00:04नवजाज शिशू का जब जनम होता है तो उसके जनम के समय महीने वार नक्षत्र इस्थान आदी देखकर कुंडली तेयार
00:12की जाती है जिससे काफी हद तक उसके वेक्तित्व गुण और भविश्य के बारे में पता चलता है
00:17भगवान श्री कृष्ण का जनम द्वापर यूग में भादरपद माहा के कृष्ण पक्ष की अस्टमी ती थी और रोहिनी नक्षत्र
00:23में हुआ था
00:26जोतिश के अनुसार जनमास्टमी के दिन जिन बच्चों का जनम होता है उनमें विशेश गुन पाई जाते हैं ऐसे में
00:32चलिए आपको बताते हैं जनमास्टमी के दिन जनमें बच्चे कैसे होते हैं उनका भविश्य कैसा होता है
00:37दरसल 27 नक्षत्रों में, रोहिनी चोथा नक्षत्र होता है, जिसके प्रमुक्देव, ब्रह्मा और स्वामी शुक्र ग्रहए हैं.
00:44इस नक्षत्र को जूतिश में बहुती शुब और सुन्दर माना जाता है.
00:48जिन बच्चों का जनम जनमास्टमी के दिन रोहनी नक्षत्र में होता है वो लोग काफी चंचर, रचनात्मल और विवहारिक होते
00:55हैं
00:55महीं जिस कन्या का जनम इस नक्षत्र में होता है वो सुंदर, मृदु भाशी, परिवार की लाडली और रिष्टों के
01:01समर्पित रहने वाली होती है
01:03रोहनी नक्षत्र में जनमा बालक, आकर्शक, मिधावी और कला प्रेमी होता है
01:08हर्श योग, जनमास्टमी के दिन जनम लेने वाले जात्र को की कुंडली में चन्द्रमा उचका होता है
01:13जिससे मानसिक, मजबूती, आकर्शन और संचालन शमता मिलती है
01:17महीं अगर अस्टमीती थी, रोहनी नक्षत, व्रिशब, लग्न और मध्यरात्री का योग एक साथ बनी
01:24तो इसे जैनती योग कहती है
01:26इसमें जनमे बच्चे कुल का नाम रोशन करते हैं और जीवन में आपार, सफलता और प्रतिस्ठा प्राप्त करते हैं
01:32उमीद करती हूँ आपको जानकारी पसंद आई होगी
01:34फिलहाल हमारे इस वीडियो में इतना ही वीडियो को लाइक, शिर और चैनल गो सब्सक्राइब करना ना भूले