00:07नमस्कार मैं हूँ मुनीश और आप देख रहे हैं आज तक
00:11इस बुलिटन में हम बात करेंगे हिजाब को लेकर चल रही राजनीतिक घमासान की
00:15दरसल इलाबाद हाई कोट ने स्कूलों में यूनिफॉर्म के साथ हिजाब पहनने की अनुमति मांगने वाली याचिका को खारिस कर
00:23दिया
00:23जिसके बाद देश में राजनीतिक और सामाजिक बहत शिर गई है
00:28इसी कड़ी में राहूल गांधी के मनुस्मिति वाले बयान की चर्चा हो रही है
00:32और वहीं दूसरी तरफ हिजाब के मुद्दे पर राहूल की चुपी को लेकर भी सवाल किये जा रहे हैं
00:38इसी मुद्दे पर चर्चा के लिए हमारे साथ देश के अलग-अलग हिस्सों से हमारे सहयोगी मौजूद है
00:58अब सभी का इस बॉलेटन में स्वागत है
01:02फिलहाल के लिए हम आपको समझाने की कोशिश करते हैं कि आखिरकार इस पूरे मुद्दे की वज़े क्या इस चर्चा
01:10की शुरुआत करें उससे पहले आपको ग्राफिक्स के जरीए भी यह समझाते हैं कि आखिरकार इलहाबाद हाई कोट ने अपने
01:16फैसले में क्या कुछ कहा
01:18इलहाबाद हाई कोट की जस्टिस जेजे मुनीर और जस्टिस इंदरजीर शुकला की पीट ने हिजाब से जुड़ी याचका को खारिस
01:26कर दी
01:27अदालत के मुताबिक याचका करता चात्रा या साबित नहीं कर सकी कि हिजाब इसलाम में ऐसा इन्वार अनिवार धार्मिक अभ्यास
01:36है जिसके बिना उसकी धार्मिक आस्था प्रभावित होती हैं
01:39इसी आधार पर सकूल में हिजाब की अनुमती देने की मांग को कोट ने स्विकार नहीं किया
01:53और इसी खावर पर जादा जानकारी के साथ हमारे समाता संजय शर्मा हमारे साथ में जुड़े हुए हैं
01:58संजय जो यह याचका थी उसे तो कोट ने खारिस कर दिया है लेकिन अभी भी इसे लेकर राजनीतिक बवाल
02:05चल रहा है
02:05क्या कुछ कोट ने अपनी टिपड़ी में कहा कौन से वो आधार थे जिसके बिना पर कोट ने ये माना
02:12कि हिजाब जो है वो स्कूलों में या ऐसी जगहों पर अनिवार नहीं किया सकता
02:17संजय
02:18इसमें धन्यवाद मुनिश जब हम बात करें कि इलाबाद हाई कोट में जस्टि जेजे मुनिर और जस्टि से इंदर जेच
02:25शुकला
02:26इनकी खंड़ पीछ ने इस मामले के सुनवाई की और खंड़ पीछ ने इस प्रष्ट रूप से मान लिया
02:31कि जो हिजाब पहनना है वो इसलाम का अनिवार नहीं नहीं है
02:35आपको भी याद होकर हमारे नर्शकों को याद होकर जिस समय जाकर मामला चल रहा था
02:39उस समय भी ये मामला आया था कि इसलाम का अनिवार ये अंग क्या है
02:43तो नमाज अदा करना इसलाम के पास बन्यादी सिद्धानतों मेंसे तो है
02:48लेकिन मस्जिन में नमाज अदा करना ये बुन्यादी से दांतों में से नहीं ये परमपरा है
02:53वैसे ही हिजाब को लेकर भी एक कहा गया है कि हिजाब एक परमपरा है
02:58लेकिन पहसा नहीं है कि हिजाब अगर ना पहने तो इसलाम से इमान से आदमी बंसित हो जाए
03:03ये ऐसा इन्होंने माना और कोट ने ये भी माना कि किसी भी संस्थान में
03:08खास करके शेक्षिक संस्थानों में चात्रों में समांचा का भाव पैदा करने के लिए
03:13ये वहाँ अनुशासन के तौर पर ऐसा होता है कि सबको एक जैसे युनिफर्म कपड़े पहनने पढ़ते हैं
03:19यानि एक जैसे कपड़े पहनने पढ़ते हैं यानि समान कपड़े पहनने पढ़ते हैं
03:23इसको लेकर भी चात्रा की और से दलीलें तो दी गई, लेफिन सारी दलीलें इसलाम को लेकर थी, और कोट
03:31के सामने ये सिर्द नहीं हो पाया, कोट ने स्कूल की बातें और सरकार के पक्ष की बातें मानी, जिसमें
03:38ये कहा गया कि सब के, सब चात्रों के बीच में सामानता का भ
03:53पर अलग चबके का एहसास होता है बाति लोग उसे उनको समानता के भाव में चात्रों के बीच में समानता
04:00का भाव है उस पर असर पड़ सकता है यह साधरी बाते हुए और अदालत में यह साफ साफ माना
04:05है कि स्कूल के जो नियम खाइदे हैं जो स्कूल का अनुशासन है उस �
04:10अगर हिजाब का ये जिद ये लागू नहीं होती है नहीं हो सकती है तो ये कुल मिलाकर कोट नहीं
04:18है कहा कि जो समान्ता का भाव है उसे बिलकुल बनाए रखा जाए क्योंकि सम्विधान भी समान्ता की बात करता
04:25है और समान्ता अनुशासन इन समान सीजों के निवारियत साफ
04:40अब जब इलहाबाद हाई कोट का ये ओर्डर आया हुआ है उन्होंने अपना अब्जरवेशन दिया हुआ है ओर्डर भी दिया
04:48साथ में क्या आपको लगता है कि अभी भी जो याचिका करता है वो सुप्रीम कोट का दरोजा खटखटा सकते
04:54हैं क्योंकि अगर बात करें M.I.M
04:55की तो वो कड़ा इतराज जता रहे हैं कोट के इस ओर्डर पर
05:01ये मुनिश ये राजमितिक बाते हैं लेकिन जो कानूनी बाते हैं कानून तो ये अधिकार देता है याचिका करता हो
05:09कि वो सुप्रीम कोट तक जाए
05:11अगर वो चाहे तो इस मामले को चनोते दी जा सकती है और मामला सुप्रीम कोट तक आगे जा सकता
05:16है ये अधिकार उनको है लेकिन जहां तक राजमितिक की बात है राजमितिक अपनी लफ्तार से चलती है अपनी दिशा
05:23में चलती है अपनी मंदर्दी के चलती है लेकिन जहा
05:37सुप्रिम कोट जो भी निरने करेगा सुप्रिम कोट का निरने आने के बाद दिए उनके पास दोहर अधिकार रहते हैं
05:42कि वो इसकी पुनरिक्षण याचिका और उसमें एक और उक्षार याचिका है वो दाखिल कर सकते हैं जानिकि उनका फ़र्णून
05:49याधिकार है जिसका इ
06:04मौझूद भी लगातार इसे लेकर राजनीती हो रही है और अगर राजनीती की बात करें तो राहूल गांधी के बयान
06:10को लेकर राजनीती बहुत ही तीज हो रही है बिजेपी की ओर से राहूल पर जुबानी हमले भी किये जा
06:18रहा है हमारे साथ हमारे सावाता प्यूश मि�
06:24हो रही है बिजेपी लगातार राहूल गांदी पर हमलावर है लेकर चाहिए मनुस्मृति की बात करने उसे लेकर किस तरह
06:32की जो हलचले बीजेपी के अंधर और
06:34क्या हमला वो करना चाह रही है राहूल गांधी के ओपर क्योंकि जो बीजेपी है उसकी तरफ से साफ़तार पर
06:41एक कहा जा रहा है कि राहूल गांधी जो है पूरे विशय को समझ नहीं रहे हैं लेकिन इसलेकर राजनीती
06:45जबरदस्त कर रहे है लेकि मुनेश एक थी समझना हो
06:49होगा पिछले कुछ दिनों में बीजेपी सोशल मीडिया नेरेटिव बनाने की पूरी कोशिश कर रही है और कहीं ने कहीं
06:55उसमें सफल होती भी नजर आ रही है आपको याद होगा कि जब सीजेपी का दरना परदर्शन हुआ तब उस
07:01वक्त कहीं ने कहीं कहा जा रहा था कि �
07:02बीजेपी इसमें पीछे हो गई लेकिन आब रहूल गांदी हो कॉंग्रेस हो या कॉंग्रेस के आन्य नेता हो उनको अगर
07:08बीजेपी को अटाक करना है तो एक वीडियो बनता है और आजकल उसी का इस्तेमाल करके वीडियो के इस्तेमाल करके
07:16कॉंग्रेस के नेताओं पर ब
07:20राहूल गांदी के खिलाफ बीजेपी ने ट्वीट भी किया जिसमें ये कहा कि मनुस्मरिती पर जब हमला करना होता है
07:27तब राहूल गांदी बढ़ जड़ के बोलते हैं लेकिन हिजाब पर जब अपनी बात रखनी होती है तो वो चुपी
07:31साथ लेते हैं यानि कि एक धर्म या
07:50मनुस्मरिती पर तो कई सारी बाते कर दी लेकिन हिजाब पर आपने अपने बात ने की उस वीडियो में ये
07:56भी दिखाए गया कि एक महिला जो हिजाब पहने बैठी है जो वो पूछती है हिजाब को लेकर राहूल गांदी
08:02से सवाल तो राहूल गांदी कहते हैं कि अगर आ�
08:18पूछन लगी राहूल गांदी से कि क्यों राहूल गांदी ने हिजाब वाले मुद्धे पर चुपी साथ लिए हमने बीजेपी के
08:24कई नेताओं से बात की आज जो बीजेपी महिला मोर्चा की नव निरवाचित राष्ट्रे महिला मोर्चा की अध्यक्ष हैं उन्होंने
08:32हमक
08:44करते हैं लेकिन जब मुस्लिम धर्म की बात आती है तो चुपी साथ लेते हैं तो चुनाव से पहले आप
08:50कुछ राज्य में विदान सब्सक्राव भी है उससे पहले बीजेपी नेरेटिव गढ़ने की पूरी कोशिश कर रही है अपना काउंटर
08:56नेरेटिव देने की कोशि�
09:11कि हिंदु धर्म की खिलाफ हैं वो और मुस्लिम धर्म को लेकि कोई बात ने करते हैं और यही कहीं
09:16आगया आने वाले दिनों में आप देखेंगे भी कि बहुत जादा जो है बीजेपी की तरफ से हमला राहूल गंदी
09:22पर होता रहेगा और अपनी बात बीजेपी सोशल मीड
09:39क्या कहना था रहूल गंदी या कॉंग्रेस से उनको क्यों आपती है और दूसरा प्यूस जैसा आपने जिक्र भी किया
09:45उत्तर प्रदेश में चुनाव आने वाले हैं उसके साथ कई और राज्यों में चुनाव हैं क्या यह पूरा हिजाब का
09:50जो मामला है जो राजनीतिक त�
10:08अब तक ना कॉंग्रेस की तरफ से कोई बयान आए ना समझादी पार्टी की तरफ से कोई बयान आए और
10:12कल जो मुस्लिम महिला पहुंची थी कॉंग्रेस सब्तर के बाहर उनकी सिर्फ और सिर्फ मांग यह हैं कि वो हिजाब
10:19पर राहूल गंदी अपना स्टैंड क्लियर करे
10:21हिजाब को लेकर राजनिती हमने पहले भी देखा है आप को याद होगा मुनिश करनाटका में इसको लेकर कितना भारी
10:27बावाल हुआ था राजनिती काफी हुई कि करनाटका में हिजाब को लेकर लेकर लेकिन अब ये पूरा मुद्दा फिर से
10:34राजनिती करूप लेता हु�
10:36क्योंकि जो अलाबाद हाई कोड है उन्होंने कह दिया है कि हिजाब पहना वो मुस्लिम धर्म में अनिवारे नहीं है
10:42अब उसके बात से जरूर इस पर राजनीती हो रही है हमने बीजेपी की जब नेताओं से बात कि तो
10:47उनका यह साथ कहना है कि जब कोड अपनी बात रख सकत
10:51है तो इस पर दूसरे नेताओं को कुछ कहने का कोई मतलब ही नहीं क्योंकि जो कोर्ट कहता है उसको
10:57यह हम को मानना चाहिए कि यह देश कोर्ट पर के
11:15कॉंग्रिस दफ्तर के बाहर वो रहूल गंदी के खिलाफ नारे बाजी करती हुई नजर आ रही थी
11:20और आपको याद होगा कर जो तस्वीर आई उसमें जितनी महिलाएं थी
11:24उनके चेहरे पर हिजाब भी था उन्होंने बुर्खा भी पहना हुआ था
11:28और मुस्लिम महिलाओं ने नारे बाजी करते हुए रहूल गंदी से ये सवाल पूछा कि हिजाब को लेकर वो अपना
11:34स्टैंड क्लियर क्यों नहीं करते हैं
11:36हलाकि कॉंग्रिस के दर्फ से कोई नेता वहां नहीं पहुचा बाद में दिल्ली पूलिस के जवान वहां पहुचे और स्थितिक
11:43और नेंटरन में करते हुए उन मुस्लिम महिलाओं से वहां से जाने की विंती की
11:48बहुत बहुत शुक्रिया पियूश इस पूरी जानकारी के लिए तो पियूश हमारे समवाथा बता रहे थे कि किस तरीके से
11:54हिजाब को लेकर मुस्लिम महिलाओं ने कॉंग्रिस दफ्तर के बाहल कर प्रदर्शन किया क्या उनकी मांगे थी
12:01लेकिन मामला सिर्फ दिल्ली तक सीमित नहीं है सिर्फ बिजेपी और कॉंग्रिस दिल्ली में बयान नहीं दे रही है इसका
12:08सबसे ज़्यादा जो असर है वो उत्तर प्रदेश में देखने को मिलना है
12:12उत्तर प्रदेश में हिजाब को लेकर इलाबाद हाई कोर्ट के फैसले के बाद सियासी बयानबाजी काफी तेज हो गई है
12:20बस्पा प्रमुक मायावती ने मामले को आपसी बाचीज से सुलजाने की सला दी है
12:25जबकि MIM प्रमुक असुद्दीन OSE ने कोर्ट के फैसले पर कड़ी आपत्ती जताते हुए
12:32इससे समविधानों के अधिकार के खिलाफ बताया हुआ है
12:37और इसी पर और जांकारी के साथ हमारे समाता आशीश श्रिवास्तो लखनों से हमारे साथ सीधा जुड़े हुए है
12:55काफी तेज हो गई है
12:57कॉंग्रेस हो या समाजवादी पार्टी हो भाजपा तीनों इस मुद्दे को भुनाने की कोशिश करेंगी
13:02किस तरह की राजनीती खल्चार आप देख रहे हैं इस वक्त उत्तरप्रदेश में
13:10देखे सबसे बड़ी बात है मुनिश की इस पूरे मामले पर अगर उत्तरप्रदेश में राजनीती हो रही तो उसका सीधा
13:16केंद्र है
13:17वो है मुस्लिम वोर्ट बैंक और समाजवादी पार्टी हो या बहुजन समाज पार्टी हो या कॉंग्रेस हो
13:23यहाँ पर यह तीनो ऐसे पार्टी है जो मुस्लिम वोर्ट बैंक पर अपना दावा करती है
13:28अब हिजाब एक ऐसा मुद्दा है जिस पर तीनो पार्टी हो के बीच में आ गया है कि आखिर इस
13:33पर हम खोल कर बात करें
13:35या फिर इस पर हम बंद जबान से बात करें हाला कि बयान इसके बाद आता भी है फिर चाहरा
13:40जीव राय का बयान आता हो
13:41सांसद हैं महुँसे उसके अलावा स्री हसन का भी बयान आता लेकिन आप एक बात मान के चलिए कि समाजवादी
13:48पार्टी जो अभी पिछड़ा यानि की पीडिये की बात करती थी जिसमें पिछड़ा था जिसको उन्होंने पंडित किया था और
13:54उसके बात अलपसंक्य की बात क
13:57करते हैं लेकिन अब एक बात मानिए कि अगर आप सौब्ट हिंदुत पर काम कर रहे हैं और उसके साथ
14:02साथ मुस्लिम को एक तराजू पर रखना है तो आप दोनों चीज़े एक साथ कैसे रख पाएंगे ये बड़ा चैलेंज
14:07है समाजवादी पार्टी के लिए इसी वज़
14:22हैं यहां पर वो साफ कह रहे हैं कि आकिर अकलेश यादाओ हिजाब के मामले पर अपना स्टैंड क्लियर करें
14:27कि क्या वो चाहते हैं कोर्ट का फैंसला गलत है कि नहीं लेकिन जिस तरीके से राजीव राय ने कहा
14:33कि सबको अपनी आजादी है पहनने की उन्होंने एक बीच �
14:36बैलन्स लाइन कहीं बहुजन समाज पार्टी जो मुस्लिम वोड बैंक और दलित वोड बैंक की साथ तीहेख साथ में और
14:42कहीं ना कि उसके साथ भी यही प्रॉबलम है तो यहीं वजह है कि उसने भी यहीं कहा कि जो
14:46मामले हैं वो इंटररली निप्टाय जा सकते हैं उनको �
14:49लेकर संप्रदाई कितना नहीं आगे बढ़ना चाहिए तो कहीं ना कहीं बीजेपी ने माफ कीजेगा बसपा ने इसको पूरी तरीके
14:56से स्टैंड लेते हुए अपनी बात रखी है कि उसका मुस्लिम बोर्ड बैंक भी नाराज ना हो और साथी साथ
15:01जो इसका दलिद बोर्ड �
15:02है वो भी मेंटेंड रहे हाला कि पूरे मामले पे कॉंग्रेस में जैसे अभी हमने देखा कि प्यूस बता रहे
15:08थे और डिल्ली की बात हो रही थी तो कॉंग्रेस का सीधा स्टैंड है क्योंकि कॉंग्रेस में अजे राय यहां
15:14स्टेट प्रेसिडेंड है दिल्ली में राहू
15:28क्योंकि 2027 का चुनाव है और वोट बैंक की जो लड़ाई है वो समाजवादी पार्टी और बस्पा के बीच में
15:34जो है क्योंकि दोनों अलाइंस में नहीं है बाकी समाजवादी पार्टी और कॉंग्रेस इंडिया अलाइंस में है तो ये मुस्लिम
15:39वोट बैंक आकर किधर जा�
15:44आप नहीं खड़े हैं तो फिर किसके साथ कौन पार्टी खड़ी है ये सवाल मुस्लिम कम्यूनिटी पूछ रही है और
15:50इसी वज़े से बचते बचते ये बयान दिये जा रहा है बीजेपी का तो साफ कहना ही है कि जो
15:55नियम है जो कोड है जो ड्रेस है जो जो है उसके हिसाब स
15:59चलना चाहिए लेकिन इसमें समाजवादी पार्टी और बस्पा के सामने सबसे बड़ा चैलेंज आई है कि उस अपनी बात को
16:06अपने मुस्लिम बोट बैंक को समझा पाना और कहीं ना कहीं इसमें थोड़ा पीछे रिक्ती नजर आ रही है पूरी
16:12तरीके से क्लैरिटी नहीं
16:13हो पा रही है कि वो सौफ्ट हिंदुत को लेकर चल रहे हैं दलित वोट बैंक को लेकर चल रही
16:17है या वो इस बात को अपने क्लियर कर पा रहे हैं इसलिए एस्टी हैसन का बयान जरूर आता है
16:22क्योंकि वो मुस्लिम सांसद हैं और साती साथ जो राजीव राए हैं लेकिन ब
16:43रहुल गांदी है, रहुल ःत्र
16:48रहुल कल आप गांग्रेस दफतर के बाहर बाशेयों जयां के बाठचेत रेक्ष न ह parlar में berth को
16:58तुस्ती थ"! सजी है?
17:01कर रही है की कॉंइस अभी तक साफ नहीं कर पार, हुआ ही क्या वो हिजाब को लेकर उनका रुख
17:05क्या है।
17:07मनुस्मिति को लेकर राहूल गांदी के ऊपर पहले बीजेपी हमलावर है।
17:11क्या कुछ Congress Party के अंदर चल रहा है इस पूरे मसले को लेकर क्योंकि
17:15कोट ने तो अपने आदेश में साफ कर दिया है कि स्कूलों में हिजाब पहनना कोई अन्यवारिर नहीं कर सकता
17:21है
17:27मुलीश आप जानते हैं कि कॉंग्रिस पार्टी एक सेंट्रिस पार्टी है
17:31इसलिए वो एक कोई एक्स्ट्रीम लाइन इसमें इस पूरे मुद्दे में हमको नहीं देखने को मिल रही है
17:36कॉंग्रिस पार्टी की तरफ से पावन खेडा ने बकायदा एक ट्वीट किया जिसमें उनने साफ तोर पर कहा
17:41कि हिजाब इसलाम का हिस्सा है या नहीं
17:44ये तो मुसलिम स्कॉलर्स बताएंगे
17:46लेकिन पार्टी का कम से कम ये मानना है
17:48कि महिलाओं को पास ये औपशन है आजादी है
17:52कि वो चाहे जो पहनना चाहें या जिसमें वो जो comfort qualité हैं
17:56वो उसको पहन सकते हैं
17:57तो ध्यान होगा इससे पहले भी एक बार कांट्रों सी ती जब प्रीयंस का गांधि वाट्रा के ब कुछ इसाथानаюсьना
18:03सकते हैं
18:03कि आप कुछ भी पहन सकते हैं आप कुछ भी पहन कर मेरी प्रेसंकै आ सकते हैं89 स्कूल जा सकते
18:09हैं किसी को कोई
18:10रोक टोक नहीं होनी चाहिए लेकिन कॉंगर्स पार्टी के जो मुस्लिम सांसत हैं मुनीश उनके लिए जाहिर है ये बड़ी
18:16ट्रिकी सिचुएशन है क्योंकि जाहिर है उनको अपने जो वोटर्स है उनको भी साधना है तो ऐसे में इमरान मसूद
18:22का खुद मैंने कल इंट्रि
18:36रखना तो ऐसे में इसको जाधा मुद्दा नहीं बनाना है चाहिए कई मुस्लिम वहिलाएं अपने बालों को ढखती है हिजाब
18:43पहनती है और वो कहीं न कहीं कल्चर का पार्ट है कम से कम भारत के कहीं सो में ऐसा
18:48देखने को मिलता है तो कुल मिलाकर आप देखिए कोई extreme line न
19:05को कोई रोक टोकी नहीं करनी चाहिए आप देखिए दरसल ये कॉंगर्स को ये भी लगता है ये एक trap
19:11है बीजेपी का या उनके विपक्षियों का जिसमें वो चाहते हैं कि वो फस जाए जैसे ही कॉंगर्स पार्टी हिजाब
19:17का समर्थन करेगी जाहिर है वो एक apt opportunity होगी बी
19:34करते हैं जो कि मुस्ली महिलाओं के अधिकारों के खिलाफ है तो इसलिए कॉंग्रेस बहुत बच बचा कर आप देखिए
19:40बीच की एक line या मिडल पात लेगती हुई आगे बढ़ रही है और आप देखिएगा आने वाले दिनों में
19:45भी आगर इस डिस्कॉर्स पर लाना चाह
19:48आएगा कॉंग्रेस पार्टी को तो कॉंग्रेस चाहेगी कि वह इस पिच पर आकर ना खेले बड़ी दिल्चस बात बोली आपने
19:54राहुल इस पूरी जानकारी के लिए आपका बहुत बहुत शुक्रिया तो हमारे समाता रहुल गौतम बता रहे थे कि काफी
20:00समहल कर जो कॉं
20:14पारी नजर बनी रहेगी देश और दुनिया की ताज़तरीन खबरों के लिए आप देखते रहे आज तक