00:00वहां पर मॉब लिंचिंग का खतरा था जो रिपोर्टर्स वहां पर रिपोर्टिंग कर रहे थे जब बाबा राम रहीम को
00:05गिरफ़तार किया गया था
00:13यह भी बोला जा रहा है कि मिर्ची भी छिर्की जा सकती आपके उपर, तो प्रोटेस्टर्स के बीच तो जाएं,
00:20लेकिन जब लाटी चार्ज हो, जब लाटी चार्ज हो, यह आपको लगर वैसा होने वाला है, तो बी बहाइंड दो
00:27पुलीस, I think this is the safest place to cover.
00:29प्रोटेस्टर्स सुन ले, कौन आ रहा है आपके साथ, आपके साथ प्रोटेस्ट में, आपके अगेंस्ट खड़े होने या आपको रोकने
00:37के लिए, वो जड़ा सुन ले, और रियलाईज कर ले कि वो इतने पॉपुलर क्यों है, और उनका खौफ क्यों
00:44है, और वो लोग जो �
00:47जो कि ऐसे जगों पर काम करते हैं, जहां पर माववादी और भाकी लोग को कंट्रोल करने की कोशिश करते
00:55हैं, अब उन लोगों को दिल्ली बुलाया जा रहा है।
00:57क्लियरली सब बोल रहे हैं कि नरेंद्र मोधी यानेश कुमार को बचा रहे हैं।
01:02आज ही यह भी ख़वर आती है कि उनको जेट प्लस सिक्योरिटी दी गई है।
01:05यार जो करना है कर लो, मैं तो सिक्योरिटी बढ़ाऊंगा उसको और ज्यादा पॉपुलर करूँगा, फेमस करूँगा, जो करना है
01:12कर लो।
01:12पत्रकार के तोर पर कैसे कवर करें ऑक्टोबर 10 का सीजेपी प्रोटेस्ट, यह जानना बहुत जरूरी है, मेरे साथ है
01:19मेरे कॉलीग नागेन, नागेन गले में यह आईडी कार्ड बहुत जरूरी हो गया है।
01:23अब वैसे देखिए, मेरी आदत तो रही नहीं, आईडी कार्ड पहन के कोई भी पत्रकारिता करने की या ग्राउन पे
01:29जाने की।
01:30आप नागेन सबसे पहले वर इंडिया के तरफ से सुबह वहां पहुशने वाले हैं, जंतर मंतर पर, क्या लगता है
01:35आपको जिस तर से प्रिल्यूड कॉंग्रेस ने बनाया है, इससे भी बड़ा सोरूप देखने को मिलेगा।
01:39इससे बड़ा प्रोटेस्ट होने ही वाला है, अब एक फाइट चल रही है, सीजेपी वर्सेस कॉंग्रेस, कि यार इसका असली
01:48दावेदार कौन है, इसके सक्सेस का, अभी मामला इतना गर्मा गया है, ज्यानेश जी को लेकर के ऐसे ऐसे मीम्स
01:55बनाये जा रहे हैं, या ये �
01:56अब क्लियरली सब बोल रहे हैं कि नरेंदर मोधी ज्यानेश कुमार को बचा रहे हैं, आज ही ये भी ख़वर
02:02आती है कि उनको जेट प्लस सिक्योरिटी दी गई है, ये हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट है, इन सब के बीच
02:07नरेंदर मोधी की इतनी ज्यादा हिम्मत कि
02:10वो सीधे ललकार रहे एक तरीके से, प्रोटेस्टर को, कि यार जो करना है कर लो, मैं तो सिक्योरिटी बढ़ाऊंगा,
02:17उसको और ज्यादा पॉपुलर करूँगा, फेमस करूँगा, जो करना है कर लो, अब हो सकता है सरकार या मेचे बोले
02:23कि हाँ जी, अब तो उनकी जान क
02:24खत्र है, क्योंकि प्रोटेस्टर उनके घर तक पहुंच जाएं, उनके ऑफिस तक उनके घर तक भी पहुंच जाएं, लेकिन दिल्ली
02:31में ग्यानेश कुमार का घर कहा है, ये अभी भी किसी को नहीं पता है, चलिए, इट्स वेलकेट सीक्रेट, इसको
02:36मैंटेन किया गया है,
02:37अब बात करनी है कि जो हम रिपोर्टर्स हैं, हमें कैसे वहाँ जाना चाहिए, कैसे पहुचे, कैसे सेफ रहे, बहुत
02:46सारी चीज़े हो सकती है, क्योंकि सीजेपी ने बहुत बड़ा अनॉंस्मेंट किया है, कॉंग्रेस इसवार बहुत अक्टिव नजर आ रही
02:51है, तो प्
03:05कि मिर्ची भी छिड़ की जा सकती है, आपके उपर, अक्सर डिफेंस के लिए यूज किया जाता है, और दिल्ली
03:11पुलिस के कर्मी भी इस प्रोटेस के जद में आगे हैं, कई ऐसे वीडियो दिखे रागें, जिसमें उनकी भी धुलाई
03:18होती हुई नजर है, उनके भी कपड
03:59आइंगे.
04:0112 साल काम करने के बाद, अब लोग आप से ठक चुके हैं, वो सचमें बदलाव चाहते हैं, शैद उसका
04:07ही नतीज़ा है कि अब ये इस प्रकार से उभर के आ रहा है, CJP could be just a reason
04:13that our people got, लोगों को एक सहारा मिल गया, एक रास्ता मिल गया अपने आपको एक्स्प्रेस करने का, औ
04:27लोगों को एक सहारा, एक रास्ता मिल गया, a reason to descent और उसके तरीखे, जो भी लोग अपना रहे
04:33हैं, चाहे वो freelancers हो, YouTubers हो, मीडिया कर्मी हो, या आम जनता हो, जो वहां कैमरे से शूट कर
04:39रही है, सबसे बड़ा हथियार जो आप कैरी कर सकते हैं, वो एक identity card और पानी की बोतल
04:46जिससे की कम से कम आपको वहां पर खड़े रहने की इजाजत हो, एक security risk हम सब ना बन
04:52जाएं, चलिए यह तो यहां तो अभी खून खरावा नहीं हुआ, thankfully कुछ ऐसा नहीं हुआ है, मैं आपको बता
04:59दू, जब प्रोटेस्ट हुआ था, बाबा राम रहिम की गिरफतारी का, �
05:04तो हमें याद है कि 15-16 लोग मारे गए थे, उसी प्रोटेस्ट में पुलीस ने उनके उपर firing की
05:09थी, आग जनी हुई थी, बहुत ज्यादा हिंसा हुई थी, और उस प्रोटेस्ट से लोगों के जो लोग उसको cover
05:16कर रहे थे, उनके wrong take काप गए थे, कितने लोग फस गए थे, �
05:19बाबा राम रहीं के campus में फसे हुए थे, चार-चार दिन वहीं छुपे हुए थे, बैठे हुए थे और
05:25उनके समर्थक लोगों को खोज रहे थे, तो खत्रे तो बहुत आते हैं, बट ऐसा भी नहीं है कि दिल्ली
05:32में अभी इस तरह का महौल बन गया है कि आप इस story को cover ही ना
05:48जाती है, तब I think it is more dangerous, अगर आपको एक mob लिंचिंग का खत्रा था, जो reporters वहाँ
05:56पर reporting कर रहे थे, जब बाबा राम रहीं को गिरफतार किया गया था, लेकिन यहां ऐसा कुछ अभी thankfully
06:02नहीं होगा, क्योंकि नागिन, काफी समय भी बदला है, आप जिस प्रोटेस की बात कर र
06:18connections है, तो उसके वज़े से भी कुछ अत्तक बदला है, पुलिस वाले भी लाठी भांजन से पहले देखते हैं,
06:23कि भगया किसको लग रही है, कैसे लग रही है, क्योंकि हर चीज क्या मेरे के साथ, लोगों के मीडिया
06:29के कैमरे के सामने ड्रामा कर रहे थे, उपर देख रहे थ
06:42सब्सक्राइब नजर तो बनाए रखेंगे, आप भी हमारे साथ जुड़िए, दस अक्टूबर शनिवार को सुबह साथ मजे से लेकर हम
06:49आपको सीधा प्रसारण दिखाएंगे, जंतर मंतर से सीज़ेपी प्रोटेस का.
07:03झाल