00:00चल चत्रव्यान की और वीडियोस देखने के लिए सब्सक्राइब करें और बेल आइकॉन को दबाएं
00:41आपका नाम दर्वंदर तमर दर्वंदर जी क्या आपका नाम?
00:56अब दर्वंदर तमर दर्वंदर जी क्या काम करते हैं आप अपका नाम?
01:01सर मैं ड्राइवर हो पेसे सर तो अभी काम बंद रहा होगा लोगडाउन नी तो?
01:06काम बंद रहा जी नूग वह महीं न लग गया गर पहो जी ठाली हो बेरोजगार हो बिलिकुम कोई कमाईने
01:13हैं
01:28काम बंद रहा हो जी नूग पर प्राइवर्ट ही कराया जितना भी मतलब दम था परिवारन उसब खतम हो गया
01:42था
01:42लाश्ट महां के पहर यहां बागपत कराने लगे थे वहां पे सुविदार नाम चारे की थी वस लवाई वगरा जितने
01:49भी थी सब बाजार से आती थी
01:52जो था वे लगाते थे लेकिन उसमें क्या था जितना वह चल दा उसे चलाते थे ऐसा नहीं था के
01:57दो बार करी तीन बार कर दी वह अटा जिया ऐसा कुछ नहीं था
02:00थोड़ी यह प्रोबलम भी थी जैसा हम बाज पर डालिशिस कराते हैं पांच बैड है और हम थोड़े लेट होके
02:08तो किसी और का नमबर आ जगा
02:11मारा मरीज वह तिन-तिन गंटे पड़ा रहता कितने हो उसके कितना भी दरद हो रहा कुछ भी हो रहा
02:17मतलब वह पड़ा वह ना तो उसके लिए कोई बैड था बस दर्ति में पड़ा जी यह दिक्कती दिक्कती सर
02:24उसमें राम तो उस्तान ही
02:55कि अच्छ बीमारी दो जी मेरी 32 साल पहले तो यह गुर्दा निकल गया था उसके कैंसर बन गया था
03:02तो उसके निगलने के बाद फिर अचानक बीमारी पड़ेगी सूगर की सूगर से होगा फिर
03:11गुर्दे में डिफिंट आगया एक ही गुर्दा है कुछ टाइम तो कई मनने मेरेट से दवा बेंद्रा परसाद के यहां
03:20से करीबन वहां के खर्चा तीन अजार रुपे का एक बरके जाने का होता साथ सो रुपे उसके फीश के
03:27और और अजार तो अजार रुपे की दवा �
03:30फिर डाइलिश का आगया लंबर चार लांक रुपे का खर्चा मैक्समा आगया था फिर उसके बाद हम पता लगया खेदराबादी
03:40में कुछ तोड़ी सूलियत है महा करालो फिर हम उसम चले गए फिर उसके बाद जी फिर जिब अमन यो
03:47दिख लगया अक्के यू तो जो भी
03:50घरतर भी बिकने का लंबर आ गया तो हमने फिर बागपती कराया था बागपत पदले गया क्या यहां सी फिर
03:58होगी तो महा का जी खर्चा पान्सु सास्सु रुपे किराई बाड़े का आ जाता है अर्मान लगेते दो अजार तीन
04:06जाने
04:27समेट स्कुराइप जया जाता हुआ हिसर से तेना घाधने फिर नाल रहे संपढकरी तो हम को में उसका कोई खर्च
04:42नहीं था
04:43और जहां तक मेरी जानकारिये फिर्ट में चार से चाहाद रूपेत पर ड्यायनिकर साथ
04:54This depends on the kidney, if the kidney works a little, then the duration will increase and the kidney will
05:01get worse and the kidney will get worse and the kidney will get worse.
05:02Sometimes the patient will get worse than 3 days or 4 days later.
05:06So, no one can say that the kidney will get worse than a few days later.
05:31My name is Soni, my husband has a lot of disease, it has been one year old.
05:38The first time we went to the hospital in the hospital in the hospital two times.
05:43Then I asked them to take kidney transplanted or keep the kidney transplanted.
05:49We didn't have any doubt about kidney transplanted.
05:53We would never go with someone with a lift or someone with a lift.
05:58An important thing is that my husband has no blood in the hospital.
06:05I couldn't feel good.
06:07I couldn't feel good at eating the milk.
06:09I couldn't feel bad at the place.
06:13As a result, the kidney will not be on the hospital.
06:17We are showing them in the economy.
06:19I don't think about the needs of them.
06:22Now, the need of the need is not to go through the lockdown.
06:25I don't know where to go.