Skip to playerSkip to main content
  • 19 minutes ago
दिवाली पर इस शुभ मुहूर्त में करें लक्ष्मी पूजन, जानें पूजा विधि और अचूक उपाय

Category

🗞
News
Transcript
00:17पूजा करने वाले कुछ चमतकारी उपाय के बारे में इन सब के बारे में विस्तार से चर्चा करने के लिए
00:25हमारे साथ मौझूद है पंडे शेलिंद्र पंडे जी पंडे जी आपका बहुत बहुत स्वागत है
00:30नमस्कार
00:31तो चलिए कारेक्रम की शुरुवात करते हैं और सबसे पहले जानते हैं दिपावली की पर्व का आखिर महत्व क्या है
00:38सबसे पहले आज तक के तमाम दर्शकों को जगमगाती दिपावली की हारदिक शुब कामना है
00:46देखे हिंदू परमपरा में भारती परमपरा में खोली दिपावली और दशहरा ये साल के मुख्य तीन पर्व माने जाते हैं
01:01जिसमें दिपावली की महिमा सबसे जादा है क्योंकि ये धन से जुड़ा हुआ पर्व है
01:09क्या महत्व है इसका
01:12देखिए दीपावली की जो रात है वो सबसे ज़्यादा अंधेरी होती है
01:19इसको महानिशा की रात कहते हैं
01:23कार्तिक कृष्ण अमावस्या की सबसे अंधेरी रात है
01:29और सबसे ज़्यादा बड़ी अमावस्या होने की वज़ से
01:36इसको महानिशा की रात भी कहते हैं
01:41ऐसा माना जाता है ऐसी मान्यता है कि इस रात को महा लक्ष्मी पृत्वी का भ्रमण करती हैं
01:54और देखती हैं कौन जग रहा है कौन पूजा कर रहा है को जागरी
02:02तो जो कोई भी इस महा निशा की रात को लक्ष्मी जी का पूजन करता है
02:12उसकी प्रार्थना अवश्य स्विक्रित होती है
02:17उसकी प्रार्थना अवश्य स्विकार होती है
02:23दीपावली पर माता लक्ष्मी की पूजा अगर विधी विधान से की जाए
02:31अगर नियमों के साथ श्रद्धा से की जाए तो पूरे साल भर धन और समरिधी मिलती है
02:44दीपावली पर पूजा उपासना करके साधना करके आप किसी भी प्रकार की दरिद्रता दूर कर सकते हैं
02:58दीपावली पर माता महालक्षमी के आठों स्वरूप की पूजा की जाती है
03:07जिससे धन भी मिलता है, संपत्ती भी मिलती है, विद्या भी मिलती है और विजय भी मिलती है
03:17तो मुख्यतह दीपावली की रात को जब चारो तरफ अंधकार होता है, ऐसे में हम प्रकाश के द्वारा माता लक्षमी
03:31की पूजा करते हैं
03:34और प्रकाश की पूजा करके अपने जीवन में धन संपन्नता की प्रार्थना करते हैं
03:44आपने दीपावली के पर्फ के बारे बे जाना, अब पंडी जी से जानते हैं कि दीपावली की रात कैसे पूजा
03:49करनी है और पूजा की सरल विधी क्या है
03:51देखिए दीपावली की पूजा करने की बड़ी सारी विधियां है और शास्त्रिय विधी थोड़ी कठिन है विशेश विधियों से लोग
04:04अलग अलग तरह से पूजा करते हैं या करवाते हैं
04:10तो आपको बताते हैं एक सरल तरीका जिस तरीके से आप दीपावली की पूजा कर पाएंगे
04:21शुब मुहूर्त में पूर्व दिशा में या इशान कोण में एक चौकी रखियेगा
04:33एक लकडी की चौकी या मार्बल की बनी हुई चौकी पूर्व दिशा में या इशान कोण में रखियें
04:46चौकी पर लाल या गुलाबी वस्त्र बिचाएं
04:53पहले गणेश जी की मूर्ती या चित्र रखियेगा
05:01और फिर गणेश जी के दाहिने ओर माता लक्षमी को रखियेगा
05:09उसके बाद स्वक्ष वस्त्र पहन कर काले नीले कपड़े मत पहनियेगा
05:19स्वस्त वस्त्र पहन कर आसन पर बैठिये और हाथ में जल लेकर
05:28अपने चारो तरफ जल छिड़कियेगा कि चारो तरफ पवित्रता आये
05:35ओम अपवित्रह पवित्रो वा सर्वा वस्तांग गतो पिवा यह स्मरेत पुंडरी काक्ष सहवाया भ्यंतरम शुचिही
05:48चारो तरफ जल छिड़कियेगा इसके बाद संकल्प लीजिये कि मैं अपने सारे परिवार के साथ
05:59आज भग्मान गणेश और माता लक्ष्मी की पूजा करूंगा या करूंगी अपनी क्रपा अपनी करुणा हम सब के ऊपर बनाए
06:14रखें
06:14इसके बाद एक मुखी घी का दीपक मुख्यतह माता लक्ष्मी के सामने जलाईएगा
06:27फिर पहले भग्मान गणेश को फूल चड़ाईएगे फिर माता लक्ष्मी को फूल चड़ाईएगे
06:37भग्मान गणेश को पीले फूल और माता लक्ष्मी को गुलाबी फूल चड़ाईगे
06:45और मिठाईयां अर्पित करिये पहले भगवान गणेश के मंत्र का कम से कम 108 बार जब करियेगा
07:01ओम गण गणपतये नमहा इस मंत्र का जब करियेगा फिर माता लक्षमी के मंत्रों का जब कर सकते हैं
07:21ओम श्रीम श्रियई नमह या लक्षमी अश्टकम का पाठ कर सकते हैं या श्री सूतम का पाठ कर सकते हैं
07:36पूजा के अन्त में अपने परिवार के उपर उनकी क्रपा हो ये प्रार्थना करियेगा
07:47अन्त में माता लक्षमी की आरती की जाएगी दीपावली की पूजा माता लक्षमी की पूजा है
07:59तो अन्त में माता लक्षमी की आरती करें और शंक ध्वनी करें
08:08घर में इसके बाद आपको दीपक जलाना है
08:14लेकिन दीपक जलाने के पहले आपको दीपक की पूजा भी करनी होगी
08:23हाल में पांच दीपक रखकर उन्हें फूल अर्पित करें
08:31उन्हें नमस्कार करें उनसे प्रार्थना करें कि सबके जीवन में प्रकाश बना रहे
08:40शुभम करोति कल्यानम आरोग्यम धन संपदा शत्रुबुद्धि विनाशायर दीपम जोती नमोस्तुते
08:51जब आप दीपक की पूजा कर लें तब जाकर घर के अलग-अलग हिस्सों में दीपक रखना शुरू करें
09:04घर में दीपक रखने के अलावा उवे के पास और मंदिर में भी दीपक जलाईएगा
09:18दीपावली का पूजन, लाल, पीले और चमकदार रंग के वस्त्र धारन करके करियेगा
09:29काले रंग के वस्त्र, भूरे रंग के वस्त्र और नीले रंग के वस्त्र से परहेज करियेगा
09:41सुन्दर रंगों के वस्त्र पहन करके सापरिवार प्रेम से शुब मुहूर्ट में दीपावली की पूजा करियेगा
09:54निश्चित रूप से माता लक्ष्मी की कृपा आपके परिवार को मिलेगी
10:01धन और संपत्ती की इस्थिती बेहतर बनी रहेगी
10:09तो पंडे जी से आपने जाना दिपावली की रात पूजा की सरल विधी क्या है
10:14अब कारेक्रम को आगे बढ़ाते हैं पंडे जी से जानते हैं दिपावली पर किन बातों का पंडे जी ध्यान रखना
10:19चाहिए
10:19देखिए ऐसा नहीं है कि आपने दिपावली पर केवल पूजा कर ली, दीपक जला लिया, मिठाई खाली, पटाके जला लिया
10:28और दिपावली खतम हो गई
10:29कुछ बातों का आपको ध्यान रखना है, पूजा है न, और घर घर में पूजा होती है, पुरे देश में,
10:36पुरी दुनिया में पूजा होती है दिपावली की, तो जब बात पूजा उपासना की होती है, तो दिपावली पर कुछ
10:44सावधानियों का पालन भी करना चाहिए
10:48देखिए दीपावली का मतलब होता है दीपावली दीपकों की पंक्ती
10:56तो दीपावली की पूजा में और दीपावली की सजावट में
11:03जादा से जादा मिट्टी के दीपकों का प्रियोग करियेगा
11:09देखिए लोग बल्ब लगाते हैं जालर लगाते हैं हम मना नहीं करेंगे
11:15लेकिन जितना ज़ादा आप मिट्टी के दीपक जलाएंगे आपको लाब उतना ज़ादा होगा
11:23इस बार दीपावली पर आप जादा मिट्टी के दीपक जला कर देखिए आपको फर्क महसूस होगा
11:34पेड़ पौधों में जाडियों में लोग बल्ब लटका देते हैं वो बिल्कुल उचित नहीं है
11:41पेड़ पौधों में जाडियों में बल्ब मत लटकाईए और पेड़ पौधों के पास जाडियों के पास दीपक मत जलाईए खत्रा
11:55हो सकता है
11:59प्लास्टिक के बने हुए फाइबर के बने हुए ऐसे गणेश लक्षमी की मूर्ती मत लाईएगा
12:09प्लास्टिक के या फाइबर के बने हुए गणेश लक्षमी की मूर्ती ना तो इस्थापित करें और ना इनकी पूजा करें
12:21मिट्टी के गणेश लक्ष्मी की मूर्टी जो आप ले आए हैं धन्तेरस पर उसी को इस्थापित करके उसकी पूजा करना
12:35सर्वोत्तम होगा
12:37अगर आप सोने या चान्दी के लक्ष्मी गणेश रखते हैं तो आप इनको साफ करके इनकी मूर्टियों को शुद्ध करके
12:51इनकी पूजा भी दीपावली पर कर सकते हैं
12:56दीपावली पर सबसे महत्वपूर्ण स्थान है आपके घर का मुख्य द्वार क्योंकि ऐसा माना जाता है कि मुख्य द्वार से
13:11ही माता लक्ष्मी घर में प्रवेश करती हैं
13:16तो घर के मुख्य द्वार को बिलकुल साफ सुत्रा रखिएगा मुख्य द्वार को सूना मत रखिए वहाँ दीपक जलाईए वहाँ
13:31कंदील लगाईए सुन्दर फूल लगाईए और वहाँ पर आम के पत्तों का वंदनवार जरूर लगाएंगे
13:43घर में एकदम से लाइट नहीं जलाई जाती पहले आप अपने घर में माता लक्ष्मी की पूजा कर लें
13:54जब आप भगवान गणेश और माता लक्ष्मी की पूजा करें तब पूरे घर को रोशन करिएगा पूजा के पहले पूरे
14:08घर में प्रकाश ना करें
14:17क्योंकि धीपावली पर घ्रमें पूजा होती है देवी देवता का आवाहन होता है
14:27तो घ्रमें जो भी भोजन बनाएं वो पूरी तरीके से सात्विक हो उसमें प्याज लहसुन नहीं होना चाहिए
14:40भोजन बनाने के बाद भग्वान को भोग लगाएं और फिर सारे लोग एक साथ मिलकर भोजन ग्रहन करें
14:56बहुत सारे लोगों को लगता है कि दीपावली पर जुवा खेलना चाहिए दीपावली पर लोटरी खेलना चाहिए बड़ा अच्छा होता
15:06है
15:06लेकिन देखिए दीपावली पर जुवा और लोटरी मत खेलिए पैसे को दाव पर लगाना धन का अपमान है
15:18अगर आप दीपावली पर जुवा खेलेंगे दीपावली पर लोटरी खेलेंगे धन का अपमान करने से दरिद्रता आ सकती है
15:34और दीपावली पर विशेश रूप से अपने घर की महिलाओं के साथ अपना व्यवहार मधुर रखें
15:46बड़ी महिला हो छोटी महिला हो उसका सम्मान करें
15:52बड़ी महिला हैं तो उनके चरण छुएं और घर की सारी महिलाओं को कुछ न कुछ उपहार जरूर दें
16:04दीपावली का दिन उनका भी दिन होता है जो समर्थ नहीं होते जो सक्षम नहीं होते
16:13इसलिए दीपावली के दिन कुछ न कुछ दान जरूर करना चाहिए
16:21मिठाई दें, कुछ पैसे दें, खाने पीने की चीजें दें, कपड़े दें
16:29कुछ न कुछ दान करें, इससे साल भर समरिधी बनी रहेगी
16:39दीपावली पर रात भर, माता लक्षमी के सामने घी का दीपक जरूर जलना चाहिए
16:50और प्रयास करिए कि ये दीपक रात भर जले, ये दीपक बुझने ना पाए
17:00मध्यरात्री में सिंग लगन में माता लक्षमी की विशेश उपासना करके
17:09आप अपार धन का वर्दान पा सकते हैं लेकिन क्रपा करके उल्टे सीधे तंत्र मंत्र के प्रियोग मत करिएगा उसके
17:24परिणाम आपके लिए
17:27निगेटिव हो सकते हैं
17:31तो आपको पंडे जी ने बताया कि दीपावली पर क्या-क्या साफधानी आपको रखनी चाहिए
17:36अब कारिकर्म को चलिया आगे बढ़ाते हैं आप पंडे जी से जानते हैं कि इस बार दीपावली पूजन का शुब
17:41मूहरत क्या है
17:41देखिए दीपावली पूजन के मुहूरत का बड़ा महत्व है और इस मुहूरत में अगर आप पूजन करें तो आपको विशेश
17:54लाब होगा
17:55इस बार दीपावली पूजन का शुब मूहूरत क्या है
18:02पहला शुब मूहूरत है विशब लगन का शाम को पाँच बच के तिरपन मिनट से शाम को साथ बच के
18:14उन्चास मिनट तक घर की जो सामान्य पूजा है वो इस समय में की जाएगी
18:22दूसरा शुब मूहूरत है रात के बारा बच के 24 मिनट से दो बच कर 41 मिनट तक जो विशेश
18:35पूजा है जो लक्षमी प्राप्ती के प्रियोग है जो लक्षमी प्राप्ती के अनुश्ठान है वो इस्तिर सिंग लगन में किये
18:46जाएंगे
18:49एक दीपावली पर होता है महानिशीत काल
18:53इसमें यंत्र और मंत्र सिद्ध किये जाते हैं
18:58चमत्कारी प्रियोग किये जाते हैं
19:01ये समय होगा आठ नवंबर को रात में ग्यारह बच के 38 मिनट से
19:11बारह बच कर 30 मिनट तक
19:15तो आप इन मुहूर्तों का प्रियोग करके दीपावली की पूजा कर सकते हैं
19:24तो दीपावली पूजन के मूरत के बारे में आपने जाना अब जानते हैं
19:28दीपावली के दिन कौन से चमत्कारी उपाई किये जाएं
19:30जिससे धन का आगमन सरलता से हो और जीवन में सुक सम्रिधी आएं
19:34सबसे पहले चमत्कारी वस्तु है हल्दी की गाट का उपाई
19:51हल्दी की गाट से दीपावली पर क्या उपाई करेंगे
19:58दीपावली की रात को भगवान गडेश को दो गाट हल्दी की अरपित करियेगा
20:08उनके चरणों में पड़े रहने दें और भगवान गडेश से कृपा की प्रार्थना करें
20:17अगले दिन सुबह दीवाली के अगले दिन इसको उठा लें
20:22पीले कपड़े में या पीले कागज में लपेट कर इसको अपने धन के इस्थान पर रख दें
20:32बड़ा कारगर प्रियोग है इस छोटे से प्रियोग से धन की बचत बड़ी सरलता से बड़ी आसानी से होगी
20:45तो आपने हल्दी की गांट के बारे में जाना अब आगे बढ़ते हैं अगली वस्तु है कौड़ी
20:50पंडित जी दिपावली की रात को कौड़ी का विशेश प्रियोग आखिर कैसे करणा चाहें आपने धन्तेरस पर कौड़ियां खरीदी थी
20:58न तो अब कौड़ियों का प्रियोग दिपावली पर कैसे करेंगे भाई
21:03देखे मा लक्ष्मी के सामने जो बड़ा घी का दिपावली पर जलाएंगे उसके घी में दो कौड़ियां या पाँच कौड़ियां
21:17डाल दीजिएगा
21:18दिपक रात भर जलने दीजिएगा ये कौड़ियां एक्टिव हो जाएंगी
21:26अगले दिन सुबह जब दीपक शान्त हो जाए बुझ जाए तब उन कौड़ियों को निकाल करके लाल कपड़े में बाध
21:40लीजिएगा
21:41कोडियों को घी से निकाल लीजिएगा दीपक बुच्चुका होगा
21:45उसको पोच्च के अच्छी तरह लाल कप्रे में बांद लें पोटली बना लें
21:50इस पोटली को अपने धन स्थान पर रख दीजिएगा जहां भी आप पैसा रखते हैं
21:57साल भर धन इस थिर्ता से बना रहेगा इस पोटली का एक फाइदा और बता दें
22:06अगर इस पोटली को घर के मुख्य द्वार पर लटका देते हैं और घर में किसी का विवा नहीं हो
22:15पा रहा है
22:16तो उसका विवा साल भर के अंदर जल्दी से जल्दी हो जाएगा
22:23तो पंड़ी से आपने जाना कि दिपावली की रात कौडी का विशेश प्रियोग कैसे करें
22:28अब सबसे महद पूर्ण वस्तू है चांदी
22:30दिपावली की रात लोग चांदी के सिक्के की पूजा जरूर करते हैं
22:33तो आईए अब पंडी जी से जानते हैं कि क्या है चांदी से भी दिपावली पर कोई उपाई किया जा
22:38सकता है।
23:03अब पूजा करोंगी हैं कि क्या वहां गंगा जल में एक चांदी का सिका डाल कर रख दीजिएगा जब आप
23:10पूजा शुरू करेंगे।
23:12पूरी पूजा हो जाने दीजिए और रात भर गंगा जल में चांदी का सिक्का जो है या चांदी का टुकड़ा
23:19जो है वो पड़ा रहेगा
23:21अगले दिन सुबा उस गंगा जलके छीटे घर के हर कमरे में, बात्रूम में, घर के बाहर, बालकनी में, छट
23:30पर, हर जगा छीटे मारिएगा
23:33और इस चांदी के टुकडे को या चांदी के सिक्के को आप अपने पर्स में रख लीजिएगा अगले एक साल
23:43तक
23:44पूरे घर में धन, सम्रिद्धी और संपन्नता बनी रहेगी और गंगा जलके जब अगले दिन छीटे मारेंगे न, तो आपके
23:53घर से दरिद्रता, नकारात्मक्ता, अशुबता, दुर्भाग्य, ये सब इन छीटों के साथ दूर हो जाएगा
24:05जान्दी के चमतकारी प्रियोग के बारे में आपने जाना, अब समय हो गया है धन्तेरस के दिन खरीदे गए गोमती
24:11चक्र के विशेश प्रियोग का, पंडित जी इसका प्रियोग आखिर कैसे करना है?
24:14तो देखिए धन्तेरस पर आपने गोमती चक्र भी खरीदा था, दो या तीन या पाँच, तो दिपावली पर इन गोमती
24:23चक्रों का विशेश प्रियोग होता है, इसलिए आपको धन्तेरस पर गोमती चक्र खरीदने को कहा गया था
24:30दिपावली पर क्या उपाय करें गोमती चक्र से? दिपावली की रात को पाँच गोमती चक्र आपको ले लेने चाहिए, आप
24:44धन्तेरस पर ले आए हैं, दिपावली की रात को पूजा के समय पाँच गोमती चक्र अपने साथ में रख लें
24:52हर गोमती चक्र पर चारो तरफ से सिंदूर लगाईएगा
24:57पूजा समाप्त होने के बाद ये करिएगा
25:00हर गोमती चक्र पर चारो तरफ से सिंदूर लगाएं
25:04और एके करके सारे गोमती चक्र हनुमान जी को अर्पित करिएगा
25:10हनुमान जी के चरणों में रख दीजिएगा
25:13दीपावली की रात भर ये हनुमान जी के सामने पड़े रहने दीजिएगा
25:19दीपावली के अगले दिन इनको लाल कपड़े में बाध लीजिएगा
25:27और इसके बाद घर के किसी कोने में, किसी अलमारी के कोने में, किसी दराज में या रसोई के कोने
25:35में इनको छुपा दीजिएगा
25:37बड़ा चमतकारी है ये गोंती चक्र
25:41अगर ऐसा कर लेंगे दिवाली के अगले दिन तो साल भर आपका स्वास्थ अच्छा बना रहेगा
25:49और अगर सेहत की समस्या चली आ रही है तो वो समस्या दूर हो जाएगी
25:58तो दिपावली की रात गोंटी चक्र का प्रियोग कैसे करें यह हमने पंडेजी से जाना चली
26:03अब जानते हैं आगे कि दिपावली पर बहुत से लोग सम्रिध्धी की हांडी बनाते हैं
26:08तो पंडित जी से जानते हैं कि इस हांडी को कैसे बनाएं और इनमें कौन-कौन सी वस्तुमें रखी जाती
26:12हैं।
26:38अभी आपको समय बताया ना, साढ़े-बारा बजे से लगभग धाई बजे के बीच का जो समय है ना, इस्थिर
26:45सिंग लगन का समय है।
27:08और जब साथ अनाज डालने थोड़ा-थोड़ा सा तब चुटकी भर सिंदूर उपर से डालिएगा और एक सिक्का चांदी का
27:17सिक्का हो तो बहुत अच्छा है नहीं तो नॉर्मल एक रुपए, दो रुपए, पांच रुपए का सिक्का उसमें डाल दीजिएगा।
27:24इसके बाद इसके मुह पर लाल कपड़ा बांदीजिएगा और रात के समय ही इसको रसोई में रख दीजिएगा।
27:33रसोई के किसी अलमारी में, किसी कोने में और दिश्टर्मत करिएगा साल भर, साल भर आपका रोजगार अच्छा बना रहेगा,
27:45साल भर घर में संपन्नता आती रहेगी, आप संपत्ती खरीद पाएंगे, आपको धन का लाब होगा, आपके घर से दरिद्रता
27:58दूर हो जाए
28:00तो दिपावली की रात बनाये जाने वाले हांडी के बारे में तो हम सबने जाना वक्त हो गया है अगले
28:05चमतकारी विशेश प्रयोग के बारे में जानने का, अगला विशेश प्रयोग है दिपावली पर एक विशेश तरह का काजल बनाया
28:12जाता है, और इसे कैसे बनाया जा
28:27है वो आपको बताएंगे फहले ये जानिए कि दिवाली की रात को आप काजल कैसे बनाएंगे
28:35दीपावली पर एक बड़ा सा सरसों के तेल का दीपक जलाईएगा देवी देवता के सामने नहीं थोड़ा सा किनारे
28:45एक बड़ा सा मिट्टी के दीपक में सरसों के तेल का दीपक जलाएएगे एक और दीपक थोड़ा तिर्चा करके उसकी
28:57लौ से तिका करके रख दीजिएगा रात भर के लिए
29:03अब रात भर ये दीपक दूसरा दीपक उसकी लौ पर तिका रहेगा तो रात भर में दूसरे दीपक में काजल
29:14जम जाएगा या कालिक जम जाएगी ये सामान ने काजल नहीं है
29:21ये अमावस्या की रात को बनाया गया काजल है इस काजल को अपने पास सुरक्षित रख लीजिएगा जिनके घरों में
29:35छोटे बच्चे हैं उनको नजर लगती है उनके कान के पीछे रेगुलर लगाईए
29:42जिन लोगों को ये शिकायत रहती है कि मुझे बार बार नजर लग जाती है वो रोज सुबह नहां के
29:50कान के पीछे जरासा लगा करके जाएं
29:55नकारात्म कूर्जा का असर नहीं होगा और अगर आपको पता है कि किसी रिस्क वाले काम में जा रहे हैं
30:03या जहां दिक्कत हो सकती है या जहां कोई मुश्किलें आ सकती हैं ऐसे किसी काम में जा रहे हैं
30:10जरासा इस काजल को कान के पीछे या कंट पर लगा कर जाएएगा आ
30:21बड़ा जादूई काजल है और इसको लगाने से तंत्र मंत्र या इस तरह की चीजों का असर नहीं होता है।
30:30तो दिपावली पर विशेश तरह का काजल कैसे बनाया जाए ये तो हमने जाना अब जानते हैं बड़े जीवन में
30:36किसी भी तरह की बाधा से सुरक्षित रहने के लिए आपको क्या उपाय करने हैं।
31:00लक्ष्मी की पूजा ही नहीं होती। दिपावली की रात को माता महाकाली की पूजा भी होती है।
31:08तो दिपावली की रात को अगर आप पूजा करेंगे तो माता महाकाली की पूजा से भी लाब होगा।
31:16क्या करें की बाद हाएं दूर हो मा काली का एक चित्र या मूर्ती दीपावली पर अलग से गनेश लक्ष्मी
31:26के अलावा अलग से चोगी पर रखें या उनका एक चित्र रखें उन्हें भी लाल फूल चढ़ाएं उन्हें भी मिठाई
31:34चढ़ाएं लौंग अर्पित करें और इ
31:42सरसों के तेल का एक शुद्द सरसों के तेल का दीपक जलाईए और इसके बाद मा काली को एक लोहे
31:54का छला या एक काला धागा अर्पित करियेगा
32:01और इसके बाद ओम क्रीन काली काय नमह ओम क्रीन काली काय नमह इस मंत्र का कम से कम तीन
32:20माला या ग्यारह माला जब करियेगा
32:25यह काम अगर आप मध्य रात्री में करें तो बहुती बढ़िया होगा जब आप जब कर लें तब आप माता
32:36से प्रार्थना करें कि आपके ऊपर शत्रू बाधा दुर्घटना की बाधा तंत्र मंत्र नकारात्मक उर्जा यह सब बिलकुल असर ना
32:50करें
32:51जब के तुरंत बाद काला धागा या लोहे का छला जो आपने अर्पित किया था इसको धारन कर लीजिएगा
33:05आप हर तरह की तंत्र मंत्र की बाधा से सुरक्षित बने रहेंगे
33:15किसी भी तरह की बाधा से सुरक्षित रहने के उपाय तो हमने जाने
33:18इसके बारे में पंडिजी ने भी बताया अब कारिक्रम के अंत में चलिए जानते हैं
33:22कि दिपावली की मध्यरात्री में किस मंत्र का जाब पंडिजी करना जाहे
33:26अब आपको बताते हैं कि दिपावली की मध्यरात्री को सिंग लगन में आप कौन सा मंत्र पढ़ें एक माला या
33:35ग्यारा माला
33:38दिपावली की मध्यरात्री को लाल आसन पर बैठ कर एक विशेश मंत्र का ग्यारा माला आपको जब करना चाहिए
33:53मंत्र देखे स्क्रीन पर मंत्र है ओम हरींग श्रींग क्लींग महालक्ष्मी ममग्रिहे आगच्छ आगच्छ हरींग नमः फिर से नूट करें
34:15मंत्र
34:15ओम हरींग श्रींग क्लींग महालक्ष्मी ममग्रिहे आगच्छ आगच्छ हरींग नमः अगर ज़्यादा नहीं कर पाते तो कम से कम तीन
34:35माला इस मंत्र का जब करियेगा
34:38मंत्र जब करने के बाद इस मंत्र को पीले कागच पर लाल इंक से लाल पेंसे लिख लीजिएगा
34:52और इस कागच को मोड कर अपने धन स्थान या अपने पर्स में रख लीजिएगा
35:02हो सकता है कि आपको मंत्र पढ़ने में कठिनाई लगे
35:08आपको लगे कि लंबा मंत्र है कैसे पढ़ पाऊंगा मैं मुझे संस्कृत नहीं आती है
35:15तो आप अपने मोबाइल पर लक्षमी अश्टकम लगा लीजिएगा
35:21मध्यरात्री में कम से कम तीन पाठ लक्षमी अश्टकम का सुन लीजिएगा
35:30लक्षमी अश्टकम तीन पाठ सुन करके आप प्रार्थना करिएगा
35:38कि वर्ष भर धन और संपन्नता बनी रहे
35:43पंडिजी आपने हमारे दर्शकों को इतनी महदपून जानकारी दे इसके लिए बहुत बहुत धन्यवाद आख
35:49धन्यवाद
35:49जलिया वक्त हो गया है आपसे विदा लेने का हमें दीजिये इजाज़त
35:53देश और दुनिया के बाकी खबरों के लिए आप देखते रहें आज तक नमस्कार

Recommended