00:21आप लोगों को ताज्यूब क्यों हो जाता है जब ऐसी कोई घटना सामने आती है मुझे इस बात का ताज्यूब
00:28है
00:30तीन चीजें हैं पहली कुछ पुरुष हैं जो महिला के शरीर पर चड़ बैठना चाहते हैं
00:42यह आपको अपनी दिन्दगी पहली बार पता चल रहा है कि एक इंसान दूसरे के शरीर पर अपने
00:52स्तातकालिक प्लेजर के लिए कबजा कर लेना चाहता है दूसरे के शरीर को वो तोड़ने मरोड़ने को भी तयार हो
00:58जाता है यह पहली बार तो नहीं पता चल रहा है
01:02दूसरा केस आ गया यह जो है कॉर्परेट मिस गवर्नेंस का केस है यह आप पहली बार देख रहे हो
01:09क्या कि कॉर्पोरेशन में किसी का शोशन भी हो रहा है पर फिर भी वो वहां पर काम कर रही
01:17जा रहा है कर रही जा रहा है यह पहली बार देखा है यह जो यहां पर लोग �
01:30तो देखनी रहे हो कि corporations के अंदर employees का शोशन हो रहा है चाहे वो male हो चाहे female
01:36हो पर employee फिर भी वहाँ रुका हुआ है कोई खुल करके ना आवाज उठा रहा है ना विद्रो कर
01:41रहा है और तीसरी आपने सवाल में पूछी ने मीडिया में इस मामले का वही पक्ष चाया हुआ है व
02:00इसमें sexual conversion के लिए भी दबाव डाला गया है और अफसोस जताया जा रहा है कि अरे फलाने की
02:06तादाद बढ़ रही है हमारी संख्या कम हो रही है ये सब तो आये दिन अखबारों में रहता है तो
02:11इसमें नई चीज क्या हो रही है religion का अर्थ बरबाद कर दिया गया है मजहब क
02:19मतलब तादाद कर दिया गया है ये कोई नई बात है तो ताज्यों किस बात का है बड़ी बड़ी कमपनियों
02:27के भीतर भी जबरदस तरीके के घोटाले चल रहे हैं केरियर कोई जिन्दगी मान लिया गया है इसलिए आपका शोशन
02:37भी हो रहा हो तो भी आप उसी नौकरी में
02:39बसे रहते हैं ये सब आपने पहली बार देखाए गया कमपनियों में भी जो लोग जाते हैं हमारे घरों और
02:45हमारे समाज से उठकर के जाते हैं जो घरों में समाज में संसकार में चल रहा है वो कॉर्पोरेशन दे
02:52भी तो चलेगा ही चलेगा ना