Skip to playerSkip to main content
  • 5 years ago
 
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सरसंघचालक डा. मोहन भागवत का कहना है कि स्वगौरव से बड़ा कोई गौरव नहीं है और भारत का गौरव है उसकी ज्ञान परंपरा। उन्होंने कहा कि भारत का जन्म ही पूरे विश्व में अपनी ज्ञान परंपरा को बांटने के लिए हुआ है। मोहन भागवत राष्ट्रीय पुस्तक न्यास (एनबीटी) द्वारा प्रकाशित पुस्तक ''भारत वैभव'' के विमोचन समारोह में बोल रहे थे। न्यास के वसंत कुंज स्थित मुख्यालय में आयोजित इस समारोह में उन्होंने आगे कहा कि इस पुस्तक में आत्मा से लेकर अनात्मा तक का ज्ञान विस्तार से प्रस्तुत किया गया है।#MohanBhagwat #IndiaAt75 #IndependenceDay2021 #PMModi #RSS

Category

🗞
News

Recommended