- 4 weeks ago
The.Taj.Story Part 2
Category
🎈
FunTranscript
00:00:00वो कहा कि अब वो जिन्दा नहीं बचेगी, क्योंकि ये शुब संकेत नहीं, अगर मा की कोक से बच्चे के
00:00:06रुने की आवाज आती है, तो मा जिन्दा नहीं बचती है, उसी वक्त मुम्ताज ने शाह जहां के सामने अपनी
00:00:12दो खौईशे रखे, पहली खौईश ये थी कि उनक
00:00:16की मौत के बाद, उनकी याद में एक नायाब मकबरा बनाया जाए, और दूसरी खौईश थी कि उनके इंतकाल के
00:00:23बाद, शाह जहां किसी और से निकाह ना करे, शाह जहां ने मंतास के दोनों खौईशें के लिए हामी भर
00:00:31दे, वो हामी तो भर दे मिलो लेकिन एक भी निबा �
00:00:34पाया, ये मजनू लैला के लिए बिल्कुल सिरियस नहीं था, विष्णु जी, काइंडली, टू नोट इंटरफेर, विष्णु जी, जी, सारे
00:00:46में लौर, अच्छा, ये बताएए कि ताज महल का आर्किटेक्ट कौन? जी, उस्ताद ईसा अफनदी और एहमद लाहरी इन दो
00:01:04उनों नहीं ताज महल का पूरा डिजाइन बादशाह के सामने पेश किया था, विष्णु जी, आपको अगर कुछ पूछना है
00:01:17तो पूछ सकते हैं, जी, माई लौर, ये किताब बादशाह नामा है, ये शाजा के दर्बारी लेकर अब्दूल हामीद लाहरी
00:01:25ने लिखी थी,
00:01:26उरिजिनल किताब तो फार्सी में है, मैं उसका तरजुमा पेज नंबर 403 पे साफ लिखा है, कि शाजा आने राजा
00:01:34जैस सिंग से महल ले लिया था, अब उरिजिनल फार्सी, मैं हभीब साब से गुजारिश करूगा, कि वो पढ़के सुना
00:01:42है, जी,
00:02:07अब यह जो आपने पढ़ा, उसका मतलब आपको पता है?
00:02:13जी, इसका मतलब, जी, मेरा फार्सी में कमांड नहीं, क्या, क्या, क्या, क्या, मेरा फार्सी में कमांड नहीं, आपका फार्सी
00:02:24में कमांड नहीं है? जी, नहीं, फिर बार्शा नमा तो पढ़ा होगा ना अपने? जी, हाँ पढ़ा है, बहुत पहले
00:02:30पढ़ा था, हाँ, पढ
00:02:38अंग्रेजी में अंग्रेजी में आपका कमांड है।
00:03:08देता हूँ मिलोड उन लाइनों का हमने फार्सी एक्सपर्ट से अनुबात करवाया है जो इस प्रकार है थान महानगर के
00:03:16दक्षिन में आलिशान स्वर्ग जेसी जमीन पर वो भवन जो राजा मान सिंग के नाम से जाना जाता था अब
00:03:22मिर्जा राजा जैसिंग जो मान सिंग के
00:03:25पोलत्र थे उनके अधिकार में था और बेगम को दफनाने के लिए चुना गया जो स्वर्ग जा चुकी है और
00:03:33जिस महल में उन्हें दफनाया गया वो माहल आलिशान था और गुंबद युक्त था
00:03:40माने मिलोड ये तो अत्ताय हो गया कि वो महल था अब सवाल ये उठता है क्यों महल को रेनोवेट
00:03:47किया गया या फिर महल को तोड़के निव से मकमरा बनाया गया
00:03:51माईलोड मैं एक और एबिडिन्स पेश करना चाहूँगा कि ताज महल का निर्मान फाउंडेशन से शाजा ने ही करवाया था
00:03:59इस पर महर लगाई है जे बी टवर निर्ने ये एक फ्रेंच हीरो के व्यापारी थे और फ्रांस से हिंदुस्तान
00:04:07आये थे व्यापार करने के लिए
00:04:09वो अपनी किताब ट्रेवल्स इन इंडिया में साफ साफ लिखते है
00:04:12मैंने ताज महल का काम शुरू होते हुए देखा और खतम होते हुए देखा
00:04:17वहां बीस हजार मुझदूर काम कर रहे थे और ताज महल का काम खतम होने में बाई साल लग गए
00:04:25माई लोड ये सारी बाते उन्होंने अपनी एक चिताब में लिखी है
00:04:29इससे बड़ा एविडेंस और क्या हो सकता है
00:04:32एक बात बताईए मुझे हबीब साब
00:04:35टाज महल का काम 1632 में शुरू हो गया था
00:04:52तो फिर उसने काम शुरू होते हुए कैसे देखा
00:04:55और रेकोर्ड के मुताबिक तो मिलोड टैवर नियर 1665 में दुसरी बार आगरा आया था
00:05:03तो 1665 में ताज महल का काम खत्म हुआ हो गया था
00:05:111654 में जी तो ना उसने काम शुरू होते हुए देखा ना काम खत्म होते हुए देखा
00:05:17तो देखा कब इंटर्वल में
00:05:22माई लॉड मैं बताता हूँ कब देखा
00:05:241651 से लेकर 1654 के बीच में टैवर नियर हिंदुस्तान में मौजूद था
00:05:31तब उसने ताज महल का काम खत्म होते हुए देखा
00:05:34बिल्कुल करेक्ट फर्मा रहे है राशित साहब
00:05:36टैवर नियर उस वक्त इंदुस्तान में ही मौजूद था लेकिन
00:05:41आगरा आगरा जहां पे ताज महल बन रहा है
00:05:44वहां नहीं था तो उसने देखा कैसे
00:05:46वीडियो कॉल से कि शाह जाने रिल बना के बेजी है
00:05:51अपने रेकॉर्ड चेक किजिए प्लीज हेल्प इम देख रहा हूं तेन दिन से तुम कोई काम नहीं कर रही हो
00:05:58विलोड 1651 से 1614 तक टैवर नियर भारत में ही था
00:06:04वो तीन साल भारत में था लेकिन कभी आगरा नहीं गया
00:06:07गाह का गया था उसका लिस्ट में बताता हूं आपको
00:06:10मसुली पत्नम, मदरा, गंडे कोट, गोल्ड कॉंडा, गोवा, सूरत, एमदाबाद, और अरंगाबाद और फिर वापर गोल्ड कॉंडा
00:06:20लेकिन इसमें आगरा का कहीं जिकर तक नहीं है
00:06:24माई लोड, हभीब साथ, आपने दुनिया में कितनी जगह पे एक इंसान की दो कबरे देखी है?
00:06:33एक इंसान की दो कबरे, एक उपर, एक नीचे, एक ही मकबरे मेराँ जुडवा बच्चे हो सकते हैं, लेकिन जुडवा
00:06:40कबरे?
00:06:41एक दिन के लिए एक रात के लिए?
00:06:44भाबेजान को कितनी तकलिफ होती होगी श्फिटिंग में?
00:06:51ताज महल में एक कपर चौथी मनजिल पर है और एक तिसरी मनजिल पर.
00:06:55माँने कपर का डुपलेक्स हो.
00:06:57और कपरों को लेकर तो ऐसे ऐसे किस्से सुनाए जाते हैं
00:07:01कि शाह जहां के आंसू टपकरे
00:07:04टप टप टप
00:07:08ऐसा मजाग किया ही तिया
00:07:10शाहिद ही कि नहीं लिखा गया होगा
00:07:11अरे तो क्या करें
00:07:13तोड़ दें
00:07:15चलिए आप मेरे साथ चलिए
00:07:17सबसे पहला हतोड़ा मैं ही मारूँगा चलिए
00:07:19राशिद जी
00:07:21प्लीज मेंटेन देकोरम अब लकोट
00:07:23राशिद जी
00:07:24हम कता ही नहीं चाहते हैं
00:07:27कि ताजमाल को खरोश भी पहुँचे
00:07:29मेलोड
00:07:30हर समस्या का हल
00:07:32तोड़ने तुड़वाने से नहीं निकलता है
00:07:34सुविकार से भी होता है
00:07:36हम सिर्फ वितना ही चाहते हैं
00:07:39कि सुविकार किया जाए कि एक हिंदू महल को
00:07:41मकमरे में तबदिल किया गया था बस
00:07:44गाइड विश्नु दास ने जाने माने इतिहासकार रिहान हभीब को
00:07:47अपने सवाल उसे धरा शाही कर दिया है
00:07:49उनके द्वारा रखे गए तर्क काफी मजबूत नजर आ रहे हैं
00:07:52और सोशल मीडिया पर विश्नु दास की ही चर्चार रिंटाउट इसनी दे
00:08:08मैं जा के देख जाए
00:08:18अच्छा किया नहीं बताया
00:08:20कल का दिन बहुत इंपॉर्टन्ट है
00:08:24और वो राशद वो कोई कसर नहीं छोड़ेगा
00:08:32कुषर्ट
00:08:39कुषर्ट
00:08:41कुषर्ट
00:08:42कुषर्ट
00:08:43सादक कुट्व
00:08:44कुट्व
00:08:45कुट्व
00:09:01कुषर्ट
00:09:04कुषर्ट
00:09:06कुषर्ट
00:09:06कुषर्ट
00:09:17कुछ नहीं होगा, कुछ भी नहीं होगा, तुम तुम के पर आउमत।
00:09:28क्या बात है राशिद जी, आज आप ताजमेल कोई कोट में लेके आगे हैं।
00:09:34माई लॉड मेरा बस चलता तो मैं शाहे जहां कोई कोट में ले आता, मगर यह मुम्किन नहीं है, इसलिए
00:09:40मैं सिर्फ ताजमेल ला पाया, ताकि दूद का दूद, पानी का पानी हो सके, इसकी सच्चाई सब के सामने आ
00:09:46सके।
00:09:46और इस सच्चाई को सामने लाने के लिए मैं बुलाना चाहूंगा आर्कियोलोजी डिपार्टमेंट के जाने माने आर्कियोलोजिस्ट, डॉक्टर श्रिनिवास पतेल
00:09:56को।
00:09:59गरांटिप्ट।
00:10:03Dr. Saab, thank you very much for being here.
00:10:06It's my pleasure.
00:10:06Uh, Dr. Saab, ताज महल के ground plan के बारे में थोड़ा डिटेल में बता पाएंगे?
00:10:12ताज महल के model में अच्छे से बता सकूंगा.
00:10:15If I may be committed to do so, Your Honor.
00:10:17Yes, you can.
00:10:19Thank you, Your Honor.
00:10:26Sir, the mausoleum of the Taj Mahal is built on the Hush Behist plan.
00:10:32Dr. Saab, what is Hush Behist plan?
00:10:35Hush Behist plan में building को पेले square और rectangular shape में बनाया जाता है.
00:10:40फिर इसके corners, इसके corners हैं, इन्हें चैंफर्ड किया जाता है.
00:10:45यानि कि चप्टा किया जाता है.
00:10:47जिससे की एक irregular octagonal plan बनता है.
00:10:51My Lord, मैं यहां कुछ कहना चाहूँगा कि यह octagonal plan ही क्यों बनाया गया, इसके पीछे एक reason है.
00:10:57Islamic ideology के हिसाब से, जन्नत के 8 दरवाजे होते हैं.
00:11:018 Doors of Paradise, उसको octagonal plan कहते हैं.
00:11:05उसी को यहां पर बनाया गया.
00:11:07और शाह जाने जन्नत जाने के रास्ते बना दिये, वह भी आठ.
00:11:11देखो, इधर के दर सर्विस रोड भी बनाया होगा.
00:11:16Silence!
00:11:16Please do not interrupt.
00:11:19यहां पर बहुत सीरियस बात चल रही है.
00:11:21आप गाइड हैं, गाइड ही रही हैं.
00:11:22कॉमेडिन बनने की कोशिश मत कीजिए.
00:11:25तो आप ताज के डिजाइन के बारे में कुछ बता सकते हैं.
00:11:29यह जो आप डॉम देख रहे हैं, इसे हम बल्बस डॉम कहते हैं.
00:11:32बल्बस डॉम ची, डबल डॉम स्ट्रक्चर.
00:11:35ऐसे बल्बस डॉम्स ती मुर्यद आर्खिटेक्चर में 14 से 16 सेंचुरी में काफी पॉपिलर थे.
00:11:42अब्जेक्शन मिला होड, सस्टेंज, बोलिये.
00:11:44मैं लॉर्ड, जे गुंबत का कल्चर, आपको कई सारे आइतियासिक मंदीर और बुद्धिस्ट स्टुपास में मिल जाएगा.
00:11:53यह बात बिल्कुल सही है, कि गुंबत बनाने की जो इंस्पिरेशन थी, वो बुद्धिस्टुपास से ही मिली थी.
00:11:58लेकिन डबल डॉम स्टुक्चर, पहले कि स्टुपास या प्राचीन मंदिरों में नहीं देखने को मिलते थे,
00:12:02बिकॉज देवर्ट सिंगल डॉम स्टुक्चर्शूर्ज, अब बर्गर में एक्स्ट्रा चीज़ डालने से पिज़ा तो नहीं बन जाता था नहीं।
00:12:12मैलोड, गुंबद, महराब और मिनारें, ये सब इसलामिक आर्किटेक्चर को रिप्रेजन करते हैं, मंदिरों को नहीं।
00:12:19मैलोड, ये इबी हैवल, बहुत बड़े आर्किटेक्ट है, उन्होंने अपनी किताब में लिखा है, कि सार्सनिक बिल्डिंग, यानि कि इसलामिक
00:12:28आर्किटेक्चर वाले बिल्डिंग, उसमें जितनी भी महराब यूज की गई है, वो सब भारतिया थी, भारत में अलग-अ
00:12:34इसलामिक के महरा पाइलर से मौजोद थी, आपका क्या कहना है, इस पर मैं कोई कमेंड ने कर सकता, मैं
00:12:39कर देता हूँ, मैलोड, ये मुगल आर्किटेक्टेक्चर नहीं है, भारतिया है, मुझे तो ये लगता है कि कहीं शाजा कन्फियूस
00:12:47तो नहीं थे, कि मैं मकबरा बना�
00:12:51मैलोड, वट नॉंसेंस, शाह जहां मंदिर क्यों मनवाएंगे, उनका काम तो तुडवाने का था, साइलेंस, विष्णो जी, कोट की मरियादा
00:13:01का ध्यान रखिये, मैलोड, जे ऑक्टग्लल प्लान के बारे में राशिट जी ने बता है कि ये जन्नत जाने का
00:13:11रास्ता है, मं�
00:13:19मैलोड, ये मंदिर तो 1098 AD में बना था, तब तो मुगल भारत आये भी नहीं था, मैलोड, विष्णु जी
00:13:26के पास कोई पुखता सुबूत नी है, इसलिए यहां की बात वहां मिला के गोल-गोल गुमा रहे हैं, राशित
00:13:32साहब, कुरसी की पेटी बान लीजे, अब जो बात म
00:13:35मैं आपको बताने वाला हूं, वो सुनकर अपका चक्कर खाके गिर जाएगी, मिलोड, ये ताज मैल के रूफ प्लान को
00:13:41देखी आप, चार छोटे गुमबत और बीच में बड़ा गुमबत, इस एरेंजमेंट को हिंदू आर्किटेक्चर में पंच रत्न कहते हैं,
00:13:50जो पंच
00:13:50मुकी शिवली और पंच तत्वों को भी दर्शाता, ए एक्जेक्ट प्लान चंडी सिवा मंदिर का भी है, विश्नु जी तो
00:13:59फिर इस मंदिर का नाम भी बता दीजे, नहीं नहीं, मैं बता देता हूं, मैं लोड, कोच हिंदू एक्स्ट्रमिस्ट इसे
00:14:07तेजो महाले मंदिर �
00:14:10विश्नु जी, ताजमेल कभी मंदिर नहीं था, एंशिंट इंडिया में ऐसा कोई मंदिर नहीं, जिसमें महराब हो या गुंबद हो,
00:14:17मंदिर ट्रिबेट सिस्टम पे बनाए जाते थे, यानि कि दो पिलर और उसके उपर एक स्लैब, यानि कि छत, और
00:14:24मुसलिम जो लाए, उ
00:14:36इनको कुछ फोटो दिखाना चाहता हूं, Mr. Srinivas, you can go to the witness box, जी, मैलोड, मिलोड, ये चित्रांगिनी
00:14:48महल है, जो हम पी करनाटका में, यहाँ पे आपको महराफ साफ दिखाई दिखाई देंगे, नेक्स प्लीज, और ये है
00:14:56जैन मंदिर, इसके गुंबद पे ताजमाल से मिल
00:14:59इन्वर्टेड लोटस भी दिखाई देगा, नेक्स, और ये है मेलोड, जग मंदिर उदेपूर, ये देखे गुंबद, महराब, चात्री, ये सारा
00:15:10राध्पूर स्कूल आर्किटेक्ट्चर है, नेक्स, और ये है कटतस राज मंदिर, इसके ऊपर भी गुंबद है, ये शि
00:15:29ये है सचिया माता टेंपल, राजस्तान में जो आठवी शताब्दी में बने आ गया था, श्रीनिवार जी, आपको ये लगते
00:15:36है कि सारा इस्लामिक अर्किटेक्ट्चर है, और सब मुगलों ने बनाया है, मिलोड, मैं उनसे कुछ सवाल पूछना चाहूँगा, यू
00:15:44में, श
00:16:14ये ताज महल कितने सालों में बना था?
00:16:18उनका नाम भी वहाँ पे गुदा हुआ है
00:16:221639 में सिर्फ मौसुलियम का काम हुआ था
00:16:25बाकी का काम जो है जैसे की मेमान खाना, मस्जिद, गार्डन, कोट्यार्ड
00:16:30वो बाकी के नौ सालों में हुआ
00:16:32मगर शाह जहां के दर्बारी लेकर तो है बताते हैं
00:16:35के काम तो 1642 में ही खत्म हो गया था
00:16:38विश्णु जी ये सब हिस्टोरिकल फैक्ट्स हैं
00:16:40इसका जवाब आपको हिस्टोरियन से दे सब्सक्राइब
00:16:42इस इस नोट माई एरे उफ एक्सपटीज, इम सारी
00:16:45मिलोड, इतियासकार कहते हैं 22 साल
00:16:48पुरा तत्तोव वाले कहते हैं 17 साल
00:16:50शाज आँ के दरबारी कहते हैं कि 10 साल
00:16:53और किसी लॉवबड से पूछो तो कहेंगे अनंतकाल
00:16:56सच्चा ही क्या है आपके विशे की बात करते हैं
00:17:00आप ताजमेल के नीचे जो 22 कमरे हैं उसमें कभी गए हैं?
00:17:04जी हाँ
00:17:05तो उन 22 कमरों में ऐसा क्या है?
00:17:08जी उसे बंद कर दिया
00:17:09जी नीचे के कमरों में तो कुछ भी नहीं यह पब्लिक के देखने लाइग
00:17:13सेक्यूरीटी पर पुबस इसकी वज़े से उने बंद कर दिये
00:17:15कुछ तो होगा ना
00:17:1722-22 कमरों दो कुछ भी नहीं दिये
00:17:19तो पर security किस बात है और बंग क्यों कर दिया और बंग किया तो किया दर्वादे हटा के वहाँ
00:17:26पर मिलोड इट और सिमेंट की दिवारे बना दी है क्यों मिलोड कंसरवेशन का काम तो मेरी नजर के सामने
00:17:33भी तारिवल में कई बार हुआ है कभी मिनार उपर मजज़ेद में गु
00:17:41कोई नहीं जालता है माई लॉड आर्केलोजी डेपार्टमेंट ने कोट के कहने पर दो साल पहले ही ताज महल के
00:17:49नीचे वाले कमरों की तस्वीरे जारी की है जिसमें साफ-साफ देखा जा सकता है की कमरे खाली है वहाँ
00:17:56कुछ नहीं है एक तस्वीर मैंने देखिए मिलोड स
00:18:39परों में चुनवा दिये, क्या था?
00:18:41वो चाहे कितने भी सुबू दिकठा कर ले, ताज महल कभी भी मंदिर साबित नहीं हो पाएगा.
00:18:48ये आप कह रहे हैं?
00:18:51हमें कुछ और सोचना पड़ेगा.
00:18:55अगर आप से नहीं हो पा रहा है ना, तो बोलिए, हम किसी दूसरे वकील का इंतिजाम कर लेते हैं.
00:19:01अधालत से मैंने इसलिए तो वक्त मांगा है ताकि मैं बीका नेर जा सकूँ.
00:19:05बीका नेर?
00:19:07वहाँ क्या है?
00:19:09हुकम का एक्का, अगली हेरिंग के बाद वो कुछ नहीं बोलुआ है.
00:19:17कुछ के अंदर मैं समालता हूँ, बाहर आप समाल लीजेए.
00:19:38मैं जो आज ये सुबूत पेश करने वाला हूँ, ये ना किसी क्रॉनिकल में मिलेंगे और ना ही किसी ट्रेवलर
00:19:45के पास मिलेंगे.
00:19:45आज मैं पेश करने जा रहा हूँ, शाह जहां के अपने अलफाज, उनके अपने मन की बात, उनके फरमान, जो
00:19:55उन्होंने ताज महल बनाते वक्त लिखेंगे.
00:19:58जिससे तारीख वए तारीख सब के लिए हो जाएगा और ये बात भी साबित हो जाएगी कि ताज महल का
00:20:02निर्मान शाजा ने ही करवाया था.
00:20:04ताज महल बनवाते वक्त, शाह जहां ने चार फरमान जारी किये थे, माइलोड, अल्ला की फजल से तीन फरमान हमारे
00:20:12पास आज भी मौजूद हैं, बीकानेर के आर्काइब में.
00:20:14मैं आपको एक एक करके वो सारे फरमान दिखाता हूँ, उनका तरजुमा आपको सुनाता हूँ.
00:20:21ये पहला फरमान, पहले फरमान में शाह जहां जैसिंग को लिखते हैं, जो की डेटिड है 21st जैन 1632, फरमान
00:20:29में शाह जहां लिखते हैं, अल्ला सबसे बड़ा है, नेस्वार्थ, राजा जैसिंग, राजधा नियागरा के भवनों के वास्ते, संग मरमर
00:20:37लाने के लिए घच
00:20:53अब ये आता है दूसरा फरमान, ये दूसरा फरमान, 9 सितंबर 1634 में शाह जहा की ओर से जैसिंग को
00:21:01भीजा गया, इसमें लिखा है, हमने मुलक शाह को आमेर की नई खान से संग मरमर निकालनी के लिए बेजा
00:21:08है, आपको इस संबंध में मुलक शाह की मदद करनी, और तीसरा
00:21:42फरमान क्या कहता है?
00:21:44इन तीनों फरमानों से ये साफ पता चलता है कि शाजा अपनी मरहूम बीवी मुम्ताज के लिए मकबरा बनवा रहे
00:21:52था, शाजा ने जैसिंग की जमीन को लिया, उस पर जो भी कुछ बना हुआ था, उसे तुड़वा कर नए
00:21:57सिरे से ताज महल का निर्मान कराया, and that is the truth!
00:22:03विष्णु जी, जी, आपका क्या कहना है इन फरमानों को सुनने के बाद?
00:22:07सर, मुझे थोड़ा समय चाहिए परमानों को स्टड़ी करने के लिए, आपिलकुल, बिलकुल, क्यों नहीं हूँ, बख लिजे, बलकि मैं
00:22:16तो कहता हूँ कि ये रख लिजे, आजाम से पढ़िए, और कुछ नया मिले तो हमें भी बताईए गाए, हुँँँँँँँँँ�
00:22:44कौन बोल रहा है, आपका सुचिंदा, हलो, हलो, हलो?
00:23:14एक आपका सुचिंदा, हंचिजे, प्रणे कहा हुँँँँआता, हमें पने मॿन नहीं कृट्टे मॉपनी बना है, हाँ, मैं आरहा हुँँँँँँँदा, हाँ,
00:23:30मैं आरहा हूँँँँँँदा, हम चदी करणों चल्टे, कोई शुसार्दे भेना लेए, कुछ तो कोई �
00:23:37आईए
00:23:46मैठी
00:23:50चावाय लेंगे कुछ आप
00:23:51मैठी
00:23:52नमस्तर
00:23:54अभीने बताओ
00:23:55वोई सारी बातों जो आपने हमको बताई
00:23:57सेम तुषेम तुषेम
00:24:00मेरा अर्चेलोजी डिपार्डमेंट में
00:24:01सेलक्षन हुआ था
00:24:02चार साल बाद उन्नीस सो उन्साट में
00:24:05विभाग ने एक टीम बनाई
00:24:07जो ताज के नीचे कंसर्वेशन का काम करने वाली थी
00:24:11उस तीम में मैं भी था
00:24:12ताज के नीचे जब हम कुमरों में पहुँचे
00:24:15तो वहाँ जो हम लोगों ने देखा
00:24:17उसे देखकर के तो हम हैरान रह गए
00:24:24नमनमस्ते साम
00:24:25नमस्ते
00:24:26नमस्ते
00:24:32इस दिवार में जितनी दरार है उसको अच्चे से वरो
00:24:34जी सर्
00:24:35और जितनी पुराने इटे हैं ना
00:24:37सबको निकाल कर नई इटे लगादो
00:24:38ठीके सर्
00:24:53अरे राओ सर्
00:24:54आरा गुराम
00:24:55यह देखिए
00:25:07इसके लिए तो हायर अथार्टी को इंफार्म करना पड़ेगा
00:25:11रगुराम जी
00:25:18आप यह बात अधालक तुम बता पाएंगे
00:25:21हाँ बिलकुल कब आनो हैं
00:25:25कलके सुनवाई के बाद मैं आपको इनफॉं कर दूँगा कि कब जाना है
00:25:29ठीक है लेकिन आप आप तैयार है ना
00:25:33बिलकुल बहुत बहुत शुक्रिया
00:25:35जी क्या बात यह
00:25:37थैंक यह
00:25:46सर विष्ण जी
00:25:54सर क्या लगता है आपको आपके फर्मानों का जवाब होगा इनके पास जवाब सवालों के उत्ते हैं
00:26:02फर्मान अपने आपने जवाब
00:26:08विष्णू जी
00:26:10पिछली हेरिंग में आपने वक्त मांगा था
00:26:12आई होप आपके पास राशित जी के पेश किये फर्मानों का जवाब होगा
00:26:45जे मेलोड
00:26:46तो इस सब तेरा दिन में खड़ा कर दिया
00:26:48तो इसी कौन सी टेक्नोलोजी इस्तिमाल कर रहे थे शाज जहां
00:26:52मेलोड मैंने फर्मानों को बड़ी बारी की से बढ़ा है
00:26:56शाज जहाने जे फर्मान में कहीं नहीं लिखा है
00:26:59कि संगे मरमर को ताज महल के लिए मंगाया जा रहा है
00:27:02उसमें साफ साफ लिखा है
00:27:04कि संगे मरमर को आगरा के भवनों के लिए मंगाया जा रहा है
00:27:08और आगरा फोर्ट में भी संगे मरमर का काम हुआ है
00:27:11पच्छी कारी का काम हुआ हो सकता है
00:27:13ये संगे मर्मर्ण वहाँ बेट दिया हो
00:27:15अब्जेक्शन माई लॉड
00:27:18मैं लॉड जे ताज महल कितना पुराना है
00:27:21ये बताने के लिए मैं अपने अगले गवा
00:27:24औरंग जिब को बुलाना चाहूंगा
00:27:29मेरे उनका खत मैं पेश करना चाहूंगा
00:27:35माई लॉड ये खत औरंग जिब ने 1652 में लिखा था
00:27:38औरंग जिब कहते हैं
00:27:41शुक्रवार को मैं कबर पे शद्दान जली अर्पित करने गया
00:27:44लेकिन कबर के उपर के गुंबत का उत्तरी भाग
00:27:47बरसाद में दो-तीन जगा से टपकता है
00:27:49इसी प्रकार दूसरी मंजिल पर बने अनेक राज किये कक्ष
00:27:53उन सबकी मैंने स्थाई रुप से मरम्मत करवा दिये
00:27:56मजजित और जमात खाने के गुंबत में भी दरार आ गई है
00:27:59अब देखते हैं अगली बरसाद में क्या होता है
00:28:02सबी छोटे बड़े गुंबतों की मरम्मत हो जाने से
00:28:05ये भव्य माहिल गलने से बचाया जा सकता है
00:28:08ऐसी आशा की जाती है कि बाश्या सलामत इस विशे पर विचार कर आवश्यक कारवाई करेंगे
00:28:15ये औरंग जेब ने खुद ने लिखा है
00:28:18अब यहाँ पे दो बाते हैं मिलोड
00:28:20पहली तो ये कि शा जहां को हिरो बना दिया गया
00:28:23पर जे कैसा हिरो है कि उसकी हिरोईन का मकबरा टपक टपक टपक रहा है
00:28:29और जे हिरो को कोई टेंचन ही नहीं है
00:28:31और दुसरी है कि आर्कियोलोजिकल डिपार्टमेंट ने दावा किया था
00:28:34कि 1648 में महल बनके तयार हो गया था
00:28:38बड़े हैरत की बात है मिलोड
00:28:40कि एक नया शांदार महल
00:28:42चार साल के भितर भितरी गलने लगा
00:28:45टपकने लगा
00:28:46क्या वज़ा हो उसकी है
00:28:48एक ही या तो वो महल पुराना था
00:28:50या तो जो महल था वो पुराना था
00:28:53क्या था महल पुराना
00:28:55क्या
00:28:56माई लॉड में आए
00:28:57पर्मिशन ग्रांटिब
00:28:59माई लॉड महल कितना पुराना था या कितना नया था
00:29:02इस बात को साबित करने के लिए
00:29:03मैं दलील देरा चाहूँगा इस किताब से
00:29:06जिसका नाम है The Travels of Peter Mundi
00:29:09जिसे लिखा है Peter Mundi ने
00:29:10वो इसमें लिखते हैं
00:29:12कि उन्होंने ताज महल का construction होते हुए
00:29:15अपनी आखों से देखा है
00:29:16जब वो 1633 में आगरा दोरे पर आए
00:29:20तो उन्होंने देखा
00:29:21ताज महल में हजारों की तादाद में
00:29:24मजदूर काम कर रहे थे
00:29:26सोने, चांदी और संग मरमर का
00:29:28इस्तेमाल ऐसे हो रहा था
00:29:29जैसे कोई आम बात हो
00:29:31और आगे वो लिखते हैं कि मुम्तास की कबर के
00:29:34चारों और सोने की एक रेलिंग लगी हुई थी
00:29:36इसे कता ही साबित नहीं होता है मैलोड
00:29:38कि शाजा ने नहीं उसे ताज महल का
00:29:41निर्मान करवाया था
00:29:42हो सकता है पिटर मंडी ने
00:29:43रेनोवेशन का काम देखाओ
00:29:45असली सवाल तो ये खड़ा होता है
00:29:48कि नकली कबर के इर्दगिर
00:29:50असली सोने की रेलिंग क्यों मनाई गई थी
00:29:53कहीं ऐसा तो नहीं
00:29:54कि असली सोने की रेलिंग के बिच में
00:29:56कुछ ऐसा था जिसको छुपाने के लिए
00:29:59उपर नकली कबर बनाई गई थी
00:30:01मैलोड
00:30:02सभी मुगलों में से
00:30:03शाजा के शासंकाल को
00:30:05गूल्डन एरा ओफ मुगल अम्पायर कहा जाता है
00:30:08क्योंकि वो शासनकाल
00:30:09शान्ति प्रिय था, दौलत और
00:30:12खजानों से भरा हुआ था
00:30:13इसलिए कोई रीजन नहीं है कि
00:30:15शाजहां ताजमहल नहीं बनवा सकते थे
00:30:17या सोने की रेलिंग नहीं लगवा सकते थे
00:30:19बई उनका अपना सिंगहासन ही
00:30:21सोने और हीरे जवाराज से
00:30:23जड़ा हुआ था, पीकॉक थ्रोन
00:30:25के बारे में सब जानते हैं
00:30:27विश्णुदास जी, ये आपकी
00:30:29सारी दलीलें जो है दक्यानूसी है
00:30:31और हास्यास्पत हास्यास्पत
00:30:33बात तो आप कर रहें, राशित साब
00:30:35शाह जाह के समय को गोल्डर नीरा बता कर
00:30:38हकीकत में तो
00:30:39माननिये, आदरनिये, सम्मानिये
00:30:42पूजनिये, शाह जाह का समय
00:30:43बीमारी, महामारी,
00:30:45भिखमंगी और भुखमरी से भरा हुआ था
00:30:49बात्षा नामा में लिखा है, मिलोड
00:30:51जब उत्तथा कथित तौर पर
00:30:53ताज मैल बनवा रहे थे
00:30:55उसमें लिखा है
00:30:56सिमान्त परदेशों में वर्षा का अबावरा
00:30:59दक्षिन और गुजराच में तो सबसे ज्यादा अबावरा
00:31:02इन दो परदेशों में निवासी
00:31:04भुकमरी का शिकार बने
00:31:05बहुत समय तक
00:31:06कुट्टे का मास
00:31:08बक्रे के मास के रूप में बेचा जाने लगा
00:31:11और कुट्टे की हड़ियों को पीस कर
00:31:14आटे में मिला कर बेचा जाने लगा
00:31:16अंत में वो अबाव
00:31:17इस सिमा तक पहुँच गया
00:31:19कि इनसान एक दुसरे का
00:31:21मास खाने के लिए तैयार थे
00:31:23उस वक्त करीब सत्तर
00:31:25लाख लोग मारे गए थे
00:31:27जे सच्चा ही है
00:31:28माननी ये शा जांके गोल्डन एरा की
00:31:31मेरे पास तो कुछ ऐसे डॉक्यूमेंट
00:31:33से मिलोड जिसमें साफ साफ लिखा है
00:31:35कि ताजमेल बनवाने के लिए
00:31:37गाउं गाउं से चंदा इकठा किया जा रहा था
00:31:40जब लोग भुखमरी में मर रहे थे
00:31:42तो किसी मरे हुए का मकबरा बनाने के लिए
00:31:44जबरन चंदा वसुला गया था
00:31:46ताजमेल इस नॉट अस सिंबल अफ लाओ
00:31:59मिलोड मैं इस केस की सुनवाई के लिए
00:32:02अगली तारीक के गुजारिश करना चाहूंगा
00:32:04उस वक्त मैं ऐसा गवा पेश करूंगा
00:32:06जो ऐसे तथ्य और सुभूत देगा
00:32:08जिसे प्रमानित हो जाएगा
00:32:10कि ताजमेल के नीचे के कमरों में कुछ ऐसा था
00:32:14जिसे छुपाया जा रहा है
00:32:16लेकिन मैं चाहता हूं कि उनकी पहचान
00:32:19कॉन्फिडेंशल रहे
00:32:20क्योंकि उनकी जान को खत्रा हो सकता है
00:32:22अब्जेक्शन माई लॉड
00:32:23आर्टिकल 11 और रूल 12 के तहत
00:32:26कोट में किसी भी गवा को पेश करने से पहले
00:32:29डिफेंस काउंसल और कोर्ट में एडवांस नोटिस देना पड़ता है
00:32:32मैं लोड आप जानते हालात किस कदर बिगड़ चुके है
00:32:35तो आई रिक्वेस्ट यू सर प्लीज
00:32:37नो सर ये कानून के खिलाफ है
00:32:39नो
00:32:44पर दिस केस वी अर अलाइं यू अडर स्पेशल प्रोविशन्स
00:32:49आप कैसे परमिशन के सब्सक्राइब
00:32:52रशीद जी आप भी जानते हैं कि एक केस कितना पेचीदा हो चुका है
00:32:56पेचीदा ठीक है लेकिन कानून को तो
00:32:58आने जी जी ना एक गवाई तो है ना
00:33:01अगली सुनवाई 20 को होगी दा कोर्ट इस अजन फॉर्ट डड़ देश्ट पर देश्ट भाइया यह गोभी कैसे दिए
00:33:14साट रुपए साट रुपए यह तो अच्छा भी नहीं है और यह कच्छा पापीदा अस्ति रुपए अस्ति रुपए अस्ति रुपए
00:33:20जी
00:33:23अरे क्या कर रहे हो कैसे दिए बाइए 20 रुपए अ मिंदो impair to
00:33:33कर दो कि एकिसा और यह कैसे लोगों गया हुआ हुआ कि इतना चिला वह रहे है मैंने देखा तुने
00:33:39अब्लड़ नीचे स्ट शीट्राज इस आए लसे स्ट 5 0
00:33:47रहल्क सॉनरियों मरना जैल मरना क्या बना या बना क्या बना क्या
00:33:54फान हो भुष था कंद है
00:34:06फोई ऐसाइपए फि्ठी अरीव ग्रश का हुछ को साले का डिया
00:34:12उय
00:34:12तर बढ़ाओ की सोलेको लिज पुलाओ को अपट पलीस
00:34:26प्लीस को प्लीस
00:34:30एकली आंजाम गड़ा देरा पाप
00:34:34कोई हें कारो अपट कारो आख लुद कारो आख लुद पलाओ
00:34:40अबिधाश, अबिधाश, कोई अबिधाश बोलाओ, कोई अर्फकॉरब, अबिधाश, अबिधाश, बापी, भाबी, देखना क्या कर दिया,
00:35:03टाक्टर नकाहाँ, वो जल्दी ठीक हो जाओ गैं, हाँ, वो चार थे,
00:35:10मैं आखेला.
00:35:14बादूरो पेड़ा.
00:35:19पापा.
00:35:25पाप,
00:35:28आप,
00:35:31आप केज़ बन्चोटने.
00:35:35वो डरा रहे हैं,
00:35:38क्योंकि उन्हें समझ में आगए,
00:35:40क्यों जीतने निवाले हैं.
00:35:45तुबाराम करो बैटा, तुबाराम.
00:36:11अजसा, क्योंकि पुर्णा बिद हैं।аровत
00:36:18क्यों जीतने और ये निय। अजसा.
00:36:40बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे
00:36:45बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे बादे �
00:36:49हमारी सान भूती है आपके साथ
00:36:53बविश्च में फिर ऐसा कुछ ना हो
00:36:54इसलिए आपसे मिलना चाहते थे
00:36:57अब आप हमारी सलक्षन में है
00:36:59बहुत दन्यवा
00:37:03आपने मेरे बेटे का इलाज
00:37:06इतने बड़े अस्पताल में करवाया
00:37:12एक बात पूछ रही है
00:37:16आप मेरी मदद क्यों कर रहे है
00:37:19ताकि एक उम्मीद जिन्दा रहे
00:37:23इसे आपको क्या फाइदा
00:37:26फाइदा नहीं है
00:37:28पर शताप है विश्च जी
00:37:32आपके पिता जी हमसे मदद मांगने आए थे
00:37:34जब उने गाइट की नौकरी से निकाल दिया गया
00:37:39तब मैं उनकी मदद नहीं कर पाया था
00:37:42क्योंकि मैं स्वय में एक साधारन कारे करता था
00:37:47लेकिन मुझे लगता है
00:37:48यदि हमने मदद कर दी होती तो शायद
00:37:51तो शायद वो आत्मात्या नहीं कर दे रहे
00:37:54बिश्ण जी आप जिस सच्चाई को ढूड़ना चाहते हैं
00:38:01उस सच्चाई तक पहुँचने में मैं आपकी मदद कर सकता हूँ
00:38:08आप मेरे बेटे को एक बार देख लीजी
00:38:14मैं सच्चाई जानना चाहता हूँ
00:38:16लेकिन मेरे परिवार को कुर्बान करके नहीं
00:38:21मावारत में अभमनियों की मिर्तियों के बाद
00:38:24जरा सोचिए अरजुन की क्या दशा हुई होगी
00:38:28परोया होगा चिलाया होगा चीखा होगा
00:38:34लेकिन उसने गांडियों नहीं छोड़ा
00:38:38अंत तक युद्ध करता रहा
00:38:42जानते हैं क्यों
00:38:45क्योंकि वो ये जानता था
00:38:47कि यदी मैंने हथियार डाल दिये
00:38:51और कौरो जीत गए
00:38:54तो अभमनियों का बलिदान व्यत्थ हो जाएगा
00:39:00विश्ण जी
00:39:02आप जो करना चाहते हैं किजिए
00:39:06हम आपके साथ हैं
00:39:13हलो बिश्ण जी
00:39:14आशा शेकान जी बोलिये
00:39:16नमस्कार
00:39:18वो क्या है कि रभू राम जी ने
00:39:20कोट में कवाई जेने समयना गरती है
00:39:22क्यों वाट जो हरकत आपके बिटे के साथ हुए है
00:39:26वो यद्धम्की दे रहा हूंको
00:39:44विश्ण जी आपके गवा कहा है विश्ण जी
00:39:54जी जी से सारी जी
00:39:56आपके गवा कहा है जी उन्होंने आने से मना कर दिया
00:40:02क्यों मैं लॉट कोई गवा नहीं है होगा तो आएगा ना
00:40:09मैं लॉट गवा तो है लेकिन अब लास्ट मॉमेंट पे उन्होंने मना कर दिया
00:40:16विश्ण जी अब बस में कीजिए आपकी तरह हर कोई कोट में जोटे और मन गणत इससे नहीं सुना सकता
00:40:23मैं लोट दस टांके लगें सर पे और हाथ कंदे से बिलकुल अलग कर दिया है शडीर पर इतनी चोट
00:40:31है डॉक्टर कहते कि कम से कम दो से तीन मेने लगेंगे पूरी तरह ठीक होने में इतना मारा है
00:40:38मेरे बेटे को अगर मेरी कहानी जूटी है मन गड़नत है तो फिर यो लो�
00:41:06मेरे सवालों के जवाब देने के लिए लेकिन ये चाहते है कि सवाल भी महीं को रूँ और जवाब भी
00:41:11महीं दूँ ठीक है मैं जवाब देता हूं
00:41:14ताज महल का निर्मान शा जाने नहीं किया ताज महल का निर्मान मुगलों के आने से 200-300 साल पहले
00:41:23हो चुका था मिलोड
00:41:26आधरिनी विश्णु जी आप ही ने कहा था कि वो राजा मान सिंग का महल था और मान सिंग अकबर
00:41:32के दरबार में नौरत नुमे से एक थे तो मुगलों से पहले कैसे हो गया
00:41:36मिलोड आर्कियोलोजिकल डिपार्टमेंट की ये दो कितावे हैं कॉर्पस इंस्क्रिप्शनम एन एपिग्राफिया इंडिका इसमें एक बटेश्वर शिलालेक का जिकर है
00:41:48ये शिलालेक ब्रिटिश अधिकारी लौड एलेक्जांडर कनिंगम को आगरा में यमूना नदी क
00:41:54किनारी जब एक्सकेवेशन कर रहे थे उत्खनन कर रहे थे उस्वक मिला शिलालेक में जे लिखा है के चंदल वंशी
00:42:00राजा परमार्दी देव के मुख्यमंत्री सलक्षणा ने दो सफेद स्वटीग जैसे मंदिर बनवाये और कंप्लिशन के तारीक और दिन भी
00:42:08लिखा हु
00:42:24खुषनु जी बटेश्वर शिलालेक में लिखे जिस मंदिर का खिकर कर रहे हैं वो ताजमेहल ही है ऐसा कैसे कह
00:42:30सकते हैं क्योंकि उस शिलालेक में नाम का तो खिकर ही नहीं है यह गुत्ती तो बड़ी आशानी से सूल
00:42:36जायी जा सकती है अगर शिलालेक और ताजमेहल दोनो
00:42:54अधिर, मस्जिद, सारे मनुमेंट्स, उनको लेकर कोई भी ख़ड़ा हो जाएगा, किस की कारबन डेटिंग करवाएंगे, देश के बिलीब सिस्टम
00:43:01पर सवाल खड़ा हो जाएगा मैं इनके चिंता जाएज है मैं लोर। और अगर देश के बिलीब सिस्टम पर सवाल
00:43:08खड�
00:43:08होता है तो तो जल्द से जल्द कार्बन डेटिंग करवानी चाहिए है ना विष्णु जी दिस इस नोट इनफ वन
00:43:16सेकंड में लोड जे रिपोर्ट में आपको दिखाने जा रहा हूं ये फेमस अमेरिकन आर्के अलोजिस पिटर विल्यम्स नाइंटीन एटीवन
00:43:28में ताज माल
00:43:28के बारे में पब्लिश के थी इस रिपोर्ट में उन्होंने साफ साफ लिखा है कि जब वो आगरा आये और
00:43:35ताज माल के निचले हिस्सों में गए तो जमूना नदी के किनारे वाले दर्वाजे से उन्होंने लकडी का टुकडा निकाला
00:43:41उसके कारबन डेटिंग की कारबन 14 उ
00:43:58तो मिलोड मिसाफ पीटर विल्यम क्यों के पत्था उनों के सेंपल स्वांगे- कि उसके ऊपर थर्मो-ल्यूमिनिशंस डेटिंग किया
00:44:06जा सकता था उस वक्त की मौझुदा सरकार ने उस रिक्रस को खा रिच कर दिया तो पीटर विल्यम्स है
00:44:16आर्चियोलोजिकल डिपाड़
00:44:17को खात लिखा और जवाब आया कि ताज महल को कार्बन डेटिंग की कोई ज़रूरत नहीं है मिसव पीटर विलियम
00:44:24अब घर जाएगे उस सारे लेटर्स पहें जमा करा चुका अब्जेक्शन माइल एक मिने जी मुझे ज़र पड़तों लेने दीजिए
00:44:33जी जी
00:44:39हाँ बोली मौलों सबसे पहली बात तो यह है कि अगर हम मान ले मान ले कि पीटर विलियम ने
00:44:46उस दरवाजे के एक लखडी के टुकड़े की कार्बन डेटिंग की थी तो ये भी तो हो सकता है कि
00:44:52वो लखडी का टुकड़ा कंटैमिनेटिट हो लखडी का टुकडा खराब हो और
00:44:57और सिर्फ एक सेंपल की जाज करने से
00:44:58कार्बन डेटिंग का सही परमान नहीं मिल सकता
00:45:01हो सकता है कि
00:45:02पीटर विलियम्स जूट बोल रहे हो
00:45:04क्या सुबूत है कि वो यमना के किनारे
00:45:07वाले दर्वाजे से लकडी का टुकड़ा
00:45:08लेकर गए और उसकी कार्बन डेटिंग की
00:45:10और अगर लिया भी था
00:45:12तो लिया किसकी परमिशन से था
00:45:14है आपके पास कोई लेटर
00:45:15जमा कराया आप जे सब मनगड़ंत है
00:45:18और क्या सुबूत है कि वो गए थे
00:45:20ताज महल के निचले वाले हिससे में
00:45:22है कोई सुबूत है कोई आई विटेस
00:45:25विष्णो जी
00:45:26वी निद मोर एविडेंस
00:45:28ठेक है उसके लिए मुझे
00:45:30थोड़ा और वक्त चाहिए में लौड
00:45:32तो ठीक है
00:45:34कोट आपको दस दिन का वक्त देती है
00:45:37अगर आप एविडेंस देते हैं तो ठीक है
00:45:39नहीं तो कोट अपना फैसला सुना देगी
00:45:43अजर्ण फर टुड़े
00:45:54एक मिलो बभी बाग गओ
00:45:58अब का करो विष्णो
00:46:01वे रगुराम लिके चश्मदिर्धवाद
00:46:05बभी बाग रहा
00:46:08लगता यही केस का अंधर
00:46:10कांध
00:46:13सुबसुब बोलो भईया
00:46:15इम्मत मत हारो आप
00:46:17कचण कचछु रास्तो में लेगो
00:46:26खोना है वाई
00:46:30विष्णो जी
00:46:30आई बिटनस मिल गए
00:46:32कौन
00:46:34है हाशा
00:46:36ए रहाँ संद्राओ मुझाब जी
00:46:39नमस्का याई
00:46:40यहाँ व्ष्णू जी आ वालुदूजी
00:46:44रहाँ संद्रविश्दाश करे जी
00:46:48आ वीवाँ यूदाश्म मिलobी आपकर अंधर
00:46:52अंधर विश्नुड़ास
00:46:58चरिव दिवर्ध जूब जावधर अना प्रियम्स
00:47:01okay no problem harsha i would be more than happy to help i will send you the carbon dating lab
00:47:09report
00:47:09actually sandra only a lab report is not going to be enough for us we need an eyewitness witness
00:47:16so you know you're the only eyewitness who's alive but how will i come to india on such a short
00:47:24notice the travel the arrangements how is all this possible in such a short span of time i know
00:47:29sandra it's a bit too sudden for you but we really need your help otherwise we'll be in huge
00:47:34problem please harsha i'm not the only eyewitness there is one more person who is very much alive
00:47:41and had accompanied us to the basement of the taj mahal he's yogesh path what
00:47:48yogesh what that's right mr yogesh path do you know where he is right now yeah for sure he lives
00:47:55in
00:47:55daradoon i'll talk to him he's definitely gonna help you
00:48:02uh
00:48:03uh
00:48:03uh
00:48:04uh
00:48:06uh
00:48:06uh
00:48:06हुआ है हुआ है टाइम क्योंते पंक्चोले है नाइम भी है को जो दियो है आते होंगे पताने चोना आ
00:48:14रहे है आना तो चाहिए
00:48:18किसी से मिलने आएक रेस्टराउंट में बता खरो कौन है हो एक बीस सेकेंड नदर नहीं हटनी चाहिए जी
00:48:29तिलो आगे अगे इधर आजाओ ब्राउं टिश्र यह आजाओ नमस्का है लो नमस्ते वैंच नमस्ते वह जो नमस्ते वो
00:48:49जानना है कि आप कभी भी ताहर मैल के निशेवाले कंपरों में गये हैं हां गया है
00:48:56मेरे पास वहां के फोटोग्राफ भी हैं
00:48:58ओ, रेट
00:49:00मैंने वहां जो दिखा
00:49:03वो आस तक रास है
00:49:06तो यह बात आप अदालत में आके बता सकते
00:49:08अज विटनेस
00:49:09बिल्कुल बता सकते
00:49:11बताएए कब चलना है
00:49:13आप बोले
00:49:14बिल्कुल चलना है जी
00:49:15बिल्कुल चलेंगे तो यहार है जी में तयार हूँ
00:49:17लेओ है वो काम
00:49:18ओ, लोवली, थैंक्यों
00:49:20वेलकम
00:49:21अच्या विल्कुल चलनी
00:49:21अरे, कच्छु खा तो लेओ
00:49:27माबूल
00:49:27ताज महिल के नीचे के कमरों के बारे में बात कर रहे थे
00:49:30वो आपनी बोल रहा था कि उसने एंसा कुछ दिखा है
00:49:32जो आज तक एक राज है
00:49:34यह कोट नहीं पहुचना चाहिए
00:49:36जाहे कुछ भी हो जाए
00:49:37जी भाई
00:49:42चलो भाईया
00:49:44जैसे सोचो, रैसे यहरो
00:49:45कोई परिशान नहीं बही
00:49:48बिल्कुल
00:49:48आवे जाहो आपको काम सबढ़िया
00:50:02यह कहां से आगे
00:50:08जो बारे निकलो
00:50:12निकलो निकलो
00:50:13बार्ति गारी बनाव निकलो
00:50:15जो उचलो
00:50:21अगर शांत रहेगा
00:50:22तो तेरे महमान को बापस भेज देंगे
00:50:25अगर पुलिस के पास गया
00:50:26तो डेट बोडी आएगी इसकी
00:50:28तेरे इसके लिए भी एक P.I.L. डाल देना
00:50:31विश्नुदास
00:50:32शांत रहने में ही भलाई है
00:50:34जाल अगर जाल तू
00:50:45जाल तू
00:50:58विश्नुदास
00:50:59विश्नुदास
00:51:08विश्नुदास
00:51:10में लोड ये वो आईविटनेस है
00:51:12जो पीटर विलियम के साथ
00:51:14ताज मायल के नीचे के कमरों में गए
00:51:16मैं लोड
00:51:18ये हू क्या रहा है
00:51:20जिसका भी मन चाहे वो कभी भी उटके आ सकता है
00:51:22ये शुद नौट अलाव इस
00:51:23आप क्यो पहनिक हो रहा है
00:51:25आप बोलने से ना आईविटनेस लाओ
00:51:27आईविटनेस लाओ
00:51:28लेके आगया आईविटनेस देख लो
00:51:29मैं लॉड वी नीट वेरिफाइ इस विटनेस फर्स्ट
00:51:32हो सकता है ये कोई फेक विटनेस हो
00:51:35आपके पास कोई सॉलिट एविडेंस होगा
00:51:38शेमी लॉड
00:51:39मुझे डर था कि जो गुराम जी के साथ हुआ है
00:51:42वो योगेश भट जी के साथ भी हो सकता है
00:51:44तो मैंने पहले से तैयारी कर ली थी
00:51:46दो दिन पहले जिस योगेश भट जी की किटनेपिंग हुई
00:51:50लेकिन वो असली योगेश भट नहीं थे
00:51:52वो थे उत्त्राखन के senior police रदिकारी bridge bush जी
00:52:00silence
00:52:03इड़न पी जी मिलो आप ब्रेट बुशन जी को मैं बुलाना चाहूंगा आप उसे वेरिफाई कर सकते हैं
00:52:10permission granted my lord यह यह नहीं कर सकते हैं ब्रेज मुशन हाजिर हो
00:52:21जाइन सर नमस्ते अब जड़ साब को बताईए उस दिन क्या हुआ था
00:52:25सर मुझे कुछ दिन पहले विभूती पाठक जी का फोन आये था
00:52:30प्रणाम भाया जी आ नमस्कार ब्रेज विशन जी जी होकुम एक बहुत ज़री काम साप रहा हूँ आप
00:52:49समझें समझ गया भाया जी आप बिल्कुल फिकर ना करें आपका काम हो जाएगा ध्यान रखिएगा
00:52:57योगेश भड़ जी अब एक दो दिन तो आप हमारे ही साथ हैं
00:53:02विस्तार से ताज महल के तैखानों के किस से बताईए मुझे
00:53:07किडनेपर्स आरेस्ट हुए है यह सर तीनों किडनेपर्स आरेस्ट कर लिए गए अभी इन्वेस्टिकेशन चल लही है और जल्दी हम
00:53:14उन्हें कोर्ट में पेश करेंगे
00:53:15आपने बहुत बहुत बाहदुरी का काम किया है सर गुर जब थैंक यू अभी आप जा सकते हैं
00:53:23तो मिलोड ये थी असली सच्चाई नकली योगेश्वट की रशिद जी अगर इस किडनेपिंग में इस केस से जुड़े कोई
00:53:33भी आदमी का कोई इन्वाल्मेंट निकला
00:53:34तो मुझे इसके कोई जानकार ही नहीं है विष्णु जी असली योगेश्वट कहा है असली योगेश्वट इस वक्त अदालत में
00:53:46मौझूद है मिलोड और आपके इजाज़त हो तो मैं नको बुलाना चाहूंगा
00:53:49प्लीज कॉल ही जटको नमसिके
00:54:04योगेश्वट जी I want to know the whole story
00:54:08थोड़ा डिटेल में बताएं
00:54:10शीरिमान पीटर विल्यम्स और वियनवच के साथ मैं भी ताजमेल के निचले से में गया और हमारे साथ हमारे गाइड
00:54:18महंदर दास पी थे
00:54:21ताजमें memang थाई रखेह उनडत देश्थ है
00:54:24यद्वन में इतना निकोंट नियुक्त निचलेवारे विल्यम्स ऑगेश्श्ग साथ
00:54:47विस्टेयर हाइडिंग
00:54:49oh my god
00:54:51हम सब यमना नदी के किनारे आगए
00:54:54पहाँ पर
00:54:56विल्यम सर ने एक इच्छा जाहर की
00:54:59I wish
00:55:01I could get a brick sample
00:55:04or wood sample
00:55:06for carbon dating
00:55:07so I can
00:55:10find out when
00:55:11Taj Mahal was built
00:55:15sir
00:55:16let me bring a piece of wood for you
00:55:18how?
00:55:20it's unlawful
00:55:22truth is the only law
00:55:24I care about
00:55:33thank you
00:55:33Mr. Yaogesh Bhat
00:55:36Peter William sir
00:55:37वो लकडी का तुकडा लेकर अमेरिका चले गए
00:55:39वहाँ पर उन्होंने कार्मन डेटिंग की
00:55:42जिससे यह पता चला कि यह लकडी का तुकडा
00:55:451369 A.D. के
00:55:46आसपास का है
00:55:48जैसे हैं उन्होंने यह रिपोर्ट संबिट की
00:55:50इंडिया में यह ख़ब फैल गई
00:55:52और उस वकडी की मौजूदा सरकार ने
00:55:54नदी के किनारे जितने भी लकडी के दरवादे ते वह सब हटा दिये
00:55:57और उसको इंड की दिवार से चिनवा दे
00:55:59माई लॉड योगिस जी हम कैसे मान लें कि जो आप कह रहे हैं वो सही है
00:56:04सेंडर विलियम्स पीटर विलियम्स की डॉटर है जो अभी जिन्दा है
00:56:10वो भी हमारे साथ ही उस वक्त आप चाहें तो उनसे पूछ सकते हैं
00:56:18योगिस जी वेरिफाई तो हम करेंगे फिलाल आप जा सकते हैं
00:56:33यह किताब अमेरिकन राइटर स्टिफन नेपने लिखिए ताज महल एन इस अल्टरनेटिव हिस्ट्री इस किताब में वही लिखाए जिसका जिकर
00:56:45रगुराम जी ने भी किया था
00:56:46में लोड इस किताब में एक एहम बात लिखी है कि 1959 में देश को आजाद हुए बारा साल बिद
00:56:55चुके तब आर्कियोलोजिस्ट मिस्टर राव अपनी टीम के साथ ताज महल के नीचे के कमरों में कंजर्वेशन का काम करने
00:57:04के लिए गए
00:57:14अरे राव सर आरे गुलाव यह देखिये
00:57:27माई लोड उस दिवार के पीछे अष्ट वासू की मुर्ति निकली मिस्टर राव ने तुरंत इस बात का जिकर ऑथोराइस
00:57:36परसंट से किया तो वहां से जवाब आता है कि
00:57:42कि ताज की दिवारे और अपना मुँ दोनों बंद कर दो
00:57:46मैं ज़े किताब के आधार पर यह इतना गंभीर आरोप कैसे लगा सकते हैं किसी सरकार पर या किसी व्यक्ति
00:57:55विशेश पर
00:57:56मिलोड अगर किताबों के आधार पर जे माना जा सकता है कि ताज महल शाह जाने नहीं बनवाया था तो
00:58:03किताबों के आधार पर यह भी माना जाना चाहिए कि ताज महल शाह जाने नहीं बनवाया था
00:58:08इस सारे पखेडे को सुल जाने का एक ही उपा है
00:58:11कार्बन डेटिंग
00:58:13ताज मेल के कार्बन डेटिंग करवा देगी
00:58:15सिधा साफ हो जाएगा
00:58:16कितना दूद, कितना पानी
00:58:18जान लो ताज की पूरी कहानी
00:58:23साइलेंस
00:58:30कोट को सारे एविजेंस एग्जामेन करने के लिए थोड़ा बख चाहिए
00:58:34तब तक आप दोनों अपनी अपनी अपनी क्लोजिंग स्टेटमेंट ते यार कर लीजिए
00:58:37नेक्स यारिंग विल बी और 22nd
00:58:40अपनी कोट इस अचर्ण फर दिंग
00:58:43पापा टीको क्या आगए
00:58:45चलो चलो पापागे पापागे
00:58:47आइअ आपागे आपईदा ऻस्टो Kelvin
00:58:50सवरी
00:58:50चलो चलो
00:58:52अपको शessäर्टो पापागे
00:58:53अब्सक्याएँ उस्म्जा मत गाजंग
00:58:56अश्त को Kick
00:58:57एबनो
00:58:57है यह परमेत छिखाय करों डड़ा� te
00:59:07कि
00:59:07ह
00:59:08ह
00:59:10झाल झाल
00:59:50आज महल की सुनवाई को लेकर आज कोट परिसर के बाहर लोगों के बीच काफी गहमा गहमी है
00:59:55हजारों की संख्या में लोग यहाँ पहुच रहे हैं
00:59:58अब देखने वाली बात ये होगी कि आखिरकार विकास और इतिहास की जंग में जीत किसकी होती है
01:00:04विज्णूनास ने अब तक कोट में मुगलों की कई राज उजागर सो कर दिये हैं लेकिन असल में जीत किसकी
01:00:08होगी
01:00:08इसका निर्णे आज होना है
01:00:13अच्छा आँ verdमने प्राबात ये के राजी खिर्णलोंपयि अजलख आप ने घ्यएवी बाहुग जयौग जयुझा जयुझा मोण में अराफ तवरूël
01:00:35जयुझा किसके अख्फट �Cha
01:00:40कर दो, कर दो, कर दो, कर दो.
01:00:44कर दो, कर दो, कर दो.
01:01:15कर दो, कर दो, कर दो.
01:01:36आप सबसे उम्मीद करता हूँ कि आप लोग शान्ती के साथ इस प्रोसेडिंग को सुनेंगे
01:01:42राशिद जी, यूर क्लोजिंग स्टेट्मेंट प्लीज
01:01:46तैंक्यू माई लॉड
01:01:49माई लॉड आज फैसले का दिन है, एक ऐसा एतिहास एक दिन है
01:01:53जिस पर पूरे हिंदुस्तान की नजर टिकी हुई है
01:01:56सारे मीडिया की नजर इसी केस पर है, क्यों?
01:02:00क्योंकि हर आदमी ये जानना चाता है कि आप ताज महल के बारे में क्या फैसला सुनाएंगे
01:02:05उस से पहले मैं ताज महल के एक और पहलो पर रोशनी डालना चाहूँगा
01:02:10थोड़ी देर के लिए हम ये मान लें, साइड में रख दें कि ताज महल किस ने बनवाया, क्यों बनवाया,
01:02:16कब बनवाया
01:02:17और सिर्फ ये सोचें कि महज ताज महल होने से हमारे मुल्क हिंदुस्तान को क्या फायदा है
01:02:25माई लॉड, साल में लाखों टूरिस्ट ना सिर्फ हिंदुस्तान से, बलकि विदेशों से, दुनिया के हर मुल्क से ताज महल
01:02:36को देखने आते हैं
01:02:38हर साल सरकार को कई सो करोड का बिजनिस मिलता है, जिससे मुल्क की एकॉनोमी को बहुत फायदा पहुशता है
01:02:46दूसरी तरफ, ताज महल से रोजी रोटी कमाने वालों की एक लंबी फैरिस थी
01:02:53जैसे कि गाइड्स, जो कि विश्णू जी खुद हैं और इनकी तीन-तीन पेड़ियां इसी काम में लगी हुई हैं
01:03:00तो गाइड्स, फोटोग्राफर्स, रिक्षावाले, दुकानदार कहने का मतलब है कि एक चना बेचने वाले से लेकर होटल चलाने वाले तक
01:03:09का घर ताज महल की वज़े से चलता है
01:03:11माई लॉड आगरे का नाम सुनते ही दिमाग में दो चीज़े आती हैं सिर्फ एक महा का पेठा और दूसरा
01:03:19ताज महल
01:03:19अतीत के चक्कर में पढ़कर ऐसा ना हो कि कहीं हम अपना वर्तमान खराब कर ले
01:03:24और साथ अजुबों में शुमार होने पर देश को जो इज़त मिली है ताज की छवी धुमिल करके कहीं हम
01:03:32वो खिताब गवा न दे
01:03:33माई लॉड ताज महल में लोग इसलिए दिल्चस्पी लेते हैं क्योंकि इसकी नीव महबबत पर रखी गई
01:03:41माई लॉड जितने भी कपल ताज महल को देखने आते हैं उनके मन में कभी न कभी ये बात जरूर
01:03:47आती होगी
01:03:47कि काश उन्हें भी कोई ऐसा प्यार करने वाला मिले या मिलता जो उनके लिए ताज न सही छोटा मोटा
01:03:55घरी बना देता
01:04:03अगर इसकी कहानी बदली गई तो इससे बहुत नुकसान होगा जिनको जो करना था वो करके चले गए
01:04:09अब हमें ये सोचना है कि हमें क्या करना है
01:04:11माई लॉड ये देश में धर्म विबादों को बढ़ावा देगा
01:04:15ये चिंगारी एक भैंकर आग बनकर फैल सकती है अगर इसे रोका नहीं गया तो
01:04:21ताज के इतिहास से हमारे देश के भविश्य को फाइदा होगा नुकसान होगा
01:04:26भविश्य बनेगा या बिगडेगा इसका फैसला आपके हाथ में है
01:04:31माई लोर सवाल पूछना बहुत आसान है लेकिन असली हिम्मत चाहिए होती है जवाब सुनने के लिए
01:04:37ये सवाल की ताज महल किसने बनवाया था पूरी दुनिया में कोई भी पूछे कितनी बार भी पूछे कभी भी
01:04:45पूछे
01:04:46इसका सिर्फ और सिर्फ एक ही जवाब है शाह जहां ने
01:04:50With this I rest my case my lord. That's all. Thank you.
01:04:59Mr. Vishnu, आपकी closing statement.
01:05:05My lord, ताज महल दुनिया का सात्वा अजूबा है उसके बारे में कोई दोराई नहीं है
01:05:11और मैं ये भी नहीं मानता कि ताज महल के निर्मान के सच्चाई बाहर आने से
01:05:16ताज महल की छवी धुमिल हो जाएगा. बिल्कुल नहीं.
01:05:19मुझे तो लगता है कि उल्टा कोहरा चढ़ जाएगा और ताज महल साफ दिखने लगेगा.
01:05:23और मैं ये भी मानता हूँ कि ताज महल कई लोगों के जीवन या अपन का साधन है.
01:05:29लेकिन क्या मिलोड सच्चाई से मूँ मोड कर सिर्फ दंदा कर नहीं हमारी मान सेकता है?
01:05:34पिर तो हर एक विदेशी आक्रमान कारी साइए जो सिर्फ यहां पे धंदे की द्रिष्टी से आएग जैसे कि इस्ट
01:05:41इंडिया कंपनी.
01:06:04पर उसके उपर अगर आपने सच्चाई बताने की कोशिश की तो उसे प्रोपेगंडा कहके खारीज किया जाता है.
01:06:11में लोट बरसों पहले बख्तियार खिलजी नाम का एक दरिंदा भारत आया था उसने नालंदा विश्व विध्याले को आग लगा
01:06:18दी था नालंदा विश्व विध्याले जहां दुनिया पर से लोग पढ़ने आते था
01:06:24नब्य लाग किताबे जला दी थी तीन महीने तक आग जलती रही हजारों विध्यारतियों शिश्यों को काट के रख दिया
01:06:31और असली भारत का इत्यास उस आग में स्वाहा हो गया फिर आये अंग्रेज उन्होंने भी हमारे इत्यास के साथ
01:06:40खिलवार किया और जोमन में अनाप �
01:06:42अप लिख दिया और फिर आजादी मिली तो एक नया दुश्मन खड़ा हो गया वाम पंद रोचाहिल वाम पंदी इत्यास
01:06:52कारों ने अपने हिसाब से इत्यास को तोड़ा मरोडा और एक नया इत्यास रच दिया आप देखिए मिलोड हमें अंग्रेजों
01:07:01के अत्याचार के ब
01:07:12कोई जिकर रही है अंग्रेजों ने 200 साल राच किया मिलोड लेकिन कभी भी किसी मंदिर को तोड़कर गिरिजा घर
01:07:19नहीं बनाए मिलोड जिस शाजा को सेक्यूलर कहा जाता है कि सभी धर्मों से प्यार करने वाला सभी लोगों को
01:07:27गले लगाने वाला एक मासुम से क्यूट सा
01:07:30वो शाजाने देश में अंगिनत मंदिर तुडवाए है और अकेले बनारस में 46 मंदिर तुडवाए है यही प्रमाने शाजा कितना
01:07:40सेक्यूलर था यहां हमारे देश के कुछ सेक्यूलर तो रामायन और महाभारत भी सवाल उठा थे उनके इसाब दो राम
01:07:47और कृष्ण का तो
01:08:00करते शेक्यूलरों के मुपे तमाचा भी जड़ दिया मिलोड सदियों से चली आ रहे भारत की सव्वयता को बार बार
01:08:08दुनिया भर के लोगों रे खतम करने की कोशिश की लेकिन वो कभी सफल नहीं रहे वो सव्वयता आज भी
01:08:14बरकरार है क्यों क्योंकि भारत की रग्ग में
01:08:18सनातन है और यह सनातन का अर्थ यहां पर किसी परंपरा पंथ या धर्म से नहीं है सनातन एक सोच
01:08:26है सोच
01:08:28लेकिन दुखी बात है मिलोर्ड कि आजादी के इतने साल बाद भी हम लोग पूरी तरह से सनातन को नहीं
01:08:36अपना पाएं
01:08:36उसे ऐसे परे रखा जैसे हमारी कोई मजबूरी है या हम किसी चीज से डरे हुए है
01:08:42मिलोर्ड इत्यास दुनिया की सबसे बड़ी अदालत है लेकिन जिसकी नीव जूट पे आधारित हो उसे नियाई की उमिद तैसे
01:08:51की जा सकती है
01:08:52आजादी के 78 साल बाद हुई हमारी सोच हमारा नजरिया उन्हीं लोगों के तलवे चाट रहा है जिन्होंने लेश मात्र
01:09:00संकोच नहीं किया हमारी पूरी सब्वेता को खतम करने की हमारे अस्तितों को मिटाने की और फिर भी हम चुप
01:09:07है
01:09:08बगवान कृष्णा कहते हैं कि मौन रहने में समझधारी है लेकिन मौन रहकर अन्याय सेना हर चाटे पे गाल आगे
01:09:16करना उसमें समझधारी नहीं तायरता है लेकिन अब सवाल उठाने पड़ेगे
01:09:22क्योंकि अब अगर सवाल नहीं उठाए तो हमारा इत्यास और हमारा अस्तित्व दोनों सवाल बनके रह जाएंगे
01:09:30That's it, Milon
01:09:50इस केस की प्रोसिडिंग सुनने के बाद ऐसे तथ्य ऐसे एविडेंस से सामने आये हैं
01:09:57जिसकी जनकारी जनसमाज को पहले नहीं थी
01:10:00ये बात तो बिलकुल साफ है कि इतिहास में बहुत सारी इत्रूटियां है
01:10:06जिसको सुधारना बहुत जरूरी है
01:10:09इसलिए कोर्ट इस नतीजे पर पहुंची है कि एजुकेशन बोर्ड हिस्ट्री की किताबों में बदलाव करें
01:10:17और इस पर विचार करें कि बच्चों को भविश्यों में आगे बढ़ने के लिए कौन-कौन से चप्टर्स पढ़ाने चाहिए
01:10:23और ये भी हिदायत देती है कि वो इतिहास के प्राचिन मंदीर और मनुमेंट्स को भी सिलेबस में आड़ करें
01:10:29तक ही बच्चे अपने देश के प्राचिन मंदीरों और महलों के बारे में जानकर रिरक सके
01:10:35ताजमहल पर दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद कोर्ट इस नतीजे पर पहुँची है कि ताजमहल सिर्फ एक इमारत
01:10:42ही नहीं बलकि विश्वध हरवर है
01:10:44इसलिए दोनों पक्षों के दस्तावेजों को ठीक से निरिक्शन करने के बाद ही कोर्ट किसी फैसले तक महुँच सकती है
01:10:51इसलिए कोर्ट ताजमहल पर फैसले सुरक्षित रखने का ओरडर देती है
01:10:56ओरडर तुकिग दवर्डिक्ट अउन दाजमहल रिजर्भड
01:11:06विश्णु दास की ही तरह ताज महल का इतिहास कुछ लोगों के लिए एक सवाल बना हुआ है
01:11:11इसलिए समय समय पर लोगों द्वारा जनहित याचिकाएं दाखिल की गई
01:11:19इलाबाद हाय कोट रजनीश सिंग 7 माई 2022
01:11:22श्री रजनीश सिंग ने लाबाद उच्चे नया ले लखनो बेंच में याचिका दायर की
01:11:27जिसमें उन्होंने ताज महल के 22 बंद कमरों को खोल कर हिंदू मूर्तियों की उपस्तिती की जाच करने की मांग
01:11:33की
01:11:33साथ ही एक तथ्य जाच समेती गटित करने की भी मांग की गई थी
01:11:36अदालत ने 12 मई 2022 को याचिका को न्याईक रूप से विचारणियन नहीं बताते हुए खारिच कर दिया
01:11:43अदालत ने सपश्ट किया कि एतिहासिक तथ्यों का निशकर्ष न्यायपालिका नहीं निकाल सकती
01:11:48ये काम विशेशग्यों और शोद करता हो का है और इस दावे को राइट टू इन्फोमेशन आर्टियाए एक के तहत
01:11:55खारिच कर दिया था
01:11:56और जनहित याचिका प्रणानी का मजाग बनाने के खिलाफ चेतामनी दी गए
01:12:00सूर्स हिंदुस्तान टाइम्स
01:12:02सुप्रिंग कोट रजनी सिंग अक्टूबर 2022
01:12:05रजनी सिंग ने इलाबाद हाई कोट के आदेश के खिलाफ सुप्रिंग कोट में अपील की
01:12:10उन्होंने अपील में ताज महल के हिंदू मंदिर होने 22 कमरे खोलने और तथ्य जाच की मांग को दोहराया
01:12:17अक्टूबर 2022 में सुप्रिंग कोट ने ये याचिका को प्रचार हेतु याचिका पब्लिसिटी इंटरेस्ट लिटिगेशन करार देते हुए खारिज कर
01:12:25दिया
01:12:25और हाई कोर्ट के तरकों को पुष्ट किया
01:12:27कोर्ट ने जोर देकर कहा कि एतिहा से तथ्यों को निर्धारित करना नयाय पालिका की भूमिका नहीं है
01:12:33सोर्स हिंदूस्तान टाइम्स
01:12:35आगरा जिला कोर्ट छे वकील अप्रेल 2015
01:12:382015 में छे वकीलों ने आगरा जिला नयले में याचिका दायर की कि ताज महल को अग्रेस्वर महादेव मंदिर घोशित
01:12:46किया जाए और हिंदू पूजा की अनुमती दी जाए और ताज महल के नीचे बंद कमरों को खोला जाए क्योंकि
01:12:52वहां हिंदू डेवी देवताओं की मू
01:13:08रंजन अगनी होतरी एवं हरी शंकर जैन 2015 इन्होंने नेक्स्ट फ्रेंड की याचिका के रूप में ताज महल को शिव
01:13:15मंदिर बदाकर हिंदू पूजा की अनुमती की मांग की अदालत द्वारा ये याचिका खारिज कर दी गें क्योंकि A.S
01:13:21.I. और सरकार ने ताज महल को श
01:13:38ताज महल के अंदर जलाभी शेक आरती जैसे हिंदो धार्मिक अधिकारों की अनुमती दी जाए इस मामले की अगली सुनवाई
01:13:4422 जुराई 2025 के लिए निर्धारित की गई है और इसे लंबित माना जा सकता है
01:13:50सोर्स हिंदुस्तान टायूज आगरा सिवल कोर्ट आजय परताप सिंख 27 मार्च 2026 एक नई आचे का दायर की गई जिसमें
01:13:58ताज महल को मंदिर घोशित करने और इसलामिक गतिविदियो को रोकने की माम की गई
01:14:02सुनवाई 9 अपरेल 2024 को निर्धारित हुई थी तब से अपडेट सारवजनिक नहीं है इसलिए ये मामला भी अभी तक
01:14:09लंबित स्तिती में दिखता है
01:14:11सोर्स रुपबलिक
01:14:33सुनवाई 9 अभी तक लंबित सारवजनिक अभी तक लंबित सारवजनिक नहीं है
01:15:02सुनवाई 9 अभी तक लंबित सारवजनिक नहीं है
01:15:33सुनवाई 9 अभी तक लंबित सारवजनिक नहीं है
01:16:02सुनवाई 9 अभी तक लंबित सारवजनिक नहीं है
01:16:10सुनवाई 9 अभी तक लंबित सारवजनिक नहीं है
01:16:53झाल झाल
01:16:58झाल
01:17:30झाल
01:18:02झाल
01:18:38झाल
01:18:39झाल