00:00पुराने दिल्ली के ज्रामा मज़ित का यह इलाका काफी भीड यहां मुवन देखी जाती है शनिवार कतिन होने की वज़े
00:06से यहां पर अभी तो भीड कम है लेकिन जल्दी से नजर डाले इन बंद दुखानों पर तो ऐसा लगेगा
00:11कि प्रोटेस्ट के समर्थन में यह दु�
00:28लेवर यूनियन है भारत बंद करेंगे तो उनके सपोर्ट में उस प्रोटेस्ट के सपोर्ट में दुखाने बंद की जाती है
00:33यहां पर कोई प्रोटेस्ट हुआ अब यह दुखाने बंद क्या है इसका मतलब यह नहीं है कि हम उनके सपोर्ट
00:39में है प्रशासन से पुलिस न
00:57यहां पर कुछ समय पहले पिछले साल यहां पर एक बंब इसकोड की भी घटना होगी थी अपो लगता है
01:16कि
01:38यहां पर यहां पर एक पते की बात यहां पर है शन्यवार का दिन तास्व अक्टोबर महालिया का दिन है
01:43कल से दुर्गा पूजा शुरुवात हो जाती है और
01:46उस केस में जाममस्जिद आकर लोग अगर शॉपिंग करना चाहें या कुछ जो लोग यह समझतें हैं कि आखरी दिन
01:53खा लें तो यहां पर उनके लिए
01:56आने में दिक्कत होती है भाई सब आप यहीं रहते हैं जी सर्ब एस तरह जाममस्जिद में पहले भी हमने
02:02देखा है
02:03बहुत बार जो तहे दुकाने बंद करा दी जाती है आपको लगता है कि एक sensitive zone
02:07है यह और यहां हमेशा करना ज़रूरी है यह तो बहुत जादा sensitive zone
02:11है सर क्योंकि हर जगा का आदमी आता है जाव मज़द एक historical place
02:17और दिली का दिल भी माना जाता है तो यहां पर जो पब्लिक आईगी अगर खुदाना खास्ता यहां पर कुछ
02:24उच्छ नीचे हो जाती है उसका जिम्मदार कौन होगा पुलिस होगी पुलिस ही की बिना पर उन्होंने हमारे आर्डेवियू ऐसे
02:32कहा और हमारे जो टीम है यहा
02:44आज बंद है को दाना खास्ता कोई उच्छ नीच हो जाती है तो अपने घर में सेफ हैं महल नहीं
02:50भी गड़ने देना है चाहे वह हमारे जावा मस्जित का हो चाहे दिली का हो चाहे पूरी इंडिया को को
02:57कि देश से हम है और हम से देश से
03:10का आप कैसे देखते हैं कोई विशार आपकर उसपर कुछ भी नहीं जो है वो तो सबको मालू है तो
03:18खुली किताब है इसके बारे में
03:25कल जब अभीजी दिपके ने एक वीडियो डाला अपना उन्हें कि बहुत दिन तक हम डर के जी चुके अब
03:30और कितना डरिंग है आप मुझे लगता है इस पूरी गैदरिंग में सबसे यंग है यूथ पार्टी मानी जाती है
03:35पार्टी के गैदरिंग है उन्होंने धर्मेंद �
03:38प्रदान को हटा कर दिखा दिया तरीका उनका जो है पीसफुल वो कहते जरूर है उसमें कुछ घंटना होती है
03:42उसके लिए पुलिस तयारत है जनरली क्या भारतियों को इंडियों को इस तरह से जगजोर के उठाने की जरूरत है
03:50बिलकुल जरूरत है एक मुव्मेंट की बि
04:07अब किस तरीके से उठानी है वो गांधी जी ने रास्ता दिखाया है हम गांधी के लोग है और पीसफुल
04:12लोग है और पीसफुल प्रोटेस्ट हमारा हक है आर्टिकल 19 के अकॉर्डिंग अब दिली बुली से परमीशन नहीं दी कोई
04:18बात नहीं आप फिर से दुप परमीश
04:36इस तरह के आवाज उठने की जुरुत है सवाल यह है कि उठाए कौन किसके घर में भगत सिंग पैदा
04:43हो और जैसा कि हमारे मित्र ने यहां पर कहा कि अगर सड़कें वीरान हो जाती है तो संसत आवारा
04:48हो जाती है ठीक उसी तरह अगर मैं गलत नहीं हो तो रामधारी सिंग
04:51दिनकर्दमी कहा था कि शांती कैसी बातावरण में च्छा रही जब उदासी अगर लोग ही दबे खुचले होंगे लोग ही
04:57उदास होंगे तो फिर कैसी राजा और कैसी उस्टी प्रजा कैमरमेन केशव करण के साथ पंकरश मारमेश्र वन इंडिया न्यूस
05:05के लिए इंटर
05:18और सब्सक्वर जब पताव केश Обषफ लग।