Skip to playerSkip to main content
कांग्रेस पार्टी और विपक्षी इंडिया गठबंधन ने दिल्ली में एक ऐतिहासिक मॉक पार्लियामेंट का आयोजन करके मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कड़ा मोर्चा खोल दिया है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खर्गे और राहुल गांधी की अगुवाई में आयोजित इस जन-महाभियोग कार्यक्रम में CEC ज्ञानेश कुमार पर देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था को कमजोर करने के छह गंभीर आरोप लगाए गए हैं। विपक्ष का मुख्य आरोप है कि ज्ञानेश कुमार ने चुनाव आयोग की सामूहिक कार्यप्रणाली को ताक पर रखकर अकेले फैसले लिए और SIR प्रक्रिया के जरिए करोड़ों मतदाताओं के नाम वोटर लिस्ट से गायब कर दिए। इस मॉक संसद के जरिए विपक्ष ने यह साबित करने की कोशिश की है कि कैसे संवैधानिक संस्थाओं का इस्तेमाल करके चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित किया जा रहा है और ज्ञानेश कुमार को उनके पद से हटाने की मांग तेज कर दी गई है। राहुल गांधी ने इस कार्यक्रम के बाद दिल्ली में आगामी विशाल मार्च का ऐलान करते हुए सरकार और चुनाव आयोग को सीधी चुनौती दे डाली है। छह प्रमुख आरोपों की इस फेहरिस्त में फॉर्म 6 में अवैध बदलाव, ECINET का गलत इस्तेमाल और सत्ता पक्ष के इशारे पर काम करने जैसे संगीन मुद्दे शामिल हैं। इस विशेष राजनीतिक घटनाक्रम ने देश की सियासत में भूचाल ला दिया है और हर तरफ इसी बात की चर्चा है कि क्या यह महाभियोग ज्ञानेश कुमार को उनके पद छोड़ने पर मजबूर कर देगा। दिल्ली की इस राजनीति हलचल और मॉक पार्लियामेंट की पूरी कहानी देश के लोकतांत्रिक भविष्य के लिए एक बहुत बड़ा मोड़ साबित होने जा रही है।

The Indian National Congress and the INDIA bloc have escalated their nationwide political battle by organizing a high-profile mock parliament in New Delhi targeting Chief Election Commissioner Gyanesh Kumar. Spearheaded by Congress president Mallikarjun Kharge and senior leader Rahul Gandhi, this public impeachment programme laid down six serious charges against CEC Gyanesh Kumar. The opposition parties squarely accused Gyanesh Kumar of undermining the collective functioning of the Election Commission and executing a flawed Special Intensive Revision that deleted millions of voter names. Through this mock parliament, Congress aimed to publicly scrutinize actions like unauthorized changes to Form 6, the misuse of the ECINET system, and a perceived partisan alignment with the ruling government. Rahul Gandhi used the platform to rally public support and challenge the establishment, intensifying the pressure for Gyanesh Kumar's immediate resignation. The six core charges framed during the proceedings have turned this into a direct confrontation between the opposition and the top poll panel. This extraordinary political showdown over Gyanesh Kumar's accountability highlights a critical moment for India's constitutional and electoral integrity. Stay tuned as this mock parliament against Gyanesh Kumar unfolds massive ripples across the entire national political landscape.


#GyaneshKumar #CongressMockParliament #RahulGandhi #CEC_GyaneshKumar #IndiaBloc #ImpeachmentOfGyaneshKumar #ElectionCommission #DelhiNews

Category

🗞
News
Transcript
00:05क्या देश के सबसे बड़े लोकतंत्रिक संस्थान यानि इलेक्शन कमिशन पर अब सीधे तौर पे सरकार के इशारों पर काम
00:13करने का हपपा लग चुका है
00:15क्या लोकतंत्र की रक्षा करने वाली संस्थाने अब खुद लोकतंत्र के लिए एक सवाल या निशान बन नहीं है
00:21देश की राजधानी दिल्ली में इस वक्त जो राजनीतिक धूचाल आया है उसने सियासत के तापमान को साथवे आसमान कर
00:28पहुँचा दिया है
00:29कहानी सिर्फ एक विरोध प्रदर्शन की नहीं है कहानी सिर्फ एक मौक पार्लिमेंट की भी नहीं है
00:47बात हो रही है देश के मुख्य चनाव आयुक्त यानी CEC ग्यानेश कुमार की खिलाफ इंडिया ब्लॉक के उस पब्लिक
00:54इंपीचमेंट यानी जनता की अदालत में महाभयोक कारेकरम की जिसने भारतिय राजनीती में एक ऐसा संगराम चेड़ दिया है जिसकी
01:04दुरगमी परि
01:16प्यारों में सन्ना का खिच गया पूर्वी लोग सभा स्पीकर मीरा कुमार की अध्यक्षता में चलेस्त कारिक्रम सांसत के अंदर
01:24बंद अरवाजों के पीछे होने वाली दहसों को सीधा जनता की चौकट पर लाके खड़ा कर दिया सवाल यह है
01:31कि आखिर नौबत यहां तक
01:32क्यों आई विपक्ष का सीधा आरोप है कि सांसत के दोनों सदनों में ग्यानेश कुमार के खिलाफ महाभयोग के नोटिस
01:39दिये गए भारी संख्या में सांसतों के हस्ताक्षर होने के बावजूद जब सत्ता पक्ष ने उनको सदन में नहीं आने
01:47दिया तो विपक्ष ने संस
02:01वी व्यवस्था की नीव को हिला रहे हैं इन छे आरोपों की जो लिष्ट है वो अपजारी की गई है
02:07और चुनाव आयोग जैसी निश्पक्ष संस्था की साक पर अगर कोई ऐसा गहरागाफ करता है तो भाईया देश की सियासतों
02:16हिल जाती है
02:16सबसे पहला और बड़ा औरोप यह है कि सीसी ग्यानेश कुमार ने चुनाव आयोग के सामोहिक कामकाज यानि कलेक्टिव फंक्षनिंग
02:25को पूरी तरह से दरकिनार कर दिया औरोप है कि आयोग के बाकी कोमिसानों को भरोसे में लिये बिना उनकी
02:33सहमती के बिना तमाम बड़े
02:35और दुर्गामी फैसले अकेले लिये गए दूसरा बड़ा आगात फॉर्म 6 और उससे जुड़े वैगंदिक दस्तावेजों पर किया गया बिना
02:43किसी कानूनी प्रक्रिया के उन दस्तावेजों में उन फॉर्म में ऐसे बदलाव कर दिये गए जो पहली बार युवाओं के
02:50वोट डानने के लिए परिशानी पैदा करता है और स्थानी स्थर पर एलेक्टोरल रेजिस्ट्रेशन ऑफिसर यानी यारो की भूमेका को
02:59बाइपास कर देता है यही नहीं तीसरा गंभीर आरोप ECINET प्रनाली के बेजा इस्तमाल को लेकर है आरोप है कि
03:07ECnet सिस्टम को इस त
03:19Intensive Revision यानी SIR के नाम पर हुआ वो महा घोटाला जैसा उनका दावा है जिसके जरीए कठित तौर पर
03:27लगभग 13-14 करोड मतदाताओं के नाम रातो रात वोटरलिस से हट गए विपक्ष का सीधा कहना है कि यह
03:34कोई साधारम संशोधन नहीं था बलकि एक सोची समझी साजिश �
03:38जिसके तहट उन्हें लाकों और वर्गों के वोट काटे गए जो सरकार के खिलाफ वोट करते पांचवा रोब CEC पर
03:45है जिसने जनता के मन में यह धारना पैदा की कि चुनाव आयोग अब एक स्वतंत्र समविधानिक संथा ना रहकर
03:54किसी राजनीतिक दल के इशारों पर का
03:56करने वाला मोहरा बन चुका है और चटा और अंतिम प्रहार रेप्रेजेंटेशन फीपल एक 1950 की धारा 321 का सीधा
04:05उलंगन और समविधान के अनुच्छे 3245 के तहट अपनी समविधानिक जवाबदाही से मू मोडने का है जब यह पूरी घटनाक्रम
04:14मलेकर जुन खर्ये के �
04:16अवास पर चल रहा था तब लोगसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने इस लड़ाई को सड़क से लेकर
04:21संसद और जनता के बीच तक खीचने का एलान कर दिया राहुल गांधी ने एलान किया कि सिरफ इतने से
04:27काम नहीं चलेगा अब देश की जनता चलो दिल्ली
04:30के नारे के साथ साथ सड़कों पर उत्रेगी मिंटो रोड और कनोट प्लेस के जंक्षन से लेकर रामलीला मैदान तक
04:37एक विशाल मार्च निकलेगा जहां देश भर से आए लोग इस कठित वोट चोरी और S.I.R. के जरिये
04:43की गई लोग तंत्र की हत्या के खिलाफ हूखार �
04:46बरेगा राहूल गांधी ने देश के युवाओं च्छात्रों और आम जंता से साथ कह दिया है कि वो पुलिस की
04:51बंदशों और लाठियों से डरे बिना इस मार्च में शामिल हो क्योंकि ये लड़ाई किसी एक पार्टी की नहीं बलकि
04:58देश के संविधान और हर नागरिक के
05:00वोट के अधिकार को बचाने की आखरी लड़ाई दूसरी तरफ सत्तादारी बारतिय जंता पार्टी ने इन सबी आरोपों को सिरे
05:07से खारिच करते हुए विपक्ष पर करारा पलटवार किया है
05:10बीजेपी का साफ कहना है कि विपक्ष हार के डर से संविधानिक सांस्तों को बदनाम करने की राजनीती कर रहा
05:17है
05:17ग्री मंत्री और सरकार पर लगाए गए तमाम आरोपों को खारिच करते हुए सत्ता पक्ष का तर्क है कि चुनावायोग
05:24अपनी पूरी स्वतंत्रता के साथ काम कर रहा है
05:27और विपक्ष केवल और केवल आरग जकता पहलाना चाहता है
05:31त्योहारों के इस मौसम में दिल्ली की सडकों पर इस तरह के बड़े प्रदर्शनों को लेकर प्रशासनिक और राजनीतिक गलियारों
05:38में तनाव अपनी चरम सीमा पर है
05:40एक तरफ जहाएं इंडिया ब्लॉग ज्यानेश कुमार के स्टीफे और SIR प्रक्रिया को पूरी तरह रत करने की मांग पर
05:46अड़ा हुआ है
05:46वहीं दूसरी तरफ सरकार इसे देश की न्याय पालिका और स्वतंत्र सांस्थों पर सीधे बड़े दबाव की शड़ेंत्र इसको बता
05:56रहें
05:56इस पूरे घटना करम ने भारतिय लोगतंत्र के उसपन्ने को खोल दिया जहां निश्पक्षता, सम्विधानिक मर्यादा और सत्ता की खीचतान
06:04आमने सामने खड़ी है
06:05ग्यानेश कुमार के खिलाफ ये सरवाजन एक महाभयोग सिरफ एक कागजी कारवाही नहीं है
06:10बलकि ये इस बात का प्रतीक है कि आने वाले दिनों में देश की एलेक्टोरल इंटेग्रिटी यानी चुनावी सुचता को
06:16लेकर सियासत कितना भयानक रूप लेने वाली है
06:20ऐसे में जो भी आपकी राये हैं हमें कॉमेंन सेक्षन में जरूर बताइएगा
06:23अब देख रहे हैं One India में हुआ कुछ को शेंगा
06:29Subscribe to One India and never miss an update
06:34Download the One India app now

Recommended