00:00अधिले दिनों से राहुल गांधी जीश्टर से चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयोग ग्यानेश जी के उपर लांचन लगा रहे
00:15हैं उस पर आज का इप्रेश्वारता आहुत किया गया है
00:21और बड़े दूख के साथ ये बताना पड़ रहा है कि जो कांग्रेश सब बार से भी ज़्यादा चुनाव हार
00:32चुकी है
00:33और आज बौकला हट में आकर जो कांग्रेश के नेता है राहुल गांधी वो देश दिरोही आचरन पर उतारू हो
00:45गए है
00:47नेता पर्तिवत्च राहुल गांधी के अगवाई में कांग्रेश अब देश की तमाम सवयधानिक संस्थां को बदनाम करने
00:56लगातार जोट और फरेव के रादनीतिकर देश को बदनाम करने में जूटी हुई है
01:05देश के मुख सुना आयुट समेट तीनों आयुटों के संक्त प्रेश कांख्रेंस से असाबित हो गया है
01:12कि आयोग में किसी तरह का मदभेद नहीं है
01:17बलकि कांग्रेश के तमाम दावे नके वाल खोखले हैं
01:22बलकि जान बूचकर देश की प्रदेश्चा को नुकसान पहुँचाने
01:27और भारत की सरुधानी ब्रोस्था को कमजोर करने की राहुल गांधी की ये सोची समधी साजी से
01:35सबको मालूम है कि केंद्रेश चुना आयो के संस्प्रेश नोट से
01:42दूद का दूद और पानी का पानी हो गया है ये फिर से सावित हो गया है कि कांग्रेश सिर्प
01:49और सिर्फ जूट
01:51संसनी और भरम फैलाने का काम कर रहा है और उसका जूट फिर से एक बार देश के सामने में
01:58बेनकाब हो गया है
02:02आयोग ने अपने स्युक्त बयान में
02:06ACR, ACIR समय सभी
02:08तीनों चुनायोतों की स्वर्मति से
02:12लिया गया है, ऐसा इसपस कर दिया है
02:16भारत के चुनायोग की दुनिया भर में
02:19साख है, उनकी सरहना होती है
02:23लेकिन ये बिपक्स का सवाल उठाना
02:32एक तरह से कांग्रेश का हतासक बरिनाम है
02:36और लगातार कांग्रेश इस तरह की हरकत से बाज नहीं आती है
02:43ये के अंग्रेशी अकबार की जो रिपोर्ट को आधार बनाय गया है
02:48वो मात्र कोरी कल्पना के अलावा कुछ भी नहीं है
02:54केबिनेट सेकेटरी को लिखेगे पत्र का जिकर है
02:58जबकि इस पत्र में नितिकत विशे पर नितिकत विशे से कोई समंद नहीं है
03:09न वो SIR से समंदित है
03:12वो एक समान प्रसास के विशे है
03:16वैसे भी चुनावायोग सीधे रास्पती जी के प्रती जबाब दे होता है
03:23इसलिए केबिनेट सच्ची को किसी नितिकत मामले पर पत्र लिखने का कोई तूप भी नहीं है
03:30नहीं आयुक्तों ने ऐसा कोई पत्र लिखा है
03:33अब सोस्त की बात है कि जिन विश्यों को सुप्रीम कोर्ट तक सही ठारा चुका है
03:39उसके खिलाब भी कांग्रे जूड फैला रही
03:43फार्म 6 के भुसना पत्र समेट अनेक विश्यों पर मानने सरोच न्यालाई से पहले ही
03:51पहले से ही पक्ष में निरने आ चुका है
03:54फिर भी कांग्रे सुवधानिक संस्थाओं को बदनाम करने की नाकाम कोशिस करती रहती है
04:00कांग्रे को सुवधानिक संस्थाओं पर बेबुनिया दारुप लगाने के बजाए
04:05तथ्यों का समान करना चाहिए तथ्यों को परखना चाहिए
04:11। यह देखा गया है कि जब ही कांग्रेश जनता की अदालत में पराजित होती है, चुनाव हारती है, तो
04:20अपना खीज उतारने के लिए वो स्वयधानिक संस्थाओं पर जूठे आरुप लगाती है, कभी निरवाचन आयोग पर, तो कभी एवीयम
04:33पर.
04:33Thank you very much.
05:03Thank you very much.