00:00जब अमेरिका और इरान के बीच युद्ध हालात हुए, तब पूरी दुनिया की नजर एक जगह पर टिक गई थी,
00:06स्ट्रेट ओफ हॉर्मोज. उस दोरान तेल की सप्लाई प्रभावित हुई, जहाजों की आवाजाही बाधित हुई और वैश्विक उर्जा बाजार में
00:14भा
00:28मलक्का बन सकता है, और अगर ऐसा हुआ, तो सबसे बड़ा असर किस पर पड़ेगा? चीन, भारत या पूरी दुनिया?
00:35दरसल हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इंडुनेशिया यात्रा के दौरान एक ऐसा समझोता हुआ, जिसने वैश्विक रणनीतिक हलकों
00:43का ध्यान खीच लिया. भारत और इंडुनेशिया ने सबांग पोर्ट को मिलकर विक्सित करने पर सहमती जताई. ये पोर्ट इंडुनेशिया
00:51के सुमात्रा द्वीब के उत्तरी छोर पर स्थित है और ठीक स्ट्रेट ओफ मलक्का के प्रवेश द्वार पर मौजूद है.
01:12ये
01:12समझते हैं कि मलक का स्ट्रेट इतना एहम क्यों है. ये सिर्फ एक समुदरी रास्ता नहीं बलकि हिंद महासागर को
01:19प्रशांत महासागर से जोडने वाला दुन्या का सबसे व्यस्त व्यापारिक गलियारा है. पूर्वी एशिया, पश्चिमेशिया और यॉरप के बीच जा
01:39समुदरी मार्गों से भी अधिक रही. यहीं से कहानी जुड़ती है चीन से. चीन अपनी उर्जा सुरक्षा के लिए मलक
01:45का स्ट्रेट पर बेहद निर्भर है. उसकी बड़ी मात्रा में कच्चे तेल का आयात और विशाल व्यापारिक जहाज इसी रास्ते
01:52से गुजरते हैं
01:53यही वजह है कि चीनी रणनीतिकार वर्षों से मलक का डिलेमा की बात करते रहे हैं. यानि किसी बड़े संगष
02:00की स्थिती में अगर ये समुदरी मार्ग बाधित हुआ तो चीन की अर्थ व्यवस्था और उर्जा आपूर्ती पर गंभीर असर
02:06पड़ सकता है. और ये सिर्�
02:21वेश्विक बाजारों में अस्थिरता फैल गई. उसी अनुभव ने मलक का की एहमियत को और भी ज्यादा उजागर कर दिया.
02:28अब विशेशग्यों की नजर मलक का स्ट्रेट पर है. अगर भविश्य में इंडो पसिफिक, दक्षन चीन सागर या ताइवान को
02:35लेकर कोई ब
02:51अर्थ व्यवस्थाओं की जीवन रेखा है. यानि अगर मलक का में तनाव बढ़ा तो असर स्रिफ चीन पर नहीं बलकि
02:57जापान, दक्षन कोरिया, भारत, सिंगपूर और पूरी वैश्विक अर्थ व्यवस्था पर पड़ेगा. इसी प्रिष्ट भूमी में भारत और इं�
03:18ग्रानी, मानवीय सहायता, आपदा राहत और हिंद प्रशांत क्षेत्र में अपनी भूमिका को और मजबूत कर सकता है. दोनों देशों
03:26ने समुदरी सुरक्षा और तट रक्षक सहयोग बढ़ाने पर भी जोर दिया है. हलांकि ये कहना गलत होगा कि भारत
03:32या इंडोनेशि
03:33मलक्का स्ट्रेट को बंद करने की तयारी कर रहे हैं. वास्तब में इंडोनेशिया, सिंगापूर और मलेशिया लगातार ये दोहराते रहे
03:41हैं कि मलक्का स्ट्रेट अंतराष्ट्रिये नौवाहन के लिए खुला रहेगा और इसे मुक्त समुदरी मार्ग बनाए रखना उन
04:03सबसे मजबूत होगी. यही वज़े है कि मोदी की इंडोनेशिया यात्रा को सिर्फ एक कूटनीतिक दौरा नहीं, बलकि हिंद प्रशांद
04:11की नहीं रणनीतिक बिसात पर भारत की बड़ी चाल माना जा रहा है. जिस तरह अमेरिका, इरान, युध ने दुनिया
04:17को ये सिखा
04:31है कि जब समुदरी चोक पॉइंट्स पर संकट आता है, तो तेल, व्यापार, बीमा, सप्लाइचेन और बाजार सब कुछ हिल
04:38जाता है. और इसी वजह से सवाल उठ रहा है कि क्या मलक का स्ट्रेट आने वाले वर्शों में दुनिया
04:44का नया स्ट्रेट ओव हॉर्मोन्स साब