00:06इस पिल्म का नाम है आर्टिकल 375 जो एक कानूनी फिल्म है
00:11ऐसी कहानी शायती आपने पहले कभी नहीं देखी होगी
00:14इस फिल्म में कानून और सचाई के बिश एक पतली सी रेका है
00:18जिसे समझने के लिए काफी ज़्यादा दिमाग लगाने की जरुरत है
00:22ऐसी कहानी जो आज तक कभी किसी ने देखी ना हो जहां अक्सर हम औरतों को विक्टिम समझते हैं
00:29इस फिल्म में कुछ ऐसा दिखाया गया है जो हमारी सोच को हमेशा के लिए बदल कर रगतेगा
00:33और हमें यह सोचने पर मजबूर कर देगा क्या हमेशा औरते ही गलत होती है
00:38चलिए देखते हैं इस फिल्म की पूरी कहानी
00:40फिल्म सेक्शन 375 2019 में रिलीज हुई थी
00:43और यह एक courtroom drama फिल्म है जिसमें एक high profile rape case के बारे में दिखाया गया है
00:49और किस तरह कानून के मादेहम से उस case की छानबिन हुई
00:53फिल्म की शुरुवात में हम देखेंगे कि एक famous film director
00:56जिसका नाम रोहन खुराना है
00:58जिसकी अपनी costume designer assistant अंजली दांगले उसके साथ rape करने का आरोप लगाती है
01:05अंजली का ये कहना है कि राहूल ने उसके साथ दुश करम किया है
01:09जो कि एक काफी गंबीर मामला है
01:11वो पुलिस को ये statement देती है कि राहूल ने फिल्म की shooting set पर और अपने घर पर उसका
01:17सोशन किया है
01:18सबूतों और शक के अधार पर पुलिस राहूल को गिरिफतार कर लेती है
01:22और ये case lower court से शुरू होते होते session court तक पहुँच जाता है
01:27इस फिल्म की आदी सी जादा कहानी courtroom के अंदर की दिखाई गई है
01:31जहां दोनों पक्षों के वकील अपनी अपनी दलिले देते हुए दिखते हैं
01:36अंजली का case लड़ती हुई हीना मैता जो की एक सरकारी वकील होती है
01:41उन्हें ये जिमेदारी मिलती है
01:42जिनका इकलोता मकसद यही होता है कि वो अंजली को नियाय दिलाया राहूल को
01:48उसके दोरा किये गए गलत काम की सजा
01:50दूसरी तरब हम देखेंगे कि राहूल के लॉयर तरुन सलूजा जो की एक काफी होशियार और शातिर वकील होते हैं
01:57तरुन का मकसद सिव राहूल को बचाना ही नहीं बलकी
02:00case के हर पहलू तक पहुचना था
02:02उसे ये जानना था कि इस case में कितनी सच्चाई है
02:05और उस सच को बाहर लाना जो सबकी नजरों से छुपा हुआ है
02:09इस film में हम बहुत अदर twist और tons देखेंगे
02:12जैसे जैसे case की सुनवाई आगे बढ़ती जाएगी वैसे वैसे
02:16तरुन अपनी जाद से एक-एक सच का खुलासा करता जाएगा
02:19वो कोड को वो सच दिखाएगा जो सबकी नजरों से ओजहल था
02:23इस film से हमें एक बहुत बड़ा संदेश मिलेगा
02:25कि कई वर सचाई कानून और सबूतों से भी बढ़ा होता है
02:30और कभी कभी किसी के जूटे बयान और सबूतों की वज़े से किसी की जिन्दगी बरबाद हो सकती है
02:36दोनों वकीलों की दलिले सुनने के बाद कोड इस फैसले पे पहुशती है कि
02:40जो कानून के धराओं के अनुसार होता है और सबूतों के अधार पर जो उन्हें सही लगता है
02:45इस फिल्म का नाम सेक्शन 375 इसलिए रखा गया क्योंकि
02:49ये भारते दंड सहीता IPC उस धराओं पर बनी है जो अकसर रेव के मामलाव पर सुनाई जाती है
02:56फिल्म का मुख्य संदेश ये है कि कानून अन्धा नहीं होता पर सबूतों और सच पर चलता है
03:03तो ये पी इस फिल्म की पूरी कान्य अगर आपने अभी तक ये फिल्म नहीं देखिये तो हमारे कहने पर
03:08इस फिल्म ज़रूर देखे
03:22प्रूर आपने अभी तक ये ज़रूर आपने अभी तक ये पर चलता है