Skip to playerSkip to main content
शिवसेना (UBT) की सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने सुप्रीम कोर्ट के दिल्ली‑NCR में आवारा कुत्तों को ठिकानों में भेजने वाले आदेश पर स्पष्ट रूप से असहमति जताई है। उन्होंने कहा कि यह आदेश उन मासूम व बेज़ुबान जानवरों के साथ अन्याय है, जो अपनी ओर से अपनी बात नहीं रख सकते। उन्होंने सरकारों और नगर निगमों से सवाल किए कि अगर जांच‑परख और पूरक व्यवस्था पहले से तैयार नहीं थी, तो ऐसे फरमान जारी करना कैसे उचित हुआ? इसका बोझ तो इन जानवरों पर ही पड़ रहा है।

#StrayDogs #SupremeCourtIndia #PriyankaChaturvedi #DogRelocation #AnimalRights #DelhiNews #ShivSenaUBT #StrayDogControversy #DogShelters #StreetDogs #DelhiNCR

Category

🗞
News
Transcript
00:00जो decision लिया गया है वो कितना implementable है ना budgets हैं सरकारों के पास corporation budget भी सबसे कम रवया किये जाते हैं इनको लेकर stray animals को लेकर
00:12corporation की जिमेदारी है shelter homes बनाने की उनके न्यूटरिंग करने की उनके immunization की वही नहीं हो पारी है यह तो उन लोगों के साथ मैं मानती हूँ गुना होगा जो बोल नहीं सकते हैं वो भी जीते जाकते बींग्स हैं बोल नहीं सकते हैं अपना पक्ष नहीं रख सकते हैं तो क्यों उ
00:42कि यह एक decision ऐसा था जो knee-jerk reaction था और अगर well maintained हैं उनको चलते रहना देना चाहिए और अगर उन्होंने Supreme Court ने इसका संग्यान लिया है तो I welcome that decision, however, बहुत सारी ऐसी गाड़ियां बीच होती हैं 10-11 साल चलने के बाद जिनके fuel emissions इतने होते हैं जो air pollution की तरह and which is hazardous for health, तो उस पे
01:12punishments लगाएं against polluting vehicles, उनको phase out करना, उनको कहना के they will not be allowed in the NCR region, कहीं ना कहीं गलत था
01:20Supreme Court ने अवारफ को लेकर जिए सबसे जादा दुख इस बात का है, जी बिलकुल मैं समझ सकती हूं कि जो आम जनता है, उनको stage का जो मैनिस था, वो बढ़ रहा था, बहुत सारी ऐसी घटनाएं हो रही थी, untoward घटनाएं हो रही थी, लोगों का जानमाल का नुक्सान भी हो �
01:50इनको लेकर, stray animals को लेकर, stray cattle को लेकर, तो कहीं न कहीं जो corporation की जिम्मेदारी है, shelter homes बनाने की, उनकी nutring करने की, उनकी immunization की, वो ही नहीं हो पारी है पुक्ता तरीके से, तो उनको कह देना है, एक फर्मान जारी कर देना कि सब के सब एक तरफ चले जाएं, उनको shelter homes में डाल द
02:20बोल नहीं सकते हैं, अपना पक्ष नहीं रख सकते हैं, तो क्यों उनके साथ इस तरीके का विवार, बलकि I think they should come down heavily on all the corporations of the country, कि ये जो stray dogs है, उनकी तादाद नहीं भढ़नी चाहिए, एक्टिव हुटरिंग होनी चाहिए, और साथ ही साथ, shelter homes बने चाहिए, जहां पर उनको
02:50मैं बस यही कहूंगी कि घोशना बहुत हो जाती है, implementation क्या है, वो भी ध्यान में रखना पड़ेगा, एक important progress का measure यही है, कि हम सिर्फ announcements ना करें, हम announcement वीर ना बने, हम कर्म वीर बने, कि हम काम कर पा रहे हैं उस direction में, और अगर इस direction में काम होगा, देश आत्म निर्भर बने,
03:20इस पर लोग सपाने कि मेंबर पैनल कमिटी बनाई है, नहीं बिलकुल, वो पैनल क्यूंकि जो इंटरनल इंक्वाइरी की गई, उसमें उनको गिल्टी पाया गया, फिर भी उन्होंने इस्तीफा नहीं दिया, वो सुप्रीम कोर्ट में जाकर लडाई लडी, और उसकी जो �
03:50पूलोड सुप्रीम की ओल आवाई ड्यूम्ड़ अपाया वो इन्होंने में धूलोड ठाट ऑन्यूम्ड़ इंट

Recommended