00:00नदी के साथ साथ ही लोगों की बसावट होती है। भूते कोशी में जिस तरह से पानी का स्तर बढ़ा
00:06सेलाब आगे बढ़ता हुआ त्रिशुली नदी में आया और उसके बाद ये डर भी हुआ कि कहीं भारत तक गंड़क
00:13के पानी के साथ साथ कोई खत्रा ना आया हालकि ऐसा
00:16हुआ नहीं पानी पीछे हटा है त्रिशुली का हाल मेरे सैयोगी आशुतोष बता रहा है।
00:46बुद्ध का एक मंदिर था और यहां पर एक पुल था हैंगिंग पुल हुआ करता था लेकिन ये पुल अब
00:51बह चुका है।
01:16अभी भी लगातार हवा में जो हेलिकॉप्टर है वो मंद्रा रहे हैं जो रोसोवों तक लोगों को रेस्क्यू करके आगे
01:22पहुचा रहे हैं सुरक्षेत।
01:23लेकिन बस्टेंड पूरी तरह अब एक मलबे में तब्दील हो चुका है। लगता ही नी कि यहां कभी बस्टेंड रहा
01:28होगा।
01:28इसके आगे देखिए ये जो खाली मैदानी इलाका आपको दिखाई दे रहा है दरसल ये एक स्कूल हुआ करता था।
01:34लेकिन अब पूरा का पूरा स्कूल जो है वो समतल हो चुका है। जूले पर लोग थे कहां गए नहीं
01:39पता।
01:40स्कूल में बच्चे थे कहां गए नहीं पता। इन मकानों में जो आपको कई सारी मंजिले जो हैं जमीन के
01:45नीचे दब गई हैं वो लोग कहां थे नहीं पता।
01:48जितनों को लोग निकाल पाए निकाल पाए बाकी जो कहां हैं कोई नहीं जानता। और इसी लिए ये संख्या ये
01:54वो तस्वीरे हैं जो आप आज तक पर देख रहे हैं।
01:57एक्स्वीरे ग्राउंड जीरो पर खासकर कैसे एक नदी प्रलाय लेकर के आती है। तिबबत से पानी और मलबा अपने साथ
02:05नेपाल में घुस्ती है तो ऐसा सैलाब लेकर के आती है कि उसके बाद मानो पूरा का पूरा शहर बरबाद
02:11हो गया हो। तरिशूली की एक्स्वी
02:13उसी तस्वीरे में आपको दिखा रहे हैं लोगा कोटा में यही तरिशूली नदी जिसके नाम पर यह तरिशूली बाजार बना
02:19हुआ है और अब तरिशूली बाजार का अस्तित्त जो है वो पूरी तरह से खत्म हो।