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  • 44 minutes ago
तुर्किए का भारत संग दोहरा रुख, UN के मंच से फिर अलापा कश्मीर का राग, देखें कूटनीति

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00:04नबस्कार आप देख रहे हैं आज तक आपके साथ मैं हूँ सईद दंसारी सौगत रापका कूट नीद मूँ
00:25तरकिये का भारत के साथ बिजनस करने का तरीका थोड़ा जीद है
00:30उसे भारत का डीजल खरीदने में कोई परहेज परेशानी नहीं
00:33लेकिन जब बात कूट नीखी आती है तो राज़्टपती तयव एर्दुगान कश्मीर का राग अलापने से बास नहीं आते
00:41अगस्त में तरकिये ने भारत से रिकॉर्ड डीजल खरीदा
00:45क्योंकि रूस से उसकी सप्लाई घड़ गई थी और मधिपूर्फ का रास्ता बंद था
00:49मतलब जब इंधन के जरुवत पड़ी तो भारत काम आ गया
00:53लेकिन यूएन के मंच पर आते ही तैयब को फिर से कश्मीर याद आ गया
00:57कूटनेती में आज हम बात करेंगे भारत तुर्किये के व्यापारिक रिष्टों
01:01तैयब अर्टुगान के कश्मीर वाले बयान और दोनों देशों की कूटनेती
01:06तुर्किये पारंपरिक रूप से डीजल के लिए रूस पर निर्भर रहा
01:10लेकिन अगस्त में रिफाइनरी संकट की कारण रूस से सप्लाई काफी कम हो गए
01:14ऐसे समय में भारती रिफाइनरी जने तुर्किये की इंधन जरुवतों को पूरा किया
01:19और अगस्त में भारत से तुर्किये को डीजल का निर्यात रिकॉर्ड सर पर पहुँचा रूँ
01:23यहां एक बड़ा विरोदाभास दिखाई देगा आपको
01:27तुर्किये पाकिस्तान का खरीबी रणनितिक साज़िदार है
01:30और कश्मीर पर हमेशा इसलामाबाद का पक्ष लेता है
01:33लेकिन जब अपनी उर्जा सुरक्षा पर बात आई
01:36तो तुर्किये ने बिना जिजक भारती डीजल का रुख किया
01:40सहीद राष्ट महासबह में तयब अर्दोगान ने एक बार फिर से कश्मीर मुद्ध को बाचीत से सुलजानी की बात कही
01:47भारत हमेशा से किसी भी तीसरे पक्ष की मध्धस्ता को खारिच करता रहा है
01:54गार्दोगान पहले भी यूएन के बंच से कई बार कश्मीर का मुद्धा उठा चुके हैं जिस पर भारत ने सखफ
01:59आपती विक्त की है
02:002024 में तयब ने इसका उलेख नहीं किया लेकिन 2025 और 2026 में तयब खुर्दगान अपने पुराने रुख पर लोटा
02:09है
02:09और ये बात इसलिए जरूरी है क्योंकि दोनों देश अपने द्विपक्षिय संबंधों को सुधारने की कोशिश भी कर रहे हैं
02:16इस साल चार साल बाद दोनों देशियों के बीच विदेश का रियाला है इस तरकी बाद चीश चीश हुई
02:22व्यापार परियटन तक्नीक सुरक्षा जिसे मुद्दों पर चर्चा आगे बढ़ी
02:27वितवर्ष दोजार पचीश चब्वीस में भारत और तुर्किया का व्यापार लगभग पौने साथ अरब डॉलर तक पहुँच गया
02:52कर रहा है तो दूश्ती तरफ भारत के साथ व्यापार बलाना चाहता है
02:56तुर्किये और भारत की रिफाइनरीज दोनों के अपने आर्थे खित हैं
03:00लेकिन एर्दुगान का बार बार कश्मीर का उलेक करना कूटनितिक सुधारों के रफतार को भीमा कर सकता है
03:06एंधन के मामले में तुर्किये को भारत की जबूरत है
03:09लेकिन कूटनितिक मंच पर तुर्किये भारत के विरोधी रुख को ही अपनाता है
03:15सवाल यह है कि क्या तुर्किये अर्थ व्यवस्ता और कूटनिति को अलग-अलग रख पाएगा
03:20गूटनित मैं आज के लिवस्ता है
03:22आप प्लीज अपना बहुत ख्याल रखेगा
03:25देखते रहिए आज तक

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