Skip to playerSkip to main content
  • 13 minutes ago
कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ गर्भवती महिला पत्रकार ऋचा पराशर से कथित धक्का-मुक्की के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने नोटिस जारी किया है। पत्रकार ने आरोप लगाया था कि 12 अक्टूबर को SIR के विरोध में INDIA ब्लॉक के नेताओं के मार्च की कवरेज के दौरान राहुल गांधी ने उनका हाथ पकड़कर खींचा, जिसके बाद उनके सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें धक्का दिया। कांग्रेस ने इन आरोपों को खारिज करते हुए राजनीतिक रूप से प्रेरित बताया है। सुप्रीम कोर्ट में मामले की अगली सुनवाई 3 नवंबर को होगी।

Category

🗞
News
Transcript
00:00राहुल गांधी के खिलाफ एक महिला पत्रकार से कथिध धक्का मुक्की के मामले में सुप्रीम कोट ने नोटिस जारी किया
00:08है
00:08इस मामले में अब 3 नवंबर को सुनवाई होगी
00:11मंगलवार को वरिष्ट वकील गौरब भाटिया ने चीफ जस्टिस सूरे कांथ की अध्यक्षिता वाली बेंच के सामने इस मामले का
00:19जिक्र किया
00:20इस पर कोट ने कहा कि मामले में पहले ही नोटिस जारी किया जा चुका है
00:25दरसल महिला पत्रका रिचा पराशर ने आरोप लगाया था कि 12 अक्टूबर को SIR के विरोध में विपक्षी नीताओं के
00:34मार्च की कवरेचे दौरान राहुल गांधी ने उनका हाथ पकड़ कर खीचा
00:39आरोप है कि इसके बाद राहुल गांधी के सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें धक्का दिया जिससे वो गिर गई
00:45रिचा के मुताबिक उस वक्त वो तीन महिने की गर्भवती थी और घटना के बाद उन्हें अस्पताल में भरती कराना
00:53पड़ा
00:54हालकि कॉंग्रेस ने इन आरोपों को खारिच करते हुए इन्हें राजनीतिक रूप से प्रेरित बताया है
01:00दरसल 12 अक्टूबर को इंडिया ब्लॉक के निताओं ने वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिफ रिविजन यानी SIR के विरोध में
01:09मार्च निकाला था
01:10विपक्षी नेता इस मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट में ग्यापन सौपना चाहते थे
01:15लेकिन चीफ जस्टिस ने राहूल गांधी और कॉंग्रेस अध्यक्ष मलिका अरजुन खडगे से मिलने का अनुरोध सुईकार नहीं किया था
01:23कोट ने विपक्षी नेताओं को कानोनी प्रिक्रिया की तहट आने की सलहा दी थी
01:27इसके बाद विपक्षी नेताओं ने सुप्रीम कोर्ट परिसर तक मार्च निकाला
01:31इसी दौरान पत्रकार रिचा पराशर के साथ कथिग धक्का मुक्की की घटना हुई
01:37वहीं कॉंग्रिस ने आरोपों से इनकार किया है
01:40पार्टी नेताओं और समर्थकों ने घटना के वीडियो साजा करते हुए सवाल उठाए
01:44कि क्या इन वीडियो से राहुल गांधी पर लगाए गए आरोप साबित होते हैं
01:49इससे पहले 15 अक्टूबर को सुप्रीम कोट ने शीर्ष अदालत परिसर में विरोध प्रदर्शनों से जुड़े एक अलग मामले में
01:56नोटिस जारी किया था
01:57कोट ने घटना से जुड़े CCTV फुटेज और दूसरे डिजिटल सबूतों को सुरक्षित रखने का निर्देश भी दिया था
02:05अब इस मामले में 3 नवंबर को होने वाली सुनवाई पर सब की नज़र रहेगी
Comments

Recommended