00:00हर साल मॉंसून के मंद में बरसात के महीने में उनके केसिस बढ़ते हैं
00:03और कुछ देर तक बुखार रहता है पर ठीक हो जाता है
00:06बॉडी एक्स और खांसी कभी-कभी कुछ हपते भी रह सकती है
00:09इसले इसले पैने की इशू नहीं, कोई जरूत नहीं है
00:12लेकिन भी आर सिंग मोर केसिस देन वाट वी यूजली सी दूरिं जादा तर जो केसिस हैं
00:19वो सुखाम, नजला, फीवर, बॉडी एक्स्ती हैं
00:21जो हम केते हैं अपर रेर्वे की प्रॉब्लम है
00:24कुछ लोगों में यह जो इंफेक्शन है, वो लोर एर्वे में चले जाती है, सांस की नाली के साथ, लंग्स
00:29में चले जाती है
00:29दिली समेत देश के कई हिस्सों में इंदिनो स्वाइन फ्लो, यानि की H1N1 इंफ्लेंज़ा के मामले बढ़ रहे हैं
00:36राजधानी दिली में 20 अगस्त तक इस साल H1N1 के 1777 मामले सामने आ जुके हैं
00:43सर्फ 20 अगस्त को 114 नए केस दर्ज किये गए हैं
00:46हला कि भारतिय आयोविज्ञान अनुसंधान परिशत यानि की IECMR ने स्ताफ किया है
00:52कि देश में H1N1 का कोई नया स्ट्रेन सामने नहीं आया है
00:57फिलहाल पैल रहा वाइरस 2005 से ही देश में मौझूद है और इसकी लगतार निगरानी की जा रही है
01:03तो आखिर स्वाइन फ्लू है क्या और ये एक इंसान से दूसरे इंसान तक कैसे पहुँचता है और साथधानी कैसे
01:10बरतने है
01:10नमस्कार मेरा नाम है रिचा पराशर और आप देख रहे हैं One India Hindi
01:14H1N1 एक influenza virus है जो मुख्य रूप से श्वसन तंत्र को प्रभावित करता है
01:20इससे आम बोलचाल में स्वाइन फ्लू कहा जाता है
01:23इसके लक्षन सामान में फ्लू जैसे ही हो सकते हैं
01:26बुखार, खासी, गले मकराश, सिरदर्द, शरीर में दर्द, ठकान और कमजोर
01:31ज्यादा तर मामलों में मरीज उचित आराम और इलाज के साथ ठीक हो जाते हैं
01:35लेकिन छोटे बच्चों, बुजर्गों और गर्भवती महिलाओं और पहले से किसी विमारी से जूज रहे लोगों में
01:42गंभीर संक्रमित का खत्रा हो सकता है
01:44अब ये समझे ये वाइरस फैलता कैसे है
01:47जब H1N1 से संक्रमित व्यक्ति खासता है, छीकता है या बात करता है
01:52तो उसके मूँ और नाक से निकलने वाली संक्रमित सांस की बुंदों के जरिये
01:56वाइरस आसपास की लोगों तक पहुँँच सकता है
01:59खास कर बंद और भीड भाड़ वाली जगहों पर संक्रमित व्यक्ति के बहत करीब रहना, लंबे समय तक आमने सामने
02:08रहना
02:09या उसके साथ बंद कमरे में समय भीताना संक्रमित का खत्रा बढ़ा सकता है
02:14इसके इलावा संक्रमित व्यक्ति के हाथों से दुशित सतह को छूने और फिर आख, नाक या फिर मूँ को छूने
02:21से भी वाइरस फैलने की संभावना रहती है
02:23यही वजह है कि स्कून, ओफिस, सारवजनिक परिवहन, अस्पताल और दूसरी भीड भाड़ वाली जगहों पर सावधानी बरतना जरूरी है
02:31दिल्ली सरकार ने भी लोगों को खासते और छीकते समय मूँ, नाक धकने, हाथों को निया में तूप से साबुन
02:38से धोने, भीर भाड़वारी जगहों पर मास्क लगाने और सास संबंधी बिमारी से पिड़ित व्यक्ति के नजदी की संपर्क से
02:46बचने की सला दी है
02:47लेकिन क्या हर बुखार या खासी का मतलब H1N1 है? अब ये सवाल जानना इसलिए भी बहुत ज़रूरी है क्योंकि
02:53आजकल नॉर्मल फ्लू भी बहुत ज्यादा स्तर पर पहला हुआ है आप अगर अपने आस पास 5 लोगों को देखेंगे
02:58तो 5 में 2 या 3 किसी ने किसी फ्लू
03:13उसे भी मिलते जुलते लक्षन हो सकते हैं इसलिए कि वह लक्षन देहकर खुद से H1N1 की पुष्टी करना सही
03:19नहीं है अगर बुखार खासी लगतात बनी रहे हालात बिगड रही हो या सास लेने में परिशान हो तो डॉक्टर
03:26से सलाह लेना जरूरी है गंभीर मामलों में
03:28इंफ्लेंजा से नीमोनिया और सास से जोड़ी दूसरी जटलताएं हो सकती हैं दिल्ली के कुछ अस्पतालों ने ऐसे मरीज भी
03:35देखे हैं जिन में गंभीर श्वसंसंबंदी समस्याएं व्रक्सित हों अलाकि इस समय सबसे जरूरी संदेश है सतर्क रहें लेकिन घबराए
03:55इसलिए बचाव का सबसे आसान तरीका है हाथ साफ रखें खास्तेया फिर चींके समय साबधानी भरतें भीड में जरूरत के
04:04अनुसार मास्क करें और दुमार होने पर दूसरों से दूरी बना पर रखें आनिकि खुद से भी अपने सोसाइटी के
04:10लिए थोड़ा सा कंट्रि
04:11यूट करें और अगर आपको तेज बुखार लगतार खासी सांस पूलना सीने में दर्द अत्यादी कमजोरी या फिर हालत बिगरने
04:18जैसे लक्षन दिखाई दें तो बिल्कुल भी देरी ना करें और चिकत सक्या सिलहा लें याद रखिए H1N1 से बचाव
04:24में जागरूपता
04:25सबसे बड़ा हथियार है डरने की नहीं है सावधान रहने की जरूरत है और ध्यान देने की जरूरत है साथ
04:31ही इस खबर को इस वीडियो को ज्यादा से ज्यादा लोग तक शेर कीजिए ताकि H1N1 की जो जानकारी है
04:38वो ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुँच पाए औ
04:40South honey but to check subscribe to one India and never miss an update
04:50download the one India app now
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