मोदी को मुद्दा बनाए जाने के पीछे कई बातें है । दरअसल जिस तरह हिन्दुस्तान के चुनाव में आखिरी वक्त पर पाकिस्तान की एंट्री से कई बार समीकरण बदल जाते हैं. उसी तरह पाकिस्तान के चुनाव में भी हिन्दुस्तान की एंट्री से समीकरण बनते-बिगड़ते रहे हैं । हालांकि इन प्रभाव इतना बड़ा नहीं होता । इस बार बड़े प्रभाव की बात कही जा रही है. इसलिए ये खबर सुर्खियां बटोर रही है । अब सवाल ये है कि मोदी का नाम इलेक्शन कैंपेन के आखिरी हफ्ते में इतनी जोर क्यों पकड़ा । अब उसे समझिए ।