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SIR Controversy: Election Commission और Chief Election Commissioner Gyanesh Kumar को लेकर राजनीतिक विवाद तेज हो गया है। एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि SIR और electoral roll से जुड़े फैसलों पर दो Election Commissioners ने 10 महीनों में कई बार आपत्तियां दर्ज की थीं। इसके बाद विपक्षी नेताओं ने Gyanesh Kumar के खिलाफ कार्रवाई, गिरफ्तारी और कुछ राज्यों में fresh elections की मांग उठाई है। वहीं Election Commission ने कहा है कि अलग-अलग राय आना संस्थागत प्रक्रिया का हिस्सा है और SIR समेत सभी फैसले सर्वसम्मति से लिए गए। इस पूरे विवाद में Bihar, West Bengal, SIR, voter list और Election Commission की भूमिका चर्चा में है।

SIR Controversy: The political row over the Election Commission and Chief Election Commissioner Gyanesh Kumar has intensified. Opposition leaders have raised serious questions over the Special Intensive Revision (SIR) of electoral rolls and have demanded action against Gyanesh Kumar, including arrest. The controversy has also brought Bihar and West Bengal elections into focus, with debates over voter lists, electoral rolls and the Election Commission’s role. Meanwhile, the Election Commission has maintained that decisions related to SIR were taken through its institutional process. Watch this video for the latest developments, political reactions and the key issues surrounding the SIR controversy.

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~PR.540~HT.408~ED.108~GR.538~VG.HM~

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00:00मैं Election Commission और Election के Officers को साफ कह रहा हूँ
00:04आप जो कर रहे हो गलस कर रहे हो ये Treason है देश के खिलाफ है ये मत भूलिए
00:12आपने राहूल गांधी को सुना तो चलिए बातचीत को शुरू करते हैं
00:16हमारे साथ आज इस चर्चा में भाग लेने के लिए दो खास महमान जूड रहे हैं
00:20हमारे साथ भार्कियंता पार्टी के नेता रामकुमारपाल जी जॉइन कर रहे हैं
00:25सबसे पहले कोशिक जी के पास ही चलते हैं कोशिक जी इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट सब पढ़ चुके हैं देश
00:33में आकाफी हला हो रहा है उस पर
00:35आपके हिसाब से क्या चुनाव आयोग खास कर मुक चुनाव आयोग किसी भी तरह से उनकी निश्पक्षता पर सवाल उठाना
00:44सही है
00:45क्या सच में वो सत्ताधारी दल से बंद कमरे के पीछे आपचारिक रूप से परदे के पीछे कोई गट जोड
00:52करके बैठे हुए हैं
00:55देखे निश्चित तोर पर चुनाव आयोग के जो कुछ मुद्धे हैं वो संबहे के घेरे में हैं
01:04उन पर सवाल उठाए जानी चाहीं नहीं लेकिन उससे पहले पहले अपना शुद्धी करनभी बहुत जरूदी है
01:13बई राउल गांदी जी ने प्रेस कांफरेंस कर दी राउल गांदी जी ने धंकी दे दी चुनावाइस को
01:19क्या हो जाएगा इससे किस देश में हैं आप ये एक लोगतांत्रिक पक्रिया वाला देश है
01:26लोगतामत्रिक देश हैं, यहाँ पर आप किस तरह की भाषा का इस्तमाल कर रहे हैं, कि राज द्रोहो और ये
01:32वो धंकिया दे रहे हैं, भई SIR का मुद्दा हम पहले ले ले लेते हैं, पार्टी ने कहा इस से
01:40पहले EVM का मुद्दा हमारी पार्टी लेकर आई, कॉंगरेस पार
01:56लोक तंत्र में हम इसका विरोध कैसे करें devenir आद ज़ आए, जब हम जीत जाते हैं तो EVM करती
02:03है, जब हम हार जाते हैं तो एम में गड़वड है तो बहतर ये है कि इसका विरोध करने का
02:10तक तहरीक है ये है कि हम कुछ राज्यों में चुनाव का वाइशकार कर दें,
02:13हम चुनाव ही ना लड़े लेकिन नहीं सिर्फ उंगली उठानी है विरोध करना है और जब कुछ करने की बारी
02:23आए तो भाग जाना है आपका कैसी तरीके से एसाईयार की पर किरिया आपका कहना है कि चुनाव का वहिश्कार
02:30करेंगे तभी इस पर गंभीर बहस हो पाएगी ब
02:43तो इस तरफ तो राहूल गांदी कभी जीती ही नहीं सकते फिर वो क्यों इसे देश के अंदर अपनी पार्टी
02:49के द्वारा ये दावा करते हैं कि जी हम सकता ना आएंगे भाई भूल जाओ अगर EVM सेट है तो
02:54पहली विजय जी आए विएम पर बात होती ही है उस पर सवाल �
02:59रहते हैं आज हम SIR का मुद्दा SIR का जो पर्मुख मुद्दा है इसमें सरसे बड़ा मुद्दा ये है कि
03:07भी मान दीजे जिन लोगों की वोट कट रही है उनको पूरा टाइम दिया जाता है तो हमने राहूल गांदी
03:13जी से कहा कि देश वर के कॉंग्रेस कारे करताओं की ज
03:29चलिए विजे जी लेकिन आज का जो मुद्दा है जिस पर आज पूरा देश बात कर रहा है वो है
03:37इंडेन एक्स्प्रेस की रिपोर्ट इस रिपोर्ट में और कुछ क्या है मैं अपने दर्शकों को बता देता हूं फिर आम
03:42मरपाल जी के पास चलेंगे जैसा कि मैं शुरू
03:57चुनाव आयोग के फैसलों पर आपत्ती दर्शकी है किन फैसलों पर नए वोटर जोडने नाम हटाने बहाल करने के फैसलों
04:05पर उन्होंने सवाल उठाए है एसके लावा इनका एक और गंभीर सवाल है जो काफी चिंता जनक है हर देश
04:23वासी को इस पर सोचने की जरूरत है
04:26राजनितिक दलों को भी उनका कहना है कि वोटर डेटाबेस जो है उसमें राज के अपसरों की पहुच ही नहीं
04:33है जादा वो पूरी तरह दिल्ली में केंद्री करन कर दिया गया है उसका उसकी सारी पहुच वोटर डेटाबेस पर
04:39दिल्ली के अधिकारियों की ही है राज के �
04:42अधिकारियों की कर्मचारियों की उस पर बहुत ज़्यदा पहुच नहीं है ये भी दो चुनावायोक तो ने अपनी आपत्ती में
04:49कहा है ये सारी बाते कही है इसके रावा वोटर सॉफ्ट बेर और आईटी सिस्टम को लेकर भी इन्हों ने
04:55कैबनेट सची से शिकायत की है इस
05:12मिशानी होती है कि लोकतंद कितना ताकतवर है किसी भी देश का हम रांकमार पाल जी के पास चलेंगे विजे
05:17कोशिक जी आपके पास भी आएंगे लेकिन उससे पहले मैं ममताब एनरजी का बयान सुनाना चाहूंगा इस रिपोर्ट के आने
05:25के बाद उन्होंने जो कुछ कहा
05:26है क्योंकि अभी हाल ही में सबसे आखरी में जो चुना हुआ था पशिमंगाल में हुआ था जहां पर टीमसी
05:33की 15 साल की सत्ता चली गई थी ममताब एनरजी क्या कुछ कह रही है वो आप सुनिए
05:37हम को एरिस्ट कीजिए देश आपको नहीं चाहते जनता नहीं चाहते आप जो मर्जी कर सकते है लेकिन आपको एलेक्शन
05:50कमिशन माना नहीं जाएगा जब तक आपको कुर्सी में रहेगा आपका किलाब में अंदलों जाड़ी रहेगा हम लोग ओल पार्टी
06:02इंक्लूडिं �
06:02पर्टी इंडियन आलाइम्स ओल आन। टोगथर पोड़ इस बैटल आपका खिलाब में हम लोगो ने इंपिटमें नोटीज दिया लेकिन मनोश्पीकार
06:15ने अराओ नहीं यह रिजट कर दिया हम कर दिया हम कर दिया हम लोगो ने अंदेट आपको एट पीज़
06:20नटीज दे�
06:32करने का ज़रू रहत है होट स्टेट के होट स्टेट को जतना वोटर है जिसका पास शक्ति है हमारा इधार
06:41में तो सबको पिटता है पूलिस जाके एमेल को कहता है आगर आप बीजे पिना
06:50तो आपने सुना पशिमंगाल की पूर्व मुख्य मंतरी ममता बनर जी किस तरह से मुख्य चुनाव आयूग ज्यानिश कुमार पर
06:56हमला बोल रही हैं वो कह रही है कि सारे विपक्ष के दल चेत्रिय दलों को मिला कर एकजुप होंगे
07:01और इनके खिलाफ कारवाई की मांग करें
07:04के रामकुमार पाल जी के पाश चलते हैं बाटोंकी सात्ताधारी दल है केंद्र का भाजपा ही और तमाम राजव में
07:11भाजपा की सत्ता है
07:12रामकुर पाल जी अगर चुनाव आयोग के अंदर ही दो चुनाव आयोग को दर्किनार किया जा रहा है बड़े बड़े
07:20फैसलों में उनकी बातें नहीं मानी जा रही है
07:21तो हम कैसे मालने कि चुनाव आयोग जो भी फैसला लेता है चुनाव के दोरान या आम तोर पर वो
07:27फैसले निश्पक्ष होते हैं ये तो एक तरह से एक तरफा फैसले ही दिख रहे हैं इसमें लोग तंतर कहा
07:33है अगर विपक्ष का अविश्वास बढ़ रहा है चुनाव आयो
07:51ले सकते हैं तीन चुनाव आयोक्त हैं दो का बहुमत होना जरूरी है कोई भी फैसला लेने से पहले
08:12कि आधिकार के सेम है और आज भी ही उनका जवाब भी आया है चुनाव प्रेस में कि हमारे मद्भेद
08:20थे लेकिन जो भी
08:21निजने लेगे सब मिलकर लिए गए तो ये भी बात उन्होंने कही है और अभी आपने कलकत्ता की बात बताई
08:29बंगाल की तो बंगाल में आपको याद होगा चुना हुआ था तो चुनाओं में नहीं चुना आयुक्त पर किसी ने
08:38भरोसा किया और नाही सरकार पर वहाँ पर ज
08:42जुडिसरी लगी थी कोई याद होगा कि जजेश को न्यूपती हुई थी वह जजेश के किड्नैपिंग हुई थी आपको याद
08:49होगा उनके उनके उप्जरवेशन में वह चुना हुआ है वहाँ पर सरकार भी सस्पेक्ट में थी और चुनाओं भी था
08:57इस कदर और ममता बन
08:59परिठी कोट में गई, सब जगागे, उन्होंने कहां कौन सा दर्वाजा छोड़ा, चुणाओं अएक को भारत की किसी सुप्रीम कोट
09:09में कोई दान्डित किया, कि ऐन में अपने हैं कि हाट में ले लिया, वैभबoug जी, अपने लोगों को लिक
09:15किया, पूरे कलकता की जिला,
09:17करण के आईगोट के आईगोट को पुरा दिकार में लेकर काम हुआ तो एक तरपा नहीं है लगिए बहुत जरूरी
09:26है।
09:27और किसी वैद नागरिक का पात्र नागरिक का ओट कठना भी नहीं चाहिए और गैर जो नहीं गैर वाधी मद
09:34भी कठने चाहिए तो यह सुदूती करने एक समिधानिक संस्ता है शिर्फ काली समिधान की बुक लेने से काम नहीं
09:42होगा और आपने दिखाया राउल गांदी का प
09:57सवाल यह था कि अगर इतना कुछ चुनावायोग के अंदर हो रहा है दस महिने में 14 बार आपत्ति दर्ज
10:03करवाई जा रही है दो चुनावायोग के द्वारा विपक्ष का अविश्वास तो चुनावायोग पर काफी पहले से ही बढ़ता जा
10:10रहा है ऐसे में हम कैसे मालने क
10:13कि जो भी चुनाव होता है वो पूरी तरह से निश्पक्ष होता है चुनावायोग अभी एसायर क्या हो रहा है
10:21आप यह को मानते हैं कि कोई भी चुनाव होता है तो जब तक चुनावायोग पर विपक्ष और सत्तापक्ष दोनों
10:29का भरोसा नहीं रहेगा तब तक बात कहा �
10:32बनेगी तर आपको पढ़ना चाहिए पुरेशी चुनाव आयुक थे उन्होंने लिखा था मनमों सिंका अत्मत्या करना चाह रहे था इतना
10:39प्रेशर था पुरेशी की बुक पढ़ लेना वह जो चुनाव आयुक थे और दूसरी बात चुनाव आयुक थी लिश्ट बनाता
10:47है �
10:47तो इस पर सारी राजनेतिक पाटी इवन वाजिपा भी उसके चुनाव लेगी तो अधिकार तो उनको दिया गया है ना
10:52उनसे उपर सुप्रेम कोट है अधिकार उनको दिया है और अगर राहुल गादी ने इतना खर्चा करकर सब डिजिटल जो
11:00बाते रखी थी उस बातों क
11:03को एफी दिवीड देखकर कोट में डालने को का तकलित थी नहीं जाएंगे वोड की बात नहीं करेंगे आँ उसमें
11:12होता क्या है कि आप भी मुझ पर केस करोगे तो
11:14रफनामा दोगे इसमें कोई गलत है तो मैं इसका पातर हूं महीं जवाबदारी नहीं लेना जूटी जूटी बाते करना जूट
11:22का मंच पहलाना है तो यह नहीं चलता है यह देश समझदार हो चुका है अभी जूट की पंचाइद तो
11:28कर रहे हैं उसके अंत सारे अपने
11:38पर आपको बताना चाहूंगी कि पुरों में इतने स्कूल कॉलेज थे कांगरेशियों के तो सब बात बात में बात उठाते
11:50हैं कि मोधी जी के जनम पे दिया जला उसमें तेल जल गया तो सहाब जो टेंट अलगता है डेंट
11:56दोडो कोड का वो क्या है
11:57टाउल गंधी की पंचायत में तेल लगता है और दुसरी बात अगर ये दो दो जो कमिस्टर इनको लग रहा
12:05है कि इनके साथ बहुत गलत हो रहा हो इनको रिजाइन दे देना चाहिए गानेस कुमार का रिजाइन मांगना चाहिए
12:11गलत है
12:13हम नहीं कहते हैं कि यो दोनों जूट मोल रहे हैं और आज लूंका प्रेस्वी नोट भी आई है कि
12:19हमारे बीच मद्भेत थे लेकिन हमारे निर्ने कंसेंसस से वे यह भी जूट है यह तो जूट नहीं है और
12:26निर्ने तीनों के सामोईक होने चाहिए तीनों के एकमत से होना चा
12:42उनके वीडियो भी दिखा देते हैं मैं चाहूंगा सबसे पहले दिखाया जाए तेस्वी आदो का वीडियो क्योंकि बंगाल से पहले
12:49बड़ा चुना हुआ था बिहार में जहां NDA को बड़ी जीत मिली थी तेस्वी आदो ने पूरे चुनाओ को खारिच
12:56कर दिया है कहा है कि �
12:57वो चुनाओ फर्जी थे उस चुनाओ में धोखा धड़ी हुई थी विपक्ष को जान बूच कर हरवाया गया था सुनिए
13:03RGD के नेता और विदान सबा में नेता प्रत्पक्ष तेस्वी आदो क्या कुछ कह रहे हैं
13:24तो आपने सुना तेस्वी आदो को चलते हैं विजय कौशिक जी के पास
13:31आपसे भी मेरा वही सवाल होगा तेस्वी आदो जो कुछ कह रहे हैं चुनाओ आयोग पर जिस तरह से सवाल
13:36उट रहे हैं
13:37उन सवालों पर चर्चा हो रही है विपक्ष का कोई भिनेताज मुझे ऐसा नहीं दिख रहा है जिसके मन में
13:43या जिसकी बातों में अब चुनावायोग को लेकर कड़वाहट बढ़ी नहों सब गुस्सा है सब को लग रहा है कि
13:50इस पूरे खेल में उनके साथ न्याय नहीं हो �
13:54यह जो चुनाव होता है वो फियर एलेक्षन नहीं होते हैं उनमें सत्ता पक्ष का परड़ा भारी होता है क्यों
14:00कि चुनावायोग उनके साथ होता है उनके हर फैसलों को चुनावायोग लागू कर देता है वो जैसा चाहते हैं जिस
14:06तारीक में चुनाव करवना चाहते हैं �
14:08जितने चर्ण में चुनाव कर्माना चाहते हैं, अपने हिसाब से अलग अलग इलाकों में, सब चुनाव आयुक करके दे देता
14:13है, ग्यानेश कुमार सत्ता पक्ष के हिसाब से ही चल रहे हैं, ये आविश्वास और अतीत के जो दो-तीन
14:20चुनाव हुए हैं, उन्हें खारिच क
14:21करना, इसे आप कैसे देख रहे हैं, विपक्ष के बयान को, पहली बात ये, कि चुनाव आयुक की भूमिका को
14:29लेकर, कॉंग्रिस सरकार के समय में भी, सर, सर, अतीत में नहीं जाते हैं, वर्तमान के सवालों का वर्तमान सही
14:37जवाब दोने ही कोशिश करते हैं, नहीं, नहीं
14:42आरोप लगना इक अलग बात है, उस आरोप को लेकर ड्रामा करना इक अलग बात है, विजय कोशिक जी, चुनाव
14:50आयोग ने ये नहीं कहा है, कि उनके बीच में मद्भेत नहीं थे, उन्होंने भी स्वाविकार किया है, हां मद्भेत
14:55थे, पहले मेरी बात पूले, जी, बिल
15:11आरो, चाहिए अब रिष्टी कौन से लोगतंत्र के रिष्टी कौन से संब्भ है, नहीं है, पहली बात, दूसरी बात, बतमान
15:21चौट सरकार के बाद में है, यह सरकार की कटपुतली है, कोई शक नहीं है, इस सब चीजों में, लेकिन
15:28उसको लेकर, उसकी क्या होनी चाहिए,
15:34बीचे इस पर चाहिए, यह एक तरफ जो हम यह कहलें कि चनाव आई तुकड़बर है, तो बही सरकार से
15:42हम मांग कर रहे हैं, सरकार से लेकिता हमें कोशना करनी चाहिए, कि हम सुप्रीम कोर्ट में जाएंगे इसके खिलाब,
15:47और जाना चाहिए, लेकिन अगर हम सुप्रीम क
16:02अठा रहे हैं, लेकिन चेवल वो परचार तक्सीमित हैं मुद्दे, इसलिए उन मुद्दों पर कोई कारवाई नहीं होती, अब मान
16:09लीजिए, कौक रोच जन्द पार्टी, जन्द पार्टी, जन्द परदान के सिकार को करना पड़ाना पस्तिपा, ना चाहते होगी, ऐसी
16:21राहुल गांदी जी अगर भू करताल करें, आपना नहीं करें, कि अभी ग्यानेश को तो जो है कल ही अटाओ,
16:28और उनके खिलाब जिए इक्वाईरी बिठाओ, तो मैं देखता हूं कि सिकार कैसे नहीं करेगी, लेकिन अगर हमारे और सही
16:36दल मान लीजिए ममता बेनर्जी है
16:38या तेजस्वी आदव हैं, या मान लीजिए मुलायन सिंग के पुत्र अखिले शाड़ अगर केवाल जुवानी जमाखर्च से काम चलाते
16:47रहे, तो ग्यानेश कुमार जी आगे भी मनमानी करेंगे, मोदी जी आगे भी मनमानी करेंगे, ये सिलसला दुने वाला नहीं
16:56है, आ
17:08प्याता है, ऱ लिएлы आपड़ मनमानी करेंगे, ये पूल चायता है, ये सिलसला है, वाला ज वाला प्याता है, शुिक
17:16मतली आख़ोंखर्च से कड़ से से ऑनला आपक, जलसे हैं, अागे ये बाहे जा?

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