00:11गंगा का जल अस्तर तो भीया कहको मतलब की लगतार बढ़ रहा है और हम लोग का दिक्कत है कहको
00:21मतलब की समसानगाट में मेरा दुकान है लाज जरने में दिक्कत हो रहा है
00:26अगर एकात फिट आओ पानी बढ़ जाएगा तो रोड पर आ जाएगा रोड पर जलने लेगा और सरकार से हम
00:34एती है कि आपर ध्यान देवे और गया को मतलब कि जो कटाव हो रहा है उसको तो नहीं रोकिए
00:40नहीं तो अभी तो बरने के इस्तिति है पुड़ा भी है ऐसा बात
00:50थिक्ट ऊट जाएगा वड़ ज्याइगा जाते है तो गहीं है कि मतलब कि तुँप सिमान तो लेने आ रहा है
01:06लेकिन बोडी लेकर ल्स जाले करया
01:10अगी दिखत है कि दम बगल में है और थोड़ा सा ऊब पानी बढ़ेगा तब जलने लेगा तब दिखत हो
01:16जाएगा समस्या हो जाएगा सरकार से क्या पील एक है यहां कर धियान दिजिए जो काटा हुड़ा वहां को बोड़ा
01:24बालु बालु-वलु को रख कर उसको तनी रहने
01:44पानी अभी बढ़ते जा रहा है खत्रा से उपर होते जा रहा है सारी जानुवर को बैठने का जगा नहीं
01:53है सकदर पानी हो गया जहां लोग रहते थे उस घर में भी पानी ढूग गया है
01:58अब वहां से लोग आली आली नाव से लोग पट्टी आ रहा है तो मैं निवेदन करता हूं सरकार से
02:04कि जल से जल जानुवर को चारा आदमी को खाने पिने का व्यवस्था किया जाए यही मेरा सरकार से निवेदन
02:15है
02:16क्या सरकार तो बहुर यह कि जो फ्रेट बित्ति में जिनके घर में पानी आ गया है गंगा का जलस्तर
02:21पर गया उसको लेके सरकार तमाम सुगदा दे रहे तो क्या आप लोग तक तो नहीं आया है
02:27सुधा तो अभी तक नहीं आया है इतना खतरा बर गिया है कितना गंगा से आ रहे हैं करेंट कापी
02:32तेज़े क्या ड़तो तो नाव से भी बहुत जादे ड़ लगता है चाहाज भी नहीं चलना है बाकि अब रह
02:39गया कि अब तो जिस पर बित्ता हुँ तो आपको हेल नहीं प
03:04पानी अभी रूका नहीं है बरते जा रहा है खतरा से उपर हो गया है अब बरते भी जा रहा
03:08है यह मैं सरकार से निवेदन करता हूं
03:15इसको भी ज़िवेथां हैं तो इसलिए हम लोग दिखा में ले आया है कहीं सब वहास्ता कर कि उसको खिलाया
03:28जाया ।
03:28कि हम लोग थोड़ा एक दिन के लिए परदास कर सकता है जानवर तो अलबुलता धन है तो बोल नहीं
03:34सकता है कि हमको खाना चाहिए अब रहा कि नहीं चाहिए बाकि उसको तो देना है जो निया में उसको
03:39तो दीजिए का खाना पीना
03:42को थे आगज़े का तो दीया रहा है क्या नाम निर्हाला कुमार निर्हाला जी जी रहाशतिती यह बहुत करबी Tschgityeubo
03:51भॉ्स दैये पूरा घर में पानी आगया
03:54सारा रासन पताई के दिकत हो गया आदमी को खाने पीने चलने का रास्ता सब बंद हो गया घर छोड़ना
04:03पड़ेगा सब आदमी आदा से जादा आदमी घर छोड़ दिया दीरे-दीरे सब आदमी आते जा रहा है
04:10लगा से क्या में सरकार से किया सरकार हम लोग लोग के खाने पीने के विवस्ता करें मोद सी को
04:16विवासता करें इस यूब
04:17पर उसको व्यवास्ता लगाए केंट कि यह चलाए भोजन के व्यवास्ता लगाए बहुत सारे आदमी यह दो बहुत जा रहा
04:26है यहां हर साल लिखत होता आप लोगों को हर दिकत होता है
04:32क्या बेकल्पिक विकल्प आप चाहते हैं सरकार से कि सरकार हमारे लिए ऐसा विकल्प करें कि हमें घरना चोड़ना पड़े
04:38हैं हमें घरना ऐसा कोई उपाय नहीं लग सकता है जो सरकार कर सकता है तीन महीना के लिए हम
04:43लोग के लिए कर सकता है बाकी नौ महीना के लिए हम लो
05:02करती है अब आदत पड़ गया तो डर खतम हो गया आप लोग मुवझाorsch पड़ गया था आते Mormon कर
05:14वह गया हं आदा शुक्सराइब
05:16समझ शुम्हालना करें का शुद्ध ऐसे उठीटिति जो
05:32बच्चा लेके भाग रहे हैं हर साल ही आता है हम लोगों को सरकार के तरफ से कुछ नहीं है
05:41यहां करेंगा बजार वाले के लिए होगा दियारा में जो लोग हैं उनके लिए कोई साधन ही नहीं है रोट
05:50पर रखेंगे परसासन आगा मारे के बेलाएगा
05:55कुछ नहीं मिलता है शिरिफ बजार वाले लोगों को मिलता है दियारा वाले लोगों को नहीं मिलता है सरकार से
06:01क्या चापते हैं सरकार क्या देगा सुभधाम लोगों को कुछ नहीं देगा कागज़ पर सुभधा होगा भासन में सुभधा होगा
06:08मिलेगा कुछ नहीं मिलेगा
06:11कि अपना परिशा से खिलाएंगे गर्दुवार साथ पोड़ना पास में पुड़े पंचाइत का बहुत सही नुकसान है इस्तिती खड़ाब है
06:31घर में पानी है लोगों को खाने के लिए रासन नहीं है अपने आगया लोग कमाएगा खायेगा जनावर को खिलाएगा
06:38अपने �
06:38वीकाइब