00:01. . . . .
00:21বྲདས বླ বླག
00:34लेकिन खारी देसों में चल रहे युद्द का असर गौलियर के स्टोन कारोबार पर भी पढ़ रहा है पिछले तीन
00:39महीनों में शिपिंग कंटेनर का किराया तीन गुना तक बढ़ गया है जिसकी वज़े से अंचल की स्टोन इंडस्ट्री का
00:45करीब 300 कंटेनर माल रुका पड�
00:48Gualier-Chambal-Anchal ka Balua-Pattr
00:50Better quality ka ho ta hai
00:51Jiski wajahe se iski demand bhi echehi khashi hai
00:53Anchal se salana 500 kron rupay
00:55Ke turnover wale is karoobar ko
00:57Iran, Israel aur America ke bici
00:59Chal rahe yudh ki nazer lag gai hai
01:00Kyunki salana karoobar mein
01:02Is pattr ki videshi bhoomika
01:04Kariib 1.500-200 kron rupay
01:06Tuk hai
01:06Sabse zahda Balua-Pattr
01:08Isse bane utpad
01:08Europe ke 27 dèšo
01:10Sameet Saudi Arab, Dubai
01:12Aur Australia ke liye
01:13Gualier se niriyat ho ta hai
01:14Lekin container ka kiraya
01:16Barne se in dèšo ke orders
01:17Saiyar hoonne ke baad
01:18Ataak gay hai
01:19Anchal ke stone kariobariyong
01:21Ki punji bhi block ho gai hai
01:23Ismeen sab na hi anntar aya hai
01:25Kye joh mal rukta hai
01:27Usmeen payment ruk jata hai
01:28Payment ke baad joh order
01:30Sabhi ruk jathe hai
01:31Benchi payment hi nie ayega
01:32Toh sabhi chijó me anntar aja ta hai
01:34Phantki ke kambhi aja ta hit
01:35Uske baad hamaari joh
01:37Lagata kaam chalata hai
01:38Vos ektam down ho jata hai
01:40Kauunki hama mal ka stock kaan kare hai
01:42Kauunki kia aapan khadhan se lete
01:44Mal
01:59stone park industrial association
02:02के अध्यक्ष सथ्य प्रकास चुकला कहते हैं कि पहले 27 टन के कंटेनर के लिए 1800 से 2000 डॉलर यानि
02:10भारती मुद्रा में करीब 2 लाख रुपए चुकाने होते थे लेकिन अब ये किराया 500 डॉलर तक पहुंच गया जिसकी
02:17वज़े से खरीदार को उतने ही माल के लिए जादा कीम
02:32माल तैयार करने के लिए जगे नहीं बच रही अगर यहाला दो से तीन महीने और इसी तरह बने रहे
02:37तो स्टोन कारोबारियों को अच्छा खासा नुकसान होगा
03:02पर रहा है इसलिए हमारे बाहरों ने ओडर को होल्ड पर रखा है ओडर है लेकिन होल्ड कर दिया है
03:07उन्होंने कि जब भाड़ा सही तरीके से हो जाएगा जब हम इसको करेंगे अब यह क्यों आया है कि युद्ध
03:13की इस्तितियां है या जो जो सी में चल रहा है उसके कारण
03:17उनको जारे चकर लगाना पड़ रहा है लगवग डाइसों से तीन सो कंटेनर पूरे वाले रंचल में रुके हुए है
03:22जिनकी कीमत बारे से पंद्रे करोड रूपए है इतना माल रूप में उसके दू असर हो रहे है एक तो
03:31हमारी फैनेंसिल इस्तिति दिकत में आ रही है औ
03:46इस्तिति एक दो महिने और रही तो हमको निश्यत रूप से इसके बारन सोचना पड़ाएगा हम माल को तैयार माल
03:51को रखनी पाएंगे और कच्छे माल को भी प्रोसेसें कराने के लिए जगे कम पड़ जाएगी
03:56एक दो महिने से बैटे हुए हम लोग माल जा नहीं रहा है तो गया मेज़दूरी भी नहीं मिल लही
04:01है और मेज़दूरी नहीं मिल लही तो घर का कर्चे चलाने में दिक्कत आ रही है
04:04अपर भी हमारे साथ वाले हैं 15-20 लोग सब अपने पने गाम बग गग गए
04:19इस वेस्टूरी के बीच भारत सरकार रें ट्रांसपोर्ट सबसिडी की शुरूआत तो की है लेकिन इसका फाइदा सिर्फ डारेक्ट एक्सपोर्टर
04:28को मिल रहा है
04:29डीम्ड एक्सपोर्टर इस मामले में अब भी खाली हाथ है ऐसे में सीधा नुपसान कारोबारियों की कमर तोड रहा है
04:36गौलियर से प्यूश रवास्तव की रिपोर्ट एटीवी भारत