00:00कुछ बाते हैं जो खुद से ही छिपाती हो
00:19कहना तो तुम्हें भी एक और गब राती हो
00:24ये इश्क की राहा है इतनी भी आसान नहीं
00:31ये इश्क तो तुमको भी है पर थोड़ा शर्माती वो
00:36दिल की बातें दिल रही में दाभी रहे जाएंगी
00:41खुल कर कहो तो सभी रातें महक जाएंगी
00:47चुपी के पर्दों में जैसे खौब चिपाएं हो
00:53सपनों की उडान तुमने अब त देखे नए
00:58दुनिया की नजरों से क्यों नर्दी हो इतने
01:07खुली किताब हो तुम पर पन्ने उलजे उलजे
01:12तारों को साज़िश समझ नहों इसका दर
01:17आसमा नहीं गिरत सब के होश अब रखो
01:22दिल की बात दिल नहीं में दाभी रह जाएंगी
01:29खुल कर को हो तो सभी राते में गिजाएंगी
01:34चुपी के परदों में जैसे खौब चिपाएंगी
01:40सपनों की उडान तुमने अब तक देखी नहीं
01:45चांदनी रात में तुमने जो अधूरा छोड़ा
02:03उसे पूरा करने का वक्त अब आया है
02:08उलजेंगे नहीं हम अब किसी इंतही से
02:14दो कदाशा कर ही मन्जिल पाएंगी
02:19दिल की बाते दिल ही में दाभी रह जाएंगी
02:24खुल कर को हो तो सभी राते महक जाएंगी
02:30चुपी के परदों में जैसे खौब चिपाएंगी
02:36सपनों की उडान तुमने अब तक देखी नहीं
02:41झाल
02:53झाल
02:54झाल झाल