00:03धंतेरस से पहले बाजारों में रौनक बढ़ गई है पांच दिन तक चलने वाले दीपोट्सों के शुरुआत इसी त्योहार से
00:09होती है
00:10धंतेरस पर खरिदारी को खास मानते हैं इस दिन सोना चांदी बरतन और दूसरी नई चीज़े खरीदने की परंपरा है
00:16इस बार धंतेरस की तारीक को लेकर श्रद्धालू बड़े अस्मन जस्मे हैं कोई 6 नवंबर तो कोई 7 नवंबर को
00:23धंतेरस बता रहा है तो आईए जानते हैं धंतेरस का पर्व कब मनाया जाएगा और खरीदारी के लिए सबसे शुमूहरत
00:30क्या रहेगा
00:30हिंदो पंचांग के अनुसार कार्तिक क्रिश्न त्रयोदशी तिथी 6 नवंबर को सुबह करीब साड़े नौ बजे से शुरू होगी इस
00:38तिती का समापन 7 नवंबर को सुबह करीब 11 बच कर 45 मिनट पर होगा ऐसे में धंतेरस का तेवहार
00:446 नवंबर दिन शुक्रवार को मना
00:46जा रहा है इस दिन शाम 5 बचकर 49 मिनट से रात 8 बचकर 23 मिनट तक प्रदोशकाल रहेगा इस
00:53समय आप भगवान धनवंतरी और मालक्षमी की पूजा कर सकते हैं इस तिती पर खरीदारी के लिए 3 शुब मुहरत
00:59रहते हैं धन 13 पर पहला शुब मुहरत 4 घड़ियां का समय है
01:03यह मुहरत सुबह 8 बचकर 16 मिनट से लेकर सुबह 9 बचकर 48 मिनट तक है इस दौरान आप सोना,
01:10चांदी, बर्तन और अपनी जरुरत का सामान खरीच सकते हैं दوسरा शुब मुहरत अभी जीत मुहरत होगा यह मुहरत दिन
01:17में 11 बचकर 48 मिनट से दोपहर 12 बचकर 56 मिनट तक र
01:33रात 7 बच कर 58 मिनट तक व्रिशब काल का समय है इस दोरान आप अपनी इच्छा अनुसाथ जो चाहें
01:39खरीद सकते हैं बताने कि समुद्र मन्थन के दोरान इसी दिन भगवान धन्वंतरी अमरित कलश लेकर प्रकट हुए थे उन्हें
01:47देवताओं का वैद्य माना जाता है इस
02:03हुआ अनुसाथ झालई नित दोराओं का वैद्य माना वैद्य माझाद हुए जो ठनल्म के दोराओं का वैद्य लेग्वान शोरा रिवान
02:04अवैं आपनी चान आप भशपा लेकर अवैं जोराओं का उन्हें हुए उन्हें आ.