Skip to playerSkip to main content
  • 8 minutes ago
बांग्लादेश में वेतन बढ़ाने की मांग को लेकर कपड़ा फैक्ट्र्री के मजदूरों ने रविवार को प्रदर्शन किया. पुलिस के साथ उनकी झड़प हुई. प्रदर्शनकारियों ने पुलिस चौकियों में तोड़फोड़ की और पुलिस की गाड़ियों में आग लगा दिया. भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े और मुख्य सड़कों को बैरिकेड्स लगाकर बंद कर दिया.  शनिवार को शुरू हुआ हंगामा संडे को ढाका के मीरपुर और गाजीपुर के कोनाबारी जैसे इलाकों में और तेज हो गया. सरकार प्रदर्शनकारियों को काबू करने के लिए पुलिस के साथ-साथ बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश की टुकड़ियों को तैनात किया है. फिलहाल बांग्लादेश में गारमेंट मजदूरों का न्यूनतम वेतन 12,500 टका प्रति माह है. मजदूर 30,000 टका प्रति माह  न्यूनतम वेतन की मांग कर रहे हैं. बांग्लादेश सरकार ने हाल ही में सरकारी कर्मचारियों के लिए एक नया वेतनमान घोषित किया है, जिससे उनका वेतन और भत्ते लगभग दोगुने हो गए हैं. उधर, गारमेंट फैक्ट्री मालिकों का कहना है कि ऑर्डर कम हो गए हैं  और उत्पादों की कीमतें नहीं बढ़ी हैं जबकि कच्चा माल आयात करने की लागत बहुत ज्यादा है. उनका कहना है कि इतनी बड़ी मांग को पूरा करना मुश्किल है.स्थिति को देखते हुए सरकार ने गारमेंट मजदूरों के लिए नया वेतन तय करने के लिए एक 'वेतन बोर्ड' का गठन किया है. वेतन बोर्ड के गठन के बावजूद, गारमेंट मजदूर अभी भी सड़कों पर उतरकर विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं.Conclusion:

Category

🗞
News
Transcript
00:27।
00:30foreign
00:31प्रदरशनकारियों को काबू करने के लिए पुलिस के साथ साथ बॉर्डर गार्ड बंगलादेश के टुकनों को तैनात किया है।
01:08प्रदरशनकारियों के लिए नया वेतन तै करने के लिए एक वेतन बूर्ड का गठन किया है।
01:31आज बंगलादेश दुनिया के सबसे बड़े गार्मेंट निर्यातकों में से एक है और देश के कुल निर्यात कमाई में इसका
01:37योगदान 80% से अधिक है।
01:40इसक शेत्र में लगभग 40 लाख लोग सीधे तोर पर काम करते हैं जिन में से 60-70% महिलाए
01:46है।
01:46Bureau Report, ETV भारत
Comments

Recommended