00:00जैसे ही दिल्ली पुलिस के पास अभी जी दिप्ट के जी की दादी के निधन की इतला पहुची, ये दुखत
00:06समचार उन तक पहुचाने के लिए पुलिस करनी उनके पास गई और हर प्रकार की मदद के लिए उनसे पूछा
00:13गया, फ्लाइट्स, कॉल्स या जो भी उन्हें जर
00:29कर थोड़ा सोचने का टाइम भी दिया गया, फिर दुबारा से मदद के लिए पूछा, सीजेपी की प्रेस कॉन्फरेंस में
00:36इस तथे को गलत तरीके से चित्रित किया गया है, ये आप इस वीडियो में देख सकते हैं,
00:59अए प्रेस क्या हैं, ये उन्हें प्रेस कंद अब लिए ज दोगी एक प्रेस्ट के रहां जोगी आप समय एप
01:13के लिए प्रफूश्म, जशना फिर देख सकते हैं, विच्छना एंगे, बस्योगी ठापको नटब कर दब दोगिए, प्रफ, प्रफ, ख्लाइ, जोगी
01:21एंग
01:51मापको नहीं जोहार देगे
01:52जमोडन की सीरे कर्दे कंडुर् une 들を ?
01:55आटिसा बात के साहर चाहरी?
01:59क्या इंचै की साहरा?
02:01मुझ ञूब कुछ सीरे काश़ा?
02:05जो इट नचाहरा?
02:09अज्योग चैनि काश़ा करा?
02:09आव्या, ज्याराण ?
02:13आश्योड मरेधा है महाइ जितारी की शाहरा?
02:32पूर्फ आचरण के अनुसार, उन्होंने पूर्फ में दी गई अंडर्टेकिंग्स, तथा लॉफल डारेक्शन को फॉलो नहीं किया था.
02:39जब इन्हें पिछली बार पर्मीशन दी गई थी, तब इन्होंने कानून को फॉलो नहीं किया और इनके द्वारा जुटाई गई
02:46भीड, द्वारा भारी पत्राव, आगजनी, हिंसा की गई तथा सरकारी संपत्तियों का भारी नुकसान भी पहुचाया.
02:54निधारित पत्रिया का पालन ना किये जाने, पूर्व में भी कानूनों वह दिशाने देशों का अनुपालन ना किये जाने के
03:02मामलों, तथा वर्थमान में सुरक्षा, वह कानून एवं रवस्था की स्तिती को ध्यान में रखते हुए, जंतर मंतर पर प्रस्तावित
03:11धर्ण
03:11प्रदर्शनी की अनुमती नहीं दी गई थी। दिल्ली की सुरक्षा एवं नागरीकों के जानमाल के बचावेतु दिल्ली के कई शेत्रों
03:22में धारा 163 VNSS लगाई गई। जिसके तहट किसी भी तरह के जमावडे एवं प्रोटेस्ट की अनुमती नहीं थी।
03:30इसलिए अभीजी दिपके और उनके दो साथियों को कौकरत जन्ता पार्टी द्वारा जन्तर मंतर पर दिये गए विरोध प्रदर्शन के
03:39कॉल के मद्दे नजर 10 अक्टूबर को हिरासत में लिया गया था क्योंकि उक्थ प्रदर्शन की अनुमती नहीं दी गई
03:46थी।