00:00excellencies water is the life blood of our region it sustains millions of lives
00:07nourishes our lands and secures the very future of our coming generations
00:14it must never be weaponized it cannot be used as an instrument of coercion
00:21nor can it ever be exploited for political leverage
00:26किर्गिस्तान की राष्ठानी विश्केक में SCO समिट का मंच सामने तुनिया के बड़े नेता
00:31चीन के राष्टपती शीजिन पेंग, रूस के राष्टपती व्लादे मिर पुतिन और भारत के प्रधान मंतरी नरेंद मोटी
00:39और इसी मंच से पाकस्तान के प्रधान मंतरी शेहबाश शरीफ ने ऐसा मुद्दा उठाया
00:44जो सीधे भारत और पाकस्तान के बीच पानी की जंग से जुड़ा हुआ है
00:49शेबार शरीफ ने सिंधू जलसंधी का नाम लिये बिना पानी को पूरे छेत्र की जीवन रेखा बताया
00:55और कहा कि पानी को हत्यार के तौर पर इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए
01:00उन्होंने साजा जलसंजोतों का सम्मान करने की बात कहडा लिए
01:04अब उनका ये बयान ऐसे वक्त में आया है जब भारत ने सिंधू जलसंधी को लेकर अपना रुख बेहद सक्त
01:10कर लिया है
01:12यानि SCO के अंतराष्ट्रिय मंच पर पाकिस्तान की परेशानी एक बार फिर पानी बन गई है और वो सामने भी
01:19आ गई है
01:19अब सीधे शब्दों में समझाएं तो इंटरनेशनल मंच पर शेहबाद शरीफ गड़-गड़ा रहते भारत की नाम पर
01:25लेकिन क्या हुआ है पुरा मुद्धा, पानी का कौन सा मामला है, क्या कुछ हो रहा है कि शहबास को
01:31इंटरनाशनल मंच पर भारत के नाम पर गड़ाना पड़ रहा है, सब कुछ जानते हैं आज के इस ख़बर में
01:37नमस्कार, मेरा नाम है रिचा पराशर और आप देख रहे हैं वर इंडिया हिंगे
01:40चलि सबसे पहले पूरे घटना क्रम को समझते हैं
01:44साल 1960 में भारत और पाकिस्तान के बीच सिंधू जल संधी हुए थी
01:50इस समझोते के तहट सिंधू, जेलम और चिनाव जैसी पश्चिमी नदियों के पानी पर
01:56पाकिस्तान को मुख्य उप्योग अधिकार मिले जबकि रावी, ब्यास और सतलुच के पानी पर भारत को अधिकार दिया गया
02:04दशकोतर, दोनों देशों के बीच युद्ध और तनाव के बावजूद ये समझोता चलता रहा
02:09लेकिन अब हालात बदल चुके हैं
02:12भारत में अप्रेल दोहजर पचिस में पहल गाम आतंकी हमले के बाद सिंधू जल संधी को स्थगिद करने का फैसला
02:18किया
02:18इसके बाद से पाकिस्तान लगतार अंकराष्ट्रिय मंचों पर इस मुद्ध को उठा रहा है
02:23और अब यही मुद्धा SEO के मंच तक पहुट चुका है
02:27श्यवाज शरीफ ने कहा कि पानी करोडों लोगों के जिंदिगी खेती और आने वाली प्रीडियों के भविशे से जुना हुआ
02:33है
02:33उनका संदेश था कि साजहान अदियों के पानी को राजनितिक दवाव के साधन के तौर पर इस्तमाल नहीं किया जाना
02:41चाहिए
02:42हाला कि शरीबाज ने अपने भाषन में भारत का नाम सीधे नहीं लिया
02:46लेकिन समय और परस्तितियां सब कुछ बता रही थी
02:50क्योंकि ठीक इस से पहले 31 अगस्त को भारत में सिंदुजल संधी से जुड़े
02:54हिग्स थे तथा कथित कोट और और बिट्रेशन के फैसले को स्विकार करने से साफ साफ इंकार कर दिया था
03:02भारत का कहना है कि ये प्रक्रिया उसके सहमती के बिना आगे बढ़ाई गई और उसे इस मंच के अधिकार
03:08छेतर को मानेता नहीं है
03:10कि भारत स्कूर को ही मानेता नहीं दे रहा है जिसका फैसला पाकिस्तान भारत के मूपर लेकर आ रहा है
03:16अब यही वज़ा है कि पाकिस्तान के लिए SEO समिट का मंच बहद महतोपूर हो गया
03:21पाकिस्तान जानता है कि सिंधू नदी प्रणाली उसके लिए सिर्फ पानी का सवाल नहीं है
03:27उसकी खेती, खाद्य सुरक्षा और अर्थववस्था का बड़ा हिस्सा इसी नदी प्रणाली पर नर्धु करता है
03:34रोइटर्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक सिंधू जल संधी पाकिस्तान की करीब 80% कृषी भूमी के लिए बेहद महतोपूर
03:42है
03:42यानि भारत के रुख में बदलाओ पाकिस्तान के लिए सिर्फ पूटनी तिक चुनता नहीं बलकि रणने तिक चुनतागी है
03:49और इसी बीच पाकिस्तान की तरफ से अंतराष्ट्रिय समर्थन जुटाने की कोशिशें तेज होते दिखाई दे रही है
03:56SEO में शहबार शरीफ ने पानी को छेत्रिय शान्ती और सहयोग से जोड दिया
04:02लेकिं दूसरी तरफ भारत का संदेश भी बहुत स्पष्ट रहा
04:27पाकिस्तान पानी की बात कर रहा था भारत आतंक बाद की और इनहीं दोनों मुद्दों के वी जो चीन और
04:33रूस जैसे बड़े देशों की मौझूदगी ने SEO मंच को और महत्रों बना दिया
04:58सिंदू का पानी भारत और पाकिस्तान के भी इची सिर्फ एक नदी का मुद्दा नहीं है
05:03ये ऐसा समझोता है जिसने 1965, 1971 और कारगिल जैसे युद्धों के बावजूद दोनों देशों के बीच पानी के बटवारे
05:11का धाचा बनाए रखा
05:13लेकिन आज यही संधी एक ऐसे मोड पर पहुँच गई है जहां भारत एक अंतराष्ट्रिय और बीटेशन बॉड़ी के फैसले
05:20को मानने से इंकार कर रहा है
05:22और पाकिस्तान उसी फैसले को अपनी सबसे बड़ी कूटनीतिक जीत बता रहा है
05:27लेकिन इस पूरी कहानी में कुछ ऐसे तथ्य हैं जिन्हें शायद ही आम तोर पर बताया जाता है
05:32तो चलिए आज परत दर परत पूरी कहानी को समझते हैं कल क्या हुआ था आज क्या हुआ पाकिस्तान क्यों
05:38कूद रहा है और भारत क्यों पाकिस्तान को अउकार दिखा रहा है सब को समझते हैं
05:43नमस्कार मेरा नाम है रिचापर आशर और आप देख रहे हैं One India Hindi
05:46सबसे पहले सबसे महत्वपुन बात सिंदू जलसंदी भारत और पाकिस्तान के बीच सिर्फ दो देशों की बातचीत से नहीं बनी
05:54थी
05:54करीब 9 साल तक बातचीत चली और विश्व बैंक ने इसमें महत्वपुन भूमिका निभाई थी
06:001960 में ततकालिन प्रधानमंतरी जवाहर लालनेहरू और पाकिस्तान के राश्वपती अयूब खान ने संधी पर हस्ताक्षर किये थे
06:09विश्व बैंक इस समझोते का हस्ताक्षर करता भी था
06:12अब इस संधी का सबसे दिल्चस्प हिस्सा समझिये
06:22संधी भारत को पश्चिमी नदियों पर कुछ करने का दिकार ही नहीं है
06:40अब यहीं से पूरी कहानी बदलती है
06:43संधी भारत को पश्चिमी नदियों पर सिमित परिस्तितियों में
06:48जल विद्यूत परियोजनाओं को उनको बनाने के अनुमती देती है
06:51लेकिन समस्या यह है कि पाकिस्तान अकसर इन परियोजनाओं के डिजाइन को लेकर आपत्ती करता रहा है
06:59अब भारत का तर्क रहा है कि वो संधी के भीतर मिले अधिकारों का इस्तेमाल कर रहा है
07:05इसी विवाद की सबसे बड़ी मिसाल है किशन गंगा और रतले हाइड्रो एलेक्टरिक प्रजेक्ट
07:12लेकिन शायद सबसे कम चर्चावारी बात यह है कि सिंदू जल संधी में विवाद सुलजाने का सिर्फ एक रास्ता नहीं
07:20है
07:21संधी में अलग-अलग तरहे के विवादों के लिए अलग व्यवस्था है
07:25किसी तकनीकी अंतर को न्यूट्रल एक्सपर्ट के पास भेजा जा सकता है
07:29जबकि बड़े विवादों के लिए होट ओफ और्बिटेशन का रास्ता मौझूद है
07:35यानि कि विवाद के प्रक्रिती ही एताय करने में महतोपून हो जाती है
07:39कि कौन सा तंतरे स्थेमाल होगा
07:41अब यही बात पिछले कुछ वर्षों के सबसे बड़े विवाद का केंदर भी वनी
07:46भारत ने रतले और किशन गंगा परियोजनाओं से चुड़े मुद्धों पर
07:50नूट्रल एक्सपर्ट की प्रतिक्रिया को और उस प्रोसेस को प्रमानिक्ता दी
07:54और पाकिस्तार ने दूसरी तरफ कोट ओफ और्बिटेशन का रास्ता अपनाया
07:59विश्व बैंक ने 2022 में दोनों प्रक्रियाओं के लिए अलग-अलग नियुक्तियां की
08:04मिशेल लीनो को नूट्रल एक्सपर्ट और प्रफेसर सीन मर्फी को
08:09कोट ओफ और्बिटेशन का चेर्मेन नियुक्तिया गया
08:13अब यहाँ एक बहत एहन सवाल उठता है
08:15जब एक हे विवाद से जुड़े मुद्धों पर दो प्रक्रियाएं चल रही हो
08:20तो फैसला किसका माना जाएगा
08:21यही भारत और पाकिस्तान के बीच कानूनी टकराव की जो जड़ है
08:26भारत का कहना है कि समान मुद्धों पर समानतर प्रक्रिया संधी की भावनाय के खिलाफ है
08:33दूसरी तरफ और बीटेशन कोट ने अपनिक्षमता और अधिकार छेत्र को बरकरार रखा
08:39दोहजर पचिस में कोट ने कहा था कि वो पाकिस्तान की ओर से उठाए विवादों पर वुचार करने में सक्षम
08:45है
08:45और अब आता है दोहजर चब्बिस का सबसे बड़ा मोर
08:5031 अगस्त 2026 को और बीटेशन कोट ने कहा कि भारत की ओर से सिंधु जल संधी को अब यैंस
08:58में रखने के बावजूद संधी लागू है
09:01अब कोट के मुताबिक भारत के पास संधी को एक तरफा तरीकिस्ति निलंबित करना या फर खत्म करने का परियापताधार
09:09ही नहीं है
09:11रतले परियोजना से जुड़े कुछ नर्मान कारियों पर भी अंतरिम प्रतिवन्थ लगाए गए हैं
09:16लेकिन भारत में फैसला सुमते ही साफ कर दिया कि वो इस तथा कथित कोट के अधिकार छेत्र को ही
09:23स्विकार नहीं करता है
09:24और यहीं से कहानी में एक बड़ा मोडा गया है
09:27विदेश मंत्राले ने इस अवैद रूप से गठित निकाय को बताते हुए कहा कि भारत का सिंधू जल संधी को
09:34अभियांस में रखने का फैसला कायम है
09:37और इस निकाय के फैसलों को भारत के संप्रभू फैसलों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा
09:43यानि कि भारत नहीं वान रहा है भारत ने साफ साफ डिनाय कर दिया है
09:47अब सबसे बड़ा सवाल है कि सिंधू जल संधी आखिर इतनी महतोपुन क्यों है
09:56क्योंकि पाकिस्तान की क्रिश और जल सुरक्षा का बहुत बड़ा हिस्सा सिंधू नदी प्रणाली पर नर्भर है
10:03इसलिए पाकिस्तान के लिए ये सिर्फ अंतराष्टी समझ होता नहीं है
10:06बलकि खाद्दे और आर्थिक सुरक्षा का सवाल भी है
10:10दूसरी तरफ भारत के लिए पश्चिमी नदियों पर अपने संधी अनुमत जल विद्योत अधिकारों का इस्तमाल रणितिक महतो रखता है
10:18और एक और महतोपुन तथ्य समझेए
10:21संधी ने दशकों तक भारत पाकिस्तान के बीच युद्धों और गंभीर तनाव के बावजूद काम किया है
10:29अब यही वज़ा है कि इसे दुनिया के सबसे टिकाओं अंतराष्ट्य जल समझोतों में गिना जाता रहा है
10:35लेकिन अब इस्तिती पहले जैसे बिल्कुल भी नहीं है
10:37भारत कह रहा है कि आतंकवाद और राष्ट्य सुरक्षा के बदलते माहौल में पुरानी व्यवस्था को उसे तरह जारी नहीं
10:45रखा जा सकता
10:46अब भारत ये क्यों कह रहा है इसके पीछे भी कहानी है और कहानी बहुत पुरानी नहीं है
10:50हाल ही में हुए वितेवर्श हुए पहलगाम आतंकी हमले के बाद से भारत ने इस पर सक्तरुक अपना लिया
10:55भारत ने कहा कि खून और पानी एक साथ नहीं बह सकते
11:00यानि कि जो पाकस्ता जल जैसे basic needs के लिए पानी के लिए भारत पर depend करता है जब भी
11:07मौका मिले भारत के लिए ही वो ये आतंकवादी हमले करवाता है भारत को आँख दिखाता है भारत के खिलाफ
11:14international bodies में शरेंद्र रच्टा है तो उस पाकस्तान के लिए भारत का तो stand साफ ह
11:20खास करके यह पहलगाम हमले के बाद जब पहलगाम में आप सब को याद हुआ कि आतंकियों ने जो सैलानी
11:28थे उनसे उनका धर्म पूछा उनका नाम पूछा और यहां तक की बहुत भयानक तस्वीरे आई जब उन्हें कहा गया
11:36कि कपड़े उतारो और दिखाओ कि तुम किस
11:39कौम से बिलॉंग करते हो इसके बाद उन्हें मारा गया उनकी हत्या की गई उसके बाद भारत ने इस संधी
11:45पर सक्त्रूप अपनाया और पाकिस्तान को पाकिस्तान पर एक प्रहार किया और वो यह था कि खून और पानी एक
11:55साथ नहीं बह सकते
11:57अंतराश्ट्रिय और बिटेशन बॉड़ी अब इस पर कह रही है कि संधी की कानूनी बाध्यताएं बने गुई है पाकिस्तान इस
12:05स्वैसले को अपने पक्ष में देख रहा है पाकिस्तान कूद रहा है उचल रहा है किया रहे भाई इसमें तो
12:09हमारी जी थे हमारी बात सुन
12:11ले गई है यानि कि असली लड़ाई अब सिर्फ पानी की है ही नहीं लड़ाई इस बात की भी है
12:15कि 1960 के संधी को 2026 की बदलती हुई भूराजनितिक परिस्तियों में किस तरह पढ़ा जाए और आने वाला समय
12:23तय करेगा कि सिंधू का पानी दोनों देशों के बीच सहयों का �
12:28बना रहेगा या फिर भारत पाकिस्तान तनाव का एक नया रणनेतिक हतियार बन जाएगा क्योंकि अभी मुद्दा सुलश्ता हुआ बिलकुल
12:37भी दिखाई नहीं पड़ रहा है सिंधू का जो पानी है एक नया विवाद का कारण बन गया है भारत
12:43का रुख जो है इस पर ब
12:56भारत पाकिस्तान की किसी भी इंटरनाशनल बॉड़ी जिसको पाकिस्तान ऑथोराइजड कर रहा है उसको तो भारत उसके फैसलों को का
13:04दई नहीं मानेगा अब इसलिए ये नया विवाद वापस एक बार जोर पकड़ चुका है देखना ये होगा कि और
13:11जो इंटरनाशनल �
13:13स्पेशली वर्ल्ड बैंक जुसने बीच में आकर संधी को करवाया था उसका इस पर क्यारुक होता है और क्या भारत
13:20लोगों का दबाव स्विकार करता है या भारत अपने स्टैंड पर कायब रहता है जो भी होगा आने वाले दिनों
13:27में उस पर हमारी नजर बनी रहेगी अ�
13:31देखते रहे हो वन इंडिया है तो सब्सक्राइब तो वन इंडिया नेवर मिस न अप्टेट दानलोड दो वन इंडिया एप
13:41नौट वी