00:00सब भुखारी में यह अधीस मुझूद है
00:02कि जब मय्यत को सवलात के जवाबाद नहीं आते न
00:07तो फिरिश्टे उससे पूछते हैं
00:10कि तुटी सवलात के जवाबाद जो नहीं आये
00:14कि क्या मामला तेले साथ हुआ
00:17तो मैं तो वही कहता था जो लोग कहते थे
00:19सुन सुना के सुननी तो नहीं
00:21पड़ पड़ा के सुननी नहीं
00:23तो फिरिश्टे कहते हैं तुने खुद पढ़ के समझने की कोशिश क्यों नहीं की
00:27फिरिश्टे उससे एक गुर्ज मारते हैं
00:29जिससे वो जमीन के ओपर
00:31पिलकुल जिसको कहते है न पैरलर हो जाता है जमीन के
00:35खाग बन जाता है
00:37और उसकी जो गुर्ज की अगेंस्ट उसकी चीखों पुकार है
00:43उसको जिनोईंस के लावा तमाम मखलुकार सुनती है
00:46अगर ये सुन ले तो जायरा ये तो फिर इंसाम के बच्चे न बन जाये