00:0044 साल बाद भारत ने रचा इतिहास भारत की बेटियों ने जीता गोल्ड
00:30भारत में महिला जिमनास्टिक्स में जाए तो तुरंत उसको बोलेंगे कुलक्षिनी, कुल्टा, बेसरम, टांगे खोल करके कूद रही है
00:37तुम्हें कहां से पदक मिल जाएंगे, आधे पदक तो महिलाओं के भरोसे हैं
00:40लड़की है तो दहेज के लिए जितना देना होगत दे देंगे
00:43यही वो बोलते हैं खेलने के लिए चाहिए
00:46खेलोगे कुदोगे तो होगे खराब
00:49अब पढ़ोगे लिखोगे तो बनोगे नवाब
00:51कुछ नहीं देंगे उसको
00:53खेल सिर्फ कोई
00:55दोड़ना भागना थोड़ी होता है
00:57वो आपको एक भेतर इंसान बनाता है
00:59और यह शरीर जो बना ही है
01:01महनत करने के लिए जो आप इसे महनत नहीं कराते
01:03तो शरीर ही नहीं दिमाग भी बेकार हो जाता है
01:06हम उनको पकड़े रहना चाहते हैं
01:08सांस्कृतिक गौरव के नाम पर
01:09और जब तक सांस्कृतिक गौरव के नाम पर
01:11तुम संस्कृति की गलतियों को भी नहीं छोड़ोगे
01:15तब तक भूल जाओ कि कोई तरक्की होने वाली है