00:08ये हैं गया की प्रसिद्ध कवित्री और शिक्षका सुधा मिश्रा
00:13वर्ष दो हजार पचीस में विश्व हिंदी दिवस पर नेपाल सरकार की संस्था ने इन्हें अंतराश्ट्रिय शिक्षक रत्न की मानद
00:23उबाधी से नवाजा है
00:25पूरी दुनिया के 18,000 दिगज कवियों के बीच सुधा की रचना को सर्वश्रिष्ट चुना गया
00:32लेकिन सुधा की सबसे बड़ी उपलब्धी ये आवाड नहीं बलकि गया अबजर्वेशन होम के वो बच्चे हैं जिनहीं समाज अपराधी
00:43मानता है
00:43वह यहां बच्चों को केवल कितावी गया नहीं देती बलकि मधूर भजनों और अपनी प्रेणा दायक कविताओं से मानता का
00:53पाठ पढ़ाती हैं
00:54परवेशन गरी के बच्चों को सुधा शिक्षा के साथ ही अनुशासन का पाठ पढ़ाती हैं
01:29सुधा अपनी सारी जिम्यदारियों को बखो भी निभाती हैं जिसकी सब ही प्रशनसा कर रहे हैं
01:49पर इसके बावजूर भी काफी अच्छे से बच्चे लोग पढ़ा पाए
01:53बच्चे कोई पढ़ा रही हैं और काफी बच्चे यहाँ से निकल के अच्छे कारें कर रहे हैं
01:57यह पता चलता है तो काफी अच्छा लगता है
02:08४ विलाए जटमी डाले
02:12४ सुधा मिस्रा मैम के साथ में
02:14मैं करेब तीन साल से
02:17इनके साथ में कार्ज कर रहा हूँ
02:18तो इनको पढ़ाने का धंग है
02:22वो काफी effective है
02:24और काफी सकरात्मक है
02:26यह हमेशा जब भी बच्चों के सामने जाते हैं
02:29तो हमेशा एक सकरात्मक दृष्टी के साथ
02:31उनके साथ पेश आते हैं
02:33पास कई सिक्चक हैं
02:34सुधा जी हैं, संगीता जी हैं, डॉक्टर नीरज हैं
02:37तबसुन जी हैं, मिथलेस हैं
02:39और इसके अलाबा हमारे योग सिक्चक हैं
02:42और अन्य जो हमारे कर्मी कन भी हैं
02:46जो बच्चों को सिक्चित करने की कोशिस करते रहते हैं
02:49हमारी सुधा मैडम है
02:50जो बच्चों को अपना जनगण मन, वंदे मातरम ये सब तो सिखाती हैं
02:56प्लस अपना गाने के शैली से भी बच्चों को नई-ई-ई चीज़े सिखाती हैं
03:00और इनके साथ हमारी सहयोगी शिक-शिकाए कोन है रजनी मैडम वो आट एंड क्राफ करवाती है।
03:05फ़.
03:06फ़.
03:33फ़.
03:34और बिहार की कई नामचेंज संस्थावने की है
03:38वो आज समाज के लिए एक सची प्रिर्णा बन चुकी है
03:43ETV भारत के लिए गया से सरताज एहमत की रिपोर्ट