00:00क्या SIR प्रक्रिया को रद्ध कर देगा सुप्रिम कोट?
00:04क्या सुप्रिम कोट पुराने वोटर लिस्ट को ही अपनाने का निर्देश देगा?
00:09चुनावायों के किस अधिकार को सुप्रिम कोट ने याद दिलाया?
00:12S.I.R. पर सुनवाई के दोरान सुप्रिम कोट में क्या क्या हुआ
00:17बिहार में चल रहे Special Intensive Revision प्रक्रिया यानि S.I.R. को चुनौती देने वाली आचिकाओं पर मंगलवार को सुप्रिम कोट में सुनवाई हुई
00:30इस दोरान कई वरिष्ट वकीलों ने बिहार की वोटर लिस्ट के विस्तार पर आपत्ती जताई
00:35वरिष्ट अधिवक्ता कप्पल सिब्ल और अभिशेक मनु सिंग्वी के साथ
00:38वकिल वरिंदा ग्रोवर और प्रशान भूशन ने कहा कि वोटरलिस बनाने की प्रक्रिया कानून के अनुसार नहीं हुई है जिसके बाद सुनवाई के दौराने कैसा वक्त आया जब शीश अदालत ने ये भी कह दिया कि वे पूरी प्रक्रिया को ही रद कर सकते हैं
00:52अब पीच ने ऐसा क्यूं कहा ये जानने के लिए आपको वकीलों की दलील और पीच की सुनवाई जाननी पड़ेगी
00:56अब शेक मनु सिंग्वी ने अदालत से याजिका करताओं को अंतरिम राहत देने की मांग करते हुए कहा
01:01पूरी प्रक्रिया चुनावाईो के अधिकार छेतर से बाहर है
01:05नागरिक्ता का निर्धारन चुनावाईो का काम नहीं है
01:08बहया नहीं कर सकता कि दो महीने में आच नौ करोड वोटर्स की नागरिक्ता तै कर देंगे
01:14इस पर जिस्टिस सुर्यकांत और जिस्टिस जैमालिया बाक्ची की पीछ ने कहा कि चुनावाईो के पास यह अधिकार है
01:20कि वत तै कर सके कि कि किसी व्यक्ति को भारती नागरिक होने के आधार पर वोटर लिस्ट में रखा जाए या नहीं
01:27इस पर सिंग्वी ने जवाब दिया कि चुनावाईो के पास यह अधिकार है लेकिन अगर किसी ने एनिमरेशन फॉर्म जमन नहीं किया है
01:33तो उसका नाम वोटर लिस्ट से नहीं हटाया जा सकता
01:36इसके बाद उन्होंने सुप्रिम कोर्ट के ही फैसलों का हवाला देते हुए यह भी कहा
01:41कि यह मान कर चलना होगा कि जिन्होंने पहले अपना वोट डाला है वे भारत के नागरिक है
01:46हलाकि मौजूदा प्रक्रिया में लोगों को तब तक गैर नागरिक माना गया है
01:50जब तक वे दस्तावेज न दे या फॉर्म न भरे
01:53कपिल सिब्बल ने यह भी कहा कि वोटर लिस्ट अंशोधन में कुछ ऐसे लोगमृत बताये गए हैं
01:58जो वास्ताव में जिन्दा है
02:00इस पर पीट ने उन से कहा कि ऐसे लोगों की लिस्ट दें ताकि अदालत चुनावायों के जवाब मांग सके
02:05आला कि सिब्बल ने कहा कि यह संभव नहीं है क्योंकि उनके पास अभी डेटा मौजूद नहीं है
02:09पीट ने मकीलों से यह भी पूछा कि क्या वे पूरी स्पेशल इंटेंसिव रिविजिन यानि इसा यार प्रक्रिया पर ही सवाल उठा रहे हैं
02:15या सिर्फ चुनिंदा लोगों के नाम सूची में न होने पर
02:19इस पर सिब्बल ने कहा कि पूरी प्रक्रिया कानून के खिलाफ है
02:22सिब्बल ने इस बाद पर भी जोर दिया कि ड्राफ्ट लिस्ट में अब तक 65 लाक नाम हटाए जा चुके हैं
02:28और अब दस्तावेजों के सत्यापन के बाद और नाम हटाए जा सकते हैं
02:32उसके बाद कोट ने याचिका करताओं से कहा कि अगर बाद में यह पाया गया कि बड़े पैमाने पर लोगों को बाहर कर दिया गया है
02:42और करोडों लोग लिस्ट से छूट गए हैं तो वे पूरी प्रक्रिया को रद कर सकते हैं
02:47और चुनावायोग को SIR से पहले वाली वोटर लिस्ट को ही अपनाने का नरदेश दे सकते हैं
02:54चुनावायोग की ओर से पेश वकील राकेश दिवेदी ने कहा कि याचिका करताओं की दलीलें सिर्फ अटकलों पर आधारित हैं
03:01और उन्हें प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार करना चाहिए
03:04बिरोध में खड़े वकीलों ने SIR प्रक्रिया को ववैद बताते हुए अदालत से अंधरिम राहत देने की मांग की है
03:10अब इसा यार पर लगातार सुनवाई की जा रही है इस पर जो भी अपडेट निकल कर आएंगी हम आप तक पहुचाते रहेंगे
03:16बस आप बने रहिए बन इंडिया हिंदी के साथ धन्यवाद