Skip to playerSkip to main content
  • 9 minutes ago
उत्तर प्रदेश पुलिस की फिर क्या ही जरूरत... बेहतर होगा कि इसे खत्म कर देना चाहिए... ये टिप्पणी किसी विपक्ष के नेता ने नहीं ब्लकि देश की सर्वोच्च अदालत ने की है... सुप्रीम कोर्ट ने यूपी पुलिस की कार्यप्रणाली और मनमानी पर अब तक की सबसे तीखी और तल्ख टिप्पणी की है. सुप्रीम कोर्ट ने एक मामले की सुनवाई के दौरान यूपी पुलिस को आड़े हाथों लेते हुए यूपी पुलिस द्वारा कानूनी प्रक्रियाओं का माखौल उड़ाने का आरोप लगाया है...

Category

🗞
News
Transcript
00:00उत्तर प्रदेश पुलिस की फिर क्या ही जरूरत? बहतर होगा कि इसे खतम कर देना चाहिए. ये टिपनी किसी विपक्ष
00:08के नेता ने नहीं, बलकि देश के सर्वोच अदालत ने की है. सुप्रीम कोट ने यूपी पुलिस की कार्य प्रणाली
00:16और मनमानी पर अब तक की सबसे
00:18तीखी और तलक तिपनी की है. सुप्रीम कोट ने एक मामले की सुनवाई के दौरान यूपी पुलिस को आड़े हातों
00:27लेते हुए, यूपी पुलिस द्वारा कानूनी प्रक्रियाओं का माक हॉल उड़ाने का आरोप लगाया है. सबसे पहले तो ये सुनिए
00:36कि आखिर सु�
00:48वरोसा करेंगे. बहतर होगा कि हम यूपी पुलिस की सभी जाचों में CBI को शामल करने के लिए कहें. इससे
00:56तो अच्छा है कि हम यूपी पुलिस को ही खतम कर दे. यह बकवास किसी ना किसी मोड पर तो
01:02रुकनी ही चाहिए. आप आरोपी को मौके पर पकड़ते हैं, लेकिन
01:06F.I.R. में उसका नाम नहीं देना चाहते. शायद अगर समीकरण आपके पक्ष में बन जाए तो आप नाम
01:14बदल सकते हैं. अपने किसी व्यक्ति का नाम डाल सकते हैं. क्या वहाँ इसी तरह काम होता है? व्यवस्था और
01:22कानून के साथ चल रहा यह खिलवार और बकवास अ�
01:36यह तिपनी एक F.I.R. में आरोपी का नाम खाली छोड़ देने और बाद में नाम जोड़ने पर की
01:42है. पूरा मामला क्या है हम आपको समझाते हैं. हम आपको बताते हैं कि सुप्रीम कोट में किस मामले पर
01:50यूपी पुलिस पर तीक ही तिपनी की है. दरसल यूपी पुलिस �
01:54एक मोटर साइकल सवार के खिलाफ अग्यात व्यक्ति के नाम से F.I.R. दर्ज की. जबकि शिकायत करता का
02:02कहना था कि उसने आरोपी को मौके पर ही पकड़ लिया था और पुलिस के हवाले कर दिया था. पीट
02:09ने सवाल किया कि F.I.R. अग्यात लोगों के खिलाफ क्यू दर्
02:24से ही जाच को एक तरफा तरीके से आगे बढ़ाया. उसका कहना था कि मौके पर पकड़े गए मोटर साइकल
02:33सवार का नाम F.I.R. में दर्च नहीं किया गया और आरोपी वाले कॉलम को खाली छोड़ दिया गया.
02:40बाद में हाई कोट के स्टेटस रिपोर्ट मांगे जाने के �
02:43बाद पुलिस ने चार्च शीट में बाइकर का नाम शामिल किया. लेकिन बाद में उसे क्लीन चिट दे दी गई.
02:51याचिका करता ने यह भी बताया कि जब मोटर साइकल जब्ट की गई थी तब उस पर नंबर प्लेट नहीं
02:58था. लेकिन जाच के दौरान बाद में उसमें ए
03:13पार्टी अध्यक्ष और उनके नेताओं ने सुप्रीम कोट की आड में सीधा योगी सरकार पर तीखा हमला बोला है. और
03:22यूपी पुलिस पर मन मर्जी करने का आरोप लगाया है.
03:26इस सुप्रीम कोट ने कहा है कि पुलिस ख़तम कर देनी चीए. ये बात पहली बार नहीं हुई है. मैं
03:34मानिये सुप्रीम कोट, मानिये हाई कोट. समय समय पर सरकार पर इस से भी इसी तरह की टिपड़ियां हुई है.
03:45सुप्रीम कोट, हाई कोट से इसी तरह की टिपड़िया
03:48foreign
04:22The Supreme Court has not done it, many times he has done it.
04:30If you see the Supreme Court in the period of time, when the Supreme Court has done something,
04:39the Supreme Court has stopped.
04:55The Supreme Court has stopped.
04:59राज्य सरकार और पुलिस के आला अधिकारियों को सक्त निर्देश दिये हैं।
05:05कोट ने साफ कहा है कि कोई भी पुलिस अधिकारी कानून और सविधान से उपर नहीं है।
05:11अगर पुलिस ने अपनी इस मनमानी कारेशली को तुरंग नहीं सुधारा,
05:16तो अधालत को सक्त कदम उठाने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
05:21जिसकी पूरी जिम्मेदारी सीधे तौर पर उत्तर प्रदेश शाशंकी होगी।
05:27वहीं यूपी पुलिस को मिली इस चेतावनी के बाद राज्य की सियासत भी गर्माई हुई है।
Comments

Recommended