट?
31:19अच्छा
31:21मतलब तुम्हे भी लगता है कि उसके स्टेप फादर ने उसके साथ बहुत जुर्म ढाए है
31:25वो अपनी लाइफ में हर चीज को लेके बहुत डिप्राइब्ट है
31:30हाँ
31:30जिस तरह मामा और बड़ी मामा ने बताया उसके स्टेप फादर के बारे में
31:34मुझे रखता है कि सब कुछ ठीक ही होगा
31:40जी नहीं
31:43ऐसा कुछ नहीं है
31:45वो अपनी लाइफ
31:47बहुत भरपूर तरीके से एंजॉय करती
31:50देखो
31:57ये वहाज ये पिक्चर तुम्हें कहां से मिली है
32:00पिक्चर जान से भी मिली है बताना तुम्हे जुरूरे नहीं
32:05मैं बात करियो उसको सुझो
32:07Excuse me
32:08यार खाना इतनी देर से ओडर की है का बार है
32:23Oh God
32:26Hello
32:27Hello
32:28हाँ वरिशा बेटा
32:30महक की तवेत अब कैसी बेटा
32:33जी वो तो अब ठीक है
32:34मैं बस निकल रही हूँ बड़े बाबा में आती हूं थोड़ी देर में
32:39बेटा अगर तुम मुनासिब समझो तो तुम महक के पास ही रुक जाओ
32:41मेरा खाले के अकेला तुम्हारा ट्राइब करके बापस आना कुछ मुनासिब नहीं है
32:52हलो
32:54हलो
32:55बरीशण बटा मेरी आवाज आ रही है आपको
32:58जी बेटे बबाबा मुझे आपके अवाज आ रही है
33:00तो अचलि है मेरे आने से मामा बहुत खफा हुई
33:04और डैड ने तो बहुत जादे तमाशनला लगा दिया तो बस
33:07इसलिए मुझे वहीं पर आने होगा पापस
33:11खीके बेटा जैसे तुम्हें मुनासिब लगे
33:13तुम्हारा अपने ही गार है
33:14मैं तो बस खलवली बात की वैसे परिशान हो रहा था
33:18वैसे मैं सोच रहा था कि तुम्हारे लिए एक ब्राइबर रख लेते हैं
33:22ताके तुम्हारे आने जाने पर हमें कोई परिशानी ना हो इत्मनान रहे
33:26जी?
33:28मैंना मतलब जी?
33:30अच्छी जी, शौर, ट्राइवर रख दीजिए
33:34ओके, सी उ देर
33:36ओके बटा, इhtियास से आना, अपना ख्याल अखना
33:40लाफस
33:42वाट? ट्राइवर?
33:47बस बीजान वाड़ आरी वापस
33:49बीटान है, ड्राइवर रखने की क्या जरूरत
33:52अफजल है तो इतना पराना
33:53वो साथ चला गाया करेगा
33:55बीजान अफजल पर पहले ही इतनी सारी जम्हतारिया है
33:58और वैसे भी अब हमारा खांदान बढ़ रहा है
34:00तो ड्राइवर की तो जरूरत होगी ना
34:01क्यों मैरे निसा?
34:03जी
34:07अगर आफरी हो तो वो डिनर के लिए बात करनी थी
34:12बीजान वो बुलाना है ना, उनको इंवाइट करना है
34:16शीने के सुस्राल वालों को
34:19हाँ बेटा जरूर, उनके खांदान में है एकू
34:22जफर के बड़े भाई हैं और दो बहने, बागी तो सब मुल्क से बाहर रहते
34:29अरे लीग जाएवर रहते तो, ताके तुम कही अखेली आजा भी ना सको
34:35क्या हो गया, क्या हो गया, मारी बेटी इतनी घुस्से में क्यूं है
34:38आप दोनों ने ना, मेरी जान एक अजाब में भसा दिये
34:43अपनी मर्जी से अप मैं कही आ भी नहीं सकती और कही जा भी नहीं सकती
34:46क्योंकि वो मुख्तार साहब कहते हैं कि तुम्हारे लिए कोई ड्राइवर रख देता हूँ
34:49ताके तुम कहां जा रही हो, कहां से आ रही हो
34:51सब पता चलता रहे कि तुम सेफ हो
34:53मतलब मैं अपनी मर्जी से अपका यहा जा भी नहीं सकती यार
35:06मुरीशा मेरी जान, यह दुनिया प्यार से नहीं चलती
35:10और तुम्हारे बाप के खांदान में इस प्यार को तो हथ्यार बना कर इस्तमाल किया जाता है
35:19मीठे मीठे बोल बोल कर दूसरे की शहरक्त काट देते हैं
35:25और उसे पता भी नहीं चलता
35:28और वैसे भी मुखतार भाई और भावी तो इस काम में कमाल रखते हैं
35:36तुम्हारी माँ बिल्कुल ठीक कह लिए बेटा
35:41अच्छी तरह जानती हूं मैं
35:42यह जो ड्राइवर वो मेरे लिए रख रहे हैं ना
35:46यह मेरी सेफटी के लिए नहीं बलके मुझ पर नजर रखने के लिए रख रहे हैं
35:50कि मैं कब कहां और किस से क्या मिलने जाती हूं
35:57तुम बिल्कुल ठीक कह रही हो ऐसा ही है
36:00और जैसे कि तुम्हारी माँ ने कहा कि तुम्हारे बाप के खांदान वाले
36:04प्यार को हत्यार बना कर वार करने के माहर है
36:08अब हम उसी हत्यार से तुम्हारे बाप के घर वालों पर वार करें
36:14वहाज उनका दिल जिगर और जान है
36:17समझी
36:21वहाज मुफ़तार एहमस

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