00:10अयोध्या एक बार फिर इतिहास रचने के लिए तैयार है।
00:30सीमित नहीं रहने वाला। आस्मान में 2100 ड्रोन के जरिये रामायन के प्रसंग दिखाये जाएंगे। सर्यू तठ पर भव्य महा
00:38आरती होगी और पांच देशों की राम लीला टी में अपनी प्रस्तुतियां देंगी। इस दसवे दीप उत्सव को खास बनाने
00:45के लिए करीब
00:4635,000 स्वयम सेवक जुटे हुए हैं। राम की पैडी के 56 घाटों पर दीप सजाने का काम तेजी से
00:53चल रहा है। 5 नवंबर से शुरू हुआ पांच दिवसिया उत्सव अपने मुख्य आयोजन के लिए तैयार है जो 7
01:00नवंबर को होगा। सवाल ये है कि इस बार अयोध्या म
01:14का सबसे बड़ा आकर्शन सर्यू नदी के किनारे स्थित राम की पैडी के 56 घाट होंगे। इन सभी घाटों पर
01:2130,000,000 से ज्यादा मिट्टी के दिये जलाने की तैयारी है। आयोजन के लिए करीब 33,000,000 दिये
01:28मंगाए गए हैं ताकि तूट पूट या किसी दूसरी वजह स
01:31कमीना हो। दियों को घाटों पर निर्धारित ब्लॉक और कतारों में सजाया जा रहा है। हर घाट के लिए अलग
01:38जिम्मिदारी तै की गई है जिससे दीप प्रजवलन के समय किसी तरह की अव्यवस्था ना हो। इस काम में डॉक्टर
01:45राम मनोहर लोहिया अवध विश्व �
01:46विद्याले के साथ साथ उससे जुड़े कॉलेजों और स्थानिय शिक्षन संस्थानों के विद्यार्थी भी शामिल है। करीब 35,000 स्वयम
01:54सेवकों को इस काम की जिम्मिदारी दी गई है। 5 नवंबर तक करीब 12 लाख दिये सजाय जा चुके थे
02:01और लगभग 25,000 स्वयम से
02:15और 27 पर्यवेक्षक लगाए गए है। 2025 का रेकॉर्ड तोड़ने की तैयारी। अयोध्या का दीपोटसव हर साल अपने ही पुराने
02:25रेकॉर्ड को पीछे चोड़ने की कोशिश करता है। साल 2017 में जब पहली बार दीपोटसव का आयोजन हुआ था, तब
02:32करीब 1.71 लाख द
02:43दिये जलाकर विश्व रेकॉर्ड बनाया गया था। अब 2026 में 30 लाख से ज्यादा दिये जलाने का लक्षे है। यानि
02:51इस बार पिछले साल के रेकॉर्ड से करीब 4 लाख ज्यादा दिये जलाने की तैयारी है। ये सिर्फ एक आंकड़ा
02:57नहीं बलकि इतने बड़े आयोज
02:59जनको कुछ घंटों में सफलता पूर्वक पूरा करने की चुनाती भी है। 2100 ड्रोन दिखाएंगे आसमान में रामायन। इस बार
03:07दीपोचसत में तकनीक और परंपरा का अनोखा संगम भी देखने को मिलेगा। रात के समय 2100 स्वदेशी ड्रोन आसमान में
03:15रामायन के अल�
03:21बनाई जाएंगी जिनमें रामायन की कहानी दिखाई देगी। 2025 में 1100 ड्रोन का इस्तिमाल हुआ था जबकि इस बार इनकी
03:29संख्या लगभग दो गुनी कर दी गई है। इसके अलावा राम की पेड़ी पर फ्लोटिंग स्टेज तैयार किया जाएगा जहां
03:36रित्य, संगी
03:37और हिंदी वर्णन के जरिये भगवान राम की अयोध्या वापसी का द्रिश्य प्रस्तुत होगा। आयोजन में 8 मिनट का लेजर
03:45शो और करीब 20 मिनट का प्रजेक्शन मैपिंग शो भी आकर्शन का केंडर रहेगा। सर्यू तट पर महा आर्ती और
03:525 देशों की रामलीला।
03:53दीपोट्सव के मुख्य दिन सर्यू नदी के तट पर भव्य महा आर्ती का आयोजन होगा। इसमें 2147 लोग शामिल होंगे।
04:02वैदिक मंत्रो चार और आर्ती के बीच सर्यू तट का नजारा बेहद खास रहने वाला है। इस बार रामलीला की
04:09प्रस्तुतियां भी अंतराश
04:11रंग में रंगी नजर आएंगी। दक्षिन अफ्रीका, श्रीलंका, नेपाल, लाओस और थाइलैंड से आईटी में राम कथा का मंचन करेंगी।
04:19इन देशों की भाशा, वेशभूशा, संगीत और नात्य परंपराओं के जरिये रामायन के अलग-अलग रूप दर्शकों
04:26के सामने आएंगे। इसके साथ ही करीब बचीस सो कलाकार बारा मंचों पर सांस्कृतिक कारिक्रम प्रस्तुत करेंगे। 22 जहांकियां और
04:35रामायन के प्रसंग। अयोध्या की सडकों पर 22 जहांकियों की शोभायात्रा भी निकाली जाएगी। ये जहांकियां रामायन के सा
04:53दूसरे आकर्शक इंस्टलेशन भी देखने को मिलेंगे। शहर में 13 थी माधारित प्रवेश द्वार और 20 सेलफी पॉइंट बनाए गए
05:01हैं। लता मंगेशकर चौक से राम की पैडी तक अलग-अलग स्थानों पर रामायन के प्रसंगों को दर्शाने वाली सजावत
05:07की गई
05:08है। इसके अलावा एक विशेश डिजिटल अनुभव के तहत मोबाइल आप के जरिए दर्शक दीपोट्सव का हिस्सा बन सकते हैं।
05:38हुआ हुआ है।